राजस्थान के सरकारी अस्पतालों में विंटर समय सारिणी प्रभावी, सुबह 9 बजे से शुरू होगी ओपीडी राजस्थान के सरकारी चिकित्सा संस्थानों में 1 अक्टूबर से विंटर ओपीडी व्यवस्था प्रभावी कर दी गई है, जिसके तहत नियमित ओपीडी सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक संचालित होगी। एसएमएस अस्पताल सहित सभी स्तर के अस्पतालों में यह नया शिड्यूल 31 मार्च 2027 तक लागू रहेगा। राजस्थान के सभी सरकारी चिकित्सा संस्थानों में मौसम के बदलाव के साथ स्वास्थ्य सेवाओं के दैनिक समय में संशोधन किया गया है। 1 अक्टूबर से राज्य भर के सरकारी अस्पतालों में विंटर ओपीडी शिड्यूल प्रभावी कर दिया गया है। जयपुर स्थित एसएमएस अस्पताल सहित प्रदेश के तमाम चिकित्सालयों में अब आने वाले मरीजों को इसी नई समय सारिणी के मुताबिक चिकित्सीय परामर्श और उपचार की सुविधा मुहैया कराई जाएगी। सामान्य कार्य दिवसों के दौरान ओपीडी सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक क्रियान्वित रहेगी। पूर्व व्यवस्था में सामान्य दिनों की ओपीडी सुबह 8 बजे से आरंभ होती थी, जिसमें अब विंटर शिड्यूल के तहत शुरुआती समय को एक घंटा आगे बढ़ाया गया है। रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया और विभिन्न स्तर के अस्पतालों पर असर संशोधित नियमों के अनुसार अस्पतालों में परामर्श पर्ची बनवाने के लिए मरीजों के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया सुबह 8:30 बजे से शुरू कर दी जाएगी। रजिस्ट्रेशन काउंटर खुलने के आधे घंटे बाद यानी ठीक सुबह 9 बजे से संबंधित कक्षों में चिकित्सक उपलब्ध रहेंगे और दोपहर 3 बजे तक लगातार मरीजों की जांच करेंगे। यह संशोधित व्यवस्था राजस्थान के संपूर्ण सरकारी स्वास्थ्य ढांचे में समान रूप से लागू की गई है। इसमें मेडिकल कॉलेज से संबद्ध बड़े शिक्षण अस्पतालों के अलावा जिला अस्पताल, उप-जिला अस्पताल, सैटेलाइट अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) स्तर तक के सभी चिकित्सा संस्थान शामिल हैं। रविवार और राजकीय अवकाश के दिन दो घंटे का विशेष संचालन विंटर ओपीडी के इस नए ढांचे में अवकाश के दिनों में भी बुनियादी परामर्श सेवाएं चालू रखने का प्रावधान किया गया है। रविवार तथा घोषित राजकीय अवकाश के दिनों में भी ओपीडी सेवाएं पूरी तरह बंद नहीं रहेंगी, बल्कि सीमित अवधि के लिए उपलब्ध कराई जाएंगी। इन दिनों में ओपीडी सुबह 9 बजे से सुबह 11 बजे तक यानी कुल दो घंटे की अवधि के लिए संचालित होगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पताल प्रशासनों, अधीक्षकों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं कि वे विंटर समय सारिणी के मुताबिक अपने संस्थानों में व्यवस्थाएं सुदृढ़ करें। प्रबंधन को डॉक्टरों की समय पर उपस्थिति, रजिस्ट्रेशन खिड़कियों का सुचारू संचालन और दवाओं के वितरण काउंटर का तालमेल सुनिश्चित करने को कहा गया है। मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी व्यवस्था चिकित्सा विभाग द्वारा तय की गई यह विंटर ओपीडी व्यवस्था 1 अक्टूबर 2026 से लेकर 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी। छह महