दौसा के सिकराय में बाजरे के खेत से पकड़ा गया 12 फीट लंबा अजगर, ग्रामीणों को मिली राहत दौसा जिले के घूमना गांव में बांध के पास बाजरे की कटाई के दौरान करीब 12 फीट लंबा और 40 किलो वजनी अजगर मिलने से अफरा-तफरी मच गई, जिसे वन विभाग की टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू किया। राजस्थान के दौसा जिले में सिकराय उपखंड स्थित घूमना गांव के एक खेत में उस समय हड़कंप मच गया, जब वहां फसल कटाई के दौरान एक विशालकाय अजगर दिखाई दिया। बांध के पास स्थित इस बाजरे के खेत में काम चल रहा था, तभी करीब 12 फीट लंबे अजगर की मौजूदगी का पता चला। यह खबर जैसे ही आसपास के इलाकों में फैली, भारी तादाद में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए और खेत के पास लोगों का भारी मजमा लग गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग को खबर दी गई, जिसके बाद अजगर को सुरक्षित पकड़ लिया गया और कोई अप्रिय घटना नहीं घटी। फसल कटाई के दौरान महिला मजदूर की चीख से मची भगदड़ घूमना गांव के इस खेत में कुछ मजदूर रोजाना की तरह बाजरे की पकी फसल काटने का काम कर रहे थे। कटाई का काम जारी था कि अचानक एक महिला मजदूर की निगाह वहां फसल के बीच छिपे विशालकाय अजगर पर पड़ गई। सामने इतना विशाल सांप देखकर महिला बुरी तरह सहम गई और घबराहट में जोर-जोर से चिल्लाने लगी। उसकी चीख-पुकार सुनकर खेत में मौजूद दूसरे मजदूरों के होश उड़ गए और वहां अचानक अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मजदूरों ने तुरंत बिना वक्त गंवाए बस्ती के अन्य लोगों को इस खतरे की सूचना दी, जिसके बाद देखते ही देखते वहां ग्रामीणों का तांता लग गया। दो दिनों से खेत में था डेरा, दहशत में कटी रात गांव के लोगों के अनुसार यह विशालकाय अजगर पिछले दो दिनों से इसी खेत के भीतर छिपा हुआ था। दिन ढलने और पूरी रात बीत जाने के बाद भी जब वह बाहर नहीं निकला, तो इलाके के किसानों और मजदूरों में डर लगातार बढ़ता गया। खेत में आने-जाने वाले मजदूरों की जान जोखिम में देखकर ग्रामीणों ने इस मामले की जानकारी तुरंत स्थानीय वन विभाग के दफ्तर को दी। जानकारी पहुंचते ही वन विभाग का दस्ता हरकत में आ गया और बिना किसी देरी के अजगर को पकड़ने की तैयारी शुरू कर दी गई। वन विभाग का रेस्क्यू ऑपरेशन और 40 किलो का अजगर मामले की सूचना मिलने के बाद वनरक्षक महेंद्र अपनी टीम के साथ तुरंत घूमना गांव पहुंचे और रेस्क्यू का काम अपने हाथ में लिया। वन कर्मियों ने पूरी सावधानी और सूझबूझ का परिचय देते हुए घेराबंदी की और कुछ ही देर में इस विशाल अजगर को सुरक्षित तरीके से अपने कब्जे में ले लिया। रेस्क्यू के बाद सामने आया कि इस अजगर की कुल लंबाई लगभग 12 फीट थी और इसका वजन 40 किलोग्राम से भी ज्यादा आंका गया। इतने भारी-भरकम अजगर के सुरक्षित पकड़े जाने के बाद मजदूरों और ग्रामीणों ने चैन की सांस ली और एक बड़ा खतरा टल गया। इसका आप पर असर खेतों में बड़े वन्यजीवों की मौजूदगी के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करना