बाड़मेर: बेटे को डिग्गी से निकालने उतरी मां, दोनों की डूबने से मौत, तीन घंटे चला रेस्क्यू राजस्थान के बाड़मेर जिले में रविवार को एक मासूम बच्चा खेलते समय खेत की डिग्गी में जा गिरा और उसे बचाने के लिए कूदी उसकी मां भी गहरे पानी में डूब गई। करीब तीन घंटे के बचाव अभियान के बाद दोनों के शव बाहर निकाले गए। खेल में बिगड़ा संतुलन, डिग्गी में समा गया मासूम राजस्थान के बाड़मेर जिले के सदर थाना क्षेत्र में स्थित बानो की बेरी दूध गांव में रविवार का दिन किसी के लिए भी सामान्य नहीं रहा। गांव के एक खेत के पास खेल रहे मासूम बच्चे का अचानक संतुलन बिगड़ा और वह वहीं बनी डिग्गी में जा गिरा। पानी बेहद गहरा था और बच्चे को तैरना नहीं आता था। बेटे को बचाने मां ने लगाई जान की बाजी बच्चे को पानी में गिरते देखकर उसकी मां ने एक पल भी नहीं सोचा। अपनी जान की परवाह किए बिना वह भी तुरंत डिग्गी में कूद पड़ीं, ताकि किसी तरह बेटे को बाहर खींच सकें। लेकिन डिग्गी की गहराई उनके लिए भी काल बन गई। तैरना न आने की वजह से मां खुद भी गहरे पानी में फंसती चली गईं और दोनों बाहर नहीं निकल सके। तीन घंटे तक जारी रहा बचाव अभियान हादसे की खबर मिलते ही पूरे गांव में हड़कंप मच गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए और दोनों को बचाने की कोशिशें शुरू हो गईं। सदर थाना पुलिस और सिविल डिफेंस की टीम को भी सूचना मिली और वे जल्दी ही मौके पर पहुंच गईं। स्थानीय लोगों की मदद से बचाव अभियान शुरू हुआ, पर डिग्गी की अधिक गहराई और अंदर भरे पानी की अधिक मात्रा की वजह से राहतकर्मियों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। करीब तीन घंटे की अनवरत मशक्कत के बाद मां और बेटे दोनों के शव डिग्गी से बाहर निकाले जा सके। धोरीमन्ना अस्पताल में होगा पोस्टमार्टम शवों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद दोनों के शव धोरीमन्ना अस्पताल की मोर्चरी में रखवाए गए हैं, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। शोक में डूबा पूरा गांव इस दर्दनाक घटना के बाद गांव में गहरे मातम का माहौल है। परिजन बिलखते हुए अपने दुख को संभाल नहीं पा रहे और गांव के बाकी लोग भी इस खबर से सदमे में हैं। ग्रामीणों का कहना है कि मां ने आखिरी पल तक अपने बेटे को बचाने की कोशिश की, पर किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इसका आप पर असर • भारत में: यह हादसा ग्रामीण इलाकों में खेतों की खुली और असुरक्षित डिग्गियों से बच्चों को होने वाले खतरे की ओर ध्यान खींचता है; किसानों को अपनी डिग्गियों के चारों ओर घेराबंदी या ढक्कन लगाना जरूरी है। • बाड़मेर में: स्थानीय प्रशासन और किसानों को अपने खेतों की डिग्गियों के पास तत्काल सुरक्षा उपाय करने की जरूरत है ताकि भविष्य में ऐसी दुखद दुर्घटनाएं न हों। सवाल-जवाब 1. यह हादसा कहां हुआ? यह हादसा राजस्थान के बाड़मेर जिले के सदर थाना क्षेत्र के बानो की बेरी दूध गांव में हुआ। 2. बच्चा डिग्गी में कैसे गिरा? बच्चा खेत के पास खेल रहा था, तभी उसका संतुलन बिगड़ा और वह पास में बनी डिग्गी में जा गिरा। 3. मां ने क्या किया और क्या हुआ? बेटे को पानी में गिरते देखकर मां ने बिना देर किए डिग्गी में छलांग लगा दी, लेकिन गहरे पानी और तैरना न आने की वजह से वह भी नहीं बच सकीं। 4. रेस्क्यू ऑपरेशन कितने समय तक चला? सदर थाना पुलिस और सिविल डिफेंस की टीम द्वारा चलाया गया बचाव अभियान करीब तीन घंटे तक चला। 5. शवों को कहां रखा गया है? दोनों शवों को पहले अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित किया, फिर पोस्टमार्टम के लिए धोरीमन्ना अस्पताल की मोर्चरी में रखा गया। 6. पुलिस ने क्या कार्रवाई की? सदर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। https://trendkia.com/rajasthan/barmer-bete-ko-diggi-se-nikalane-utari-man-donon-ki-dubane-se-mauta-tina-ghnte-chala-reskyu-2198 TrendKia — Har trend, sabse pehle.