भीलवाड़ा में खाद्य सुरक्षा विभाग का कड़ा एक्शन, त्योहारी सीजन में नष्ट हुआ एक्सपायरी सामान भीलवाड़ा में दीपावली से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक्सपायरी कुरकुरे, नमकीन, तेल और मिर्च पाउडर को नष्ट करवाया है। अजमेर की लैब में सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। दीपावली के इस पावन पर्व पर बाजारों में ग्राहकों की भारी भीड़ उमड़ रही है और लोग जमकर खरीदारी कर रहे हैं। हालांकि, इस फेस्टिव सीजन में कुछ दुकानदार मुनाफा कमाने के चक्कर में ग्राहकों की सेहत के साथ बड़ा खिलवाड़ कर रहे हैं। ऐसे ही मामलों पर लगाम लगाने के लिए राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है और लगातार छापेमारी की जा रही है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने हाल ही में बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए भारी मात्रा में अवधिपार और घटिया खाद्य सामग्री को ज़ब्त किया है, जिसे मौके पर ही नष्ट कर दिया गया ताकि वह जनता तक न पहुंच सके। भीलवाड़ा शहर में मिले एक हजार एक्सपायरी पैकेट भीलवाड़ा शहर के व्यस्त इलाकों में शुमार 100 फीट रोड पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने अरिहंत सेल्स एंड एंटरप्राइजेज पर छापा मारा जहां भारी अनियमितताएं पाई गईं। दुकान के भीतर जांच करने पर अधिकारियों को लगभग एक हजार पैकेट एक्सपायरी कुरकुरे और बालाजी नमकीन बरामद हुए। त्योहारी सीजन के दौरान इन पैकेटों की बड़े पैमाने पर बिक्री की तैयारी थी, लेकिन समय रहते विभाग ने इन्हें पकड़ लिया और मौके पर ही बुलडोजर या अन्य तरीकों से नष्ट करवा दिया। इसके साथ ही, हरिहर एजेंसी से ताजमहल चायपत्ती और गोपाल रतलामी नमकीन के सैंपल भी लिए गए ताकि उनकी गुणवत्ता की असलियत का पता लगाया जा सके। गुलाबपुरा में भी हुई कार्रवाई, तेल और मिर्च पाउडर नष्ट शहर के अलावा जिले के अन्य इलाकों में भी प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय रहा है। गुलाबपुरा कस्बे में खाद्य सुरक्षा विभाग की एक अन्य टीम ने नायता किराणा स्टोर पर अपनी जांच केंद्रित की। इस दुकान पर हुई छानबीन के दौरान अधिकारियों के हाथ चार सौ लीटर अवधिपार खाद्य तेल और तीस किलो मिर्च पाउडर लगा, जो पूरी तरह से खराब हो चुका था और मानव उपभोग के लिए असुरक्षित था। टीम ने बिना किसी देरी के इस सारे दूषित सामान को मौके पर ही नष्ट करवा दिया। इसके अलावा, विभाग ने आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए हल्दी और कृष्णा डेयरी घी के नमूने भी सुरक्षित रख लिए हैं। अजमेर की प्रयोगशाला में होगी सैंपलों की जांच भीलवाड़ा और गुलाबपुरा की इन दोनों प्रमुख दुकानों से विभाग की टीमों ने विभिन्न खाद्य पदार्थों के कुल कई नमूने एकत्र किए हैं। इन सभी सीलबंद सैंपलों को विस्तृत विश्लेषण और गुणवत्ता परीक्षण के लिए अजमेर स्थित आधिकारिक प्रयोगशाला में भेजा जा रहा है। प्रयोगशाला से जब जांच रिपोर्ट सामने आएगी, उसके आधार पर संबंधित दुकानदारों और संचालकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का साफ कहना है कि त्योहारों की आड़ में लोगों की सेहत के साथ खेलने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और आगे भी इस तरह के अभियान जारी रहेंगे। त्योहारी खरीदारी करते वक्त इन बातों का रखें विशेष ध्यान प्रशासन और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने आम जनता से अपील की है कि वे बाजार से कोई भी खाद्य वस्तु खरीदते वक्त बेहद सतर्क रहें। पैकेट बंद चीजें उठाते समय उसकी मैन्युफैक्चरिंग डेट और एक्सपायरी डेट को बहुत बारीकी से जांच लें। डिब्बे या पैकेट की सील टूटी हुई नहीं होनी चाहिए और उसकी ओवरऑल क्वालिटी व लेबलिंग की भी जांच करना आवश्यक है। यदि किसी भी खाद्य पदार्थ की शुद्धता या गुणवत्ता को लेकर थोड़ा सा भी संदेह पैदा हो, तो उसे खरीदने से पूरी तरह बचें। थोड़ी सी सावधानी आपको और आपके परिवार को त्योहारी खुशियों के बीच किसी भी बड़ी स्वास्थ्य समस्या से सुरक्षित रख सकती है। इसका आप पर असर भीलवाड़ा में खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई से त्योहारी सीजन में मिलावटी और एक्सपायरी सामान बेचने वाले दुकानदारों में हड़कंप मच गया है। • भीलवाड़ा में: स्थानीय नागरिकों और खरीदारों को अब त्योहारी खरीदारी करते समय सामान की गुणवत्ता और एक्सपायरी डेट को लेकर अतिरिक्त सावधानी बरतनी होगी। • भारत में: देश भर के उपभोक्ताओं को त्योहारों के दौरान खुले या पैकेट बंद खाद्य पदार्थों को खरीदते समय उनकी सील और लेबल की बारिकी से जांच करनी चाहिए। • स्वास्थ्य सुरक्षा: दूषित और अवधिपार खाद्य सामग्री के सेवन से होने वाले फूड पॉइजनिंग और पेट से जुड़ी गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है। • प्रशासनिक निगरानी: जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की ऐसी सख्त कार्रवाइयों से मिलावटखोरों पर नकेल कसती है और बाजार में गुणवत्ता में सुधार होता है। • दुकानदारों की जिम्मेदारी: सभी व्यापारियों और किराना दुकानदारों को कड़ा संदेश मिलता है कि वे अपनी दुकानों पर केवल ताजा और वैध सामान ही बेचें। ऐसा क्यों हुआ दीपावली जैसे बड़े त्योहारों के दौरान बाजार में मिठाइयों, स्नैक्स और अन्य खाद्य पदार्थों की मांग अचानक कई गुना बढ़ जाती है। इसी मांग का फायदा उठाने के लिए कुछ बेईमान व्यापारी पुराना और एक्सपायरी स्टॉक बाजार में खपाने की कोशिश करते हैं। • मांग और आपूर्ति: त्योहारी सीजन में अचानक बढ़ने वाली भारी मांग के कारण कई बार पुराना स्टॉक बिना बिके दुकानों पर पड़ा रहता है जिसे दुकानदार खपाना चाहते हैं। • प्रशासनिक सतर्कता: जिला कलेक्टर के निर्देशों के बाद स्वास्थ्य विभाग और खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने विशेष टीमों का गठन कर औचक निरीक्षण शुरू किए। • जनस्वास्थ्य सुरक्षा: त्योहारी रौनक के बीच आम जनता को दूषित खाद्य पदार्थों के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए प्रशासन ने यह सख्त कदम उठाया है। • नियमित जांच प्रक्रिया: गड़बड़ी मिलने पर भविष्य की कानूनी कार्रवाई के आधार के रूप में लैब जांच के लिए सैंपल भेजने का प्रावधान है। सवाल-जवाब 1. भीलवाड़ा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने किन जगहों पर कार्रवाई की? खाद्य सुरक्षा विभाग ने भीलवाड़ा शहर के 100 फीट रोड और गुलाबपुरा में छापेमारी की। 2. भीलवाड़ा शहर में कौन सी दुकान पर एक्सपायरी सामान मिला? शहर के 100 फीट रोड स्थित अरिहंत सेल्स एंड एंटरप्राइजेज पर करीब एक हजार पैकेट एक्सपायरी कुरकुरे और नमकीन मिले। 3. गुलाबपुरा में क्या सामग्री बरामद हुई? गुलाबपुरा के नायता किराणा स्टोर पर चार सौ लीटर अवधिपार खाद्य तेल और तीस किलो मिर्च पाउडर बरामद किया गया। 4. जब्त किए गए नमूनों को जांच के लिए कहां भेजा गया है? सभी खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए अजमेर स्थित प्रयोगशाला में भेजे गए हैं। 5. यह पूरी कार्रवाई किसके निर्देश पर की गई? यह कार्रवाई जिला कलेक्टर जसमीत सिंह संधू के निर्देश और सीएमएचओ डॉ. संजीव कुमार शर्मा की अगुवाई में की गई। https://trendkia.com/rajasthan/bhilwara-mein-food-safety-department-ka-crackdown-expired-items-destroy-50503 TrendKia — Har trend, sabse pehle.