और वन विभाग को तुरंत सूचित करना जानमाल के नुकसान से बचा सकता है। • भारत में: ग्रामीण और कृषि क्षेत्रों में कटाई के समय अक्सर सरीसृप फसलों के बीच शरण लेते हैं। ऐसे में किसानों और मजदूरों को सघन फसलों के बीच काम करते समय अतिरिक्त सतर्कता बरतनी चाहिए। • दौसा में: सिकराय और आसपास के जलस्रोतों के पास स्थित खेतों में काम करने वाले किसान अब बिना किसी डर के अपनी कटाई जारी रख सकते हैं। ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि किसी भी संदिग्ध वन्यजीव के दिखने पर स्वयं पकड़ने के बजाय सीधे वन अमले से संपर्क करें। • कामकाज पर असर: अजगर के पकड़े जाने से दो दिन से रुका हुआ बाजरा कटाई का काम दोबारा सामान्य गति से शुरू हो गया है। मजदूरों के बीच फैला डर खत्म होने से दैनिक कृषि गतिविधियां सुचारू हो गई हैं। • आपातकालीन कदम: भारी-भरकम अजगर या सांप दिखाई देने पर भीड़ लगाने के बजाय सुरक्षित दूरी बनाए रखना ही सही कदम है। तुरंत स्थानीय वन विभाग को सूचना देकर इलाके की घेराबंदी करने से हादसा टल जाता है। ऐसा क्यों हुआ बांध के निकट स्थित बाजरे के खेत में नमी और घनी फसल होने के कारण विशालकाय अजगर ने वहां अपना सुरक्षित ठिकाना बना लिया था। फसल कटाई शुरू होने पर इंसानी दखल बढ़ने से उसकी मौजूदगी उजागर हो गई। • प्राकृतिक आवास और नमी: घूमना गांव का यह खेत एक स्थानीय बांध के नजदीक स्थित है। जलस्रोतों के आसपास नमी और शिकार की तलाश में सरीसृप अक्सर घनी बाजरे की फसलों में छिप जाते हैं। • फसल कटाई का मौसम: खेत में खड़ी बाजरे की फसल घनी थी, जिससे अजगर पिछले दो दिनों से बिना दिखे वहां छिपा रहा। जब महिला मजदूर ने उसी हिस्से में कटाई शुरू की, तब जाकर अजगर अचानक दिखाई पड़ा। • वन विभाग का दखल: जब दो दिनों तक अजगर वहीं डटा रहा और खेत से बाहर नहीं निकला, तो ग्रामीणों ने खतरे को भांपते हुए वन अधिकारियों को बुलाया। वनरक्षक महेंद्र और उनकी टीम ने समय रहते मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू पूरा किया। सवाल-जवाब 1. यह अजगर किस जगह और किस खेत में देखा गया था? यह अजगर राजस्थान के दौसा जिले में सिकराय उपखंड स्थित घूमना गांव में एक बांध के पास बाजरे के खेत में देखा गया था। 2. अजगर की लंबाई और वजन कितना बताया गया है? पकड़े गए अजगर की लंबाई लगभग 12 फीट थी और इसका वजन 40 किलोग्राम से अधिक था। 3. अजगर पर सबसे पहले किसकी नजर पड़ी थी? बाजरे की फसल काट रही एक महिला मजदूर की नजर अचानक खेत में छिपे इस विशाल अजगर पर पड़ी थी। 4. अजगर खेत में कितने समय से मौजूद था? ग्रामीणों के अनुसार यह अजगर पिछले दो दिनों से उसी खेत में मौजूद था। 5. रेस्क्यू अभियान की अगुवाई किसने की? सूचना मिलने पर वनरक्षक महेंद्र अपनी टीम के साथ पहुंचे और अजगर का सुरक्षित रेस्क्यू किया। https://trendkia.com/rajasthan/dausa-ke-sikrai-men-bajare-ke-kheta-se-pakara-gaya-12-phita-lnba-ajagara-graminon-ko-mili-rahata-42340 TrendKia — Har trend, sabse pehle.