मानसून में सब्जियां जल्दी सड़ने से बचाना है तो अपनाएं ये स्टोरेज तरीके बारिश के मौसम में बढ़ी नमी से टमाटर, पत्तेदार सब्जियां, भिंडी, बैंगन और आलू-प्याज जल्दी खराब होने लगते हैं, सही तरीके से रखकर इन्हें कई दिन ज्यादा ताजा बनाए रखा जा सकता है। मानसून के दौरान हवा में घुली नमी सिर्फ मौसम को उमस भरा नहीं बनाती, बल्कि रसोई में रखी सब्जियों की उम्र भी घटा देती है। बाजार से लाई ताजा सब्जी अगर सही तरीके से न रखी जाए तो एक-दो दिन में ही मुरझाने या सड़ने लगती है। टमाटर, हरी पत्तेदार सब्जियां, भिंडी, बैंगन, खीरा और शिमला मिर्च जैसी चीजें नमी के सीधे संपर्क में आते ही जल्दी नरम पड़ जाती हैं, इसलिए बारिश के मौसम में सब्जी खरीदते वक्त उसकी ताजगी परखना और घर लाकर सही ढंग से रखना दोनों ही जरूरी हो जाते हैं। पालक, मेथी और धनिया जैसी पत्तेदार सब्जियों में ये गलती न करें बारिश के दिनों में सबसे ज्यादा नुकसान हरी पत्तेदार सब्जियों को होता है। पालक, मेथी, धनिया और सरसों के पत्तों पर अगर पहले से बारिश का पानी या नमी चिपकी हो, तो वे कुछ ही घंटों में गलना शुरू कर देते हैं। इसलिए घर लाते ही सबसे पहला काम यह करें कि खराब या मुरझाई हुई पत्तियां अलग निकाल दें, फिर बाकी बची पत्तियों पर मौजूद अतिरिक्त नमी को साफ सूती कपड़े या पेपर टॉवल से हल्के हाथों पोंछकर सुखा लें। इस स्टेप को छोड़कर अगर सब्जी को सीधे प्लास्टिक की थैली में बंद कर दिया जाए, तो अंदर जमा भाप ही उसे जल्दी खराब कर देती है। भिंडी, फली और शिमला मिर्च को नमी से कैसे बचाएं भिंडी, हरी फलियां और शिमला मिर्च भी उमस भरे मौसम में जल्दी खराब होने लगती हैं। भिंडी की सतह पर चिपचिपापन आना या फलियों पर काले धब्बे दिखना इस बात का साफ संकेत है कि सब्जी सड़नी शुरू हो चुकी है। इनसे बचने के लिए एक आसान तरीका यह है कि इन्हें फ्रिज या डिब्बे में रखने से पहले धोएं ही नहीं, बल्कि पकाने से ठीक पहले धोएं। साथ ही इन्हें पूरी तरह सूखे कंटेनर में या ऐसे बैग में रखें जिसमें छोटे-छोटे छेद हों, ताकि अंदर हवा का आना-जाना बना रहे और नमी इकट्ठा होकर सब्जी को गलाने न पाए। टमाटर और बैंगन खरीदते वक्त बरतें ये सावधानी टमाटर और बैंगन को भी बारिश के मौसम में बड़ी सावधानी से हैंडल करना पड़ता है, क्योंकि इनमें चोट लगे या कटे हुए हिस्से से सड़न बेहद तेजी से फैलती है। इसीलिए बाजार से खरीदते समय ऐसे टमाटर या बैंगन लेने से बचें जो बहुत नरम पड़ चुके हों, दबे हुए हों या जिन पर दाग-धब्बे दिख रहे हों। टमाटर को ज्यादा दिन रखकर उसके ओवररिप होने का इंतजार करने के बजाय समय रहते इस्तेमाल कर लेना बेहतर रहता है, वहीं बैंगन को भी लंबे समय तक स्टोर करने की कोशिश करने के बजाय जल्द से जल्द पकाने में इस्तेमाल कर लेना चाहिए। आलू-प्याज को फ्रिज की जगह टोकरी में क्यों रखें आलू और प्याज के मामले में सबसे बड़ी गलती इन्हें नमी वाली जगह या बंद प्लास्टिक बैग में रख देना है। ऐसा करने पर इनमें फफूंद लगने, सड़ने या समय से पहले अंकुर फूटने की समस्या शुरू हो जाती है। बारिश के मौसम में इन्हें सूखी और हवादार जगह पर रखना जरूरी है। इसके लिए फ्रिज का इस्तेमाल करने के बजाय जालीदार टोकरी या ऐसे डिब्बे का सहारा लेना बेहतर विकल्प है, जहां हवा लगातार आती-जाती रहे और अंदर पानी या भाप जमा होने की कोई गुंजाइश न बचे। सब्जियां हफ्तों तक ताजा रखने का सबसे आसान फॉर्मूला अगर सब्जियों को ज्यादा दिनों तक ताजा बनाए रखना है तो एक बुनियादी नियम हमेशा याद रखें, घर लाने के तुरंत बाद बिना जरूरत सब्जी को धोकर गीली हालत में बंद डिब्बे या थैली में न डालें। साथ ही जिस भी सब्जी में सड़न या खराबी का जरा भी संकेत दिखे, उसे तुरंत बाकी सब्जियों से अलग कर दें, क्योंकि एक खराब सब्जी अपने आसपास रखी बाकी सब्जियों को भी तेजी से खराब कर सकती है। बारिश के मौसम में एक साथ ज्यादा सब्जी खरीदने के बजाय जरूरत भर की मात्रा में खरीदारी करना, उन्हें सूखा रखना और जल्द से जल्द इस्तेमाल कर लेना ही सबसे भरोसेमंद तरीका है। इसका आप पर असर बारिश के मौसम में सही स्टोरेज अपनाने से घर का साप्ताहिक सब्जी खर्च और बार-बार खराब सब्जी फेंकने की मजबूरी दोनों कम हो सकती हैं। • घर के बजट पर असर: सब्जियां जल्दी सड़ने से हर हफ्ते पैसा बर्बाद होता है। सही तरीके से रखने पर वही सब्जियां ज्यादा दिन चलेंगी और बार-बार खरीदारी पर खर्च घटेगा। • पत्तेदार सब्जियां खरीदने वालों के लिए: पालक, मेथी, धनिया बिना सुखाए रखने पर कुछ ही घंटों में गल सकती हैं। घर लाते ही पत्तियां पोंछकर सुखाने की आदत डालने से ये सब्जियां कई दिन ज्यादा टिकेंगी। • खरीदारी की आदत बदलें: मानसून में एक साथ हफ्ते भर की सब्जी खरीदना नुकसानदेह हो सकता है। जरूरत भर मात्रा में सब्जी खरीदने से खराब होने का खतरा कम रहेगा। • सेहत से जुड़ा पहलू: सड़ी या फफूंद लगी सब्जी अनजाने में खाने से पेट खराब होने का खतरा रहता है। खरीदते वक्त दाग-धब्बे या नरम हिस्सों की जांच से यह जोखिम टाला जा सकता है। • आलू-प्याज रखने वालों के लिए: फ्रिज या बंद बैग में रखने पर आलू-प्याज में जल्दी अंकुर फूट सकते हैं। टोकरी या जालीदार डिब्बे में रखने से यह ज्यादा दिन इस्तेमाल लायक बने रहेंगे। सवाल-जवाब 1. बारिश के मौसम में कौन सी सब्जियां सबसे जल्दी खराब होती हैं? टमाटर, हरी पत्तेदार सब्जियां, भिंडी, बैंगन, खीरा और शिमला मिर्च नमी के कारण सबसे जल्दी नरम पड़ती या सड़ती हैं। 2. पालक, मेथी जैसी पत्तेदार सब्जियों को घर लाकर सबसे पहले क्या करना चाहिए? सबसे पहले खराब पत्तियां अलग करें और बाकी पत्तियों की नमी साफ कपड़े या पेपर टॉवल से पोंछकर सुखा लें। 3. भिंडी में खराबी का संकेत क्या है? भिंडी की सतह पर चिपचिपापन आना यह दिखाता है कि वह सड़नी शुरू हो गई है। 4. सब्जियां रखने से पहले धो लेनी चाहिए या नहीं? नहीं, सब्जियों को स्टोर करने से पहले धोने के बजाय इस्तेमाल के ठीक पहले धोना बेहतर रहता है, क्योंकि गीली सब्जी जल्दी सड़ती है। 5. आलू-प्याज को फ्रिज में रखना चाहिए क्या? नहीं, आलू-प्याज को फ्रिज की बजाय सूखी, हवादार टोकरी या जालीदार डिब्बे में रखना बेहतर है ताकि फफूंद या अंकुर न निकले। 6. एक खराब सब्जी को बाकी सब्जियों के साथ रखने से क्या होता है? खराब या सड़ी सब्जी आसपास रखी बाकी सब्जियों को भी जल्दी खराब कर सकती है, इसलिए उसे तुरंत अलग कर देना चाहिए। https://trendkia.com/rajasthan/manasuna-men-sabjiyan-jaldi-sarane-se-bachana-hai-to-apanaen-ye-storeja-tarike-28531 TrendKia — Har trend, sabse pehle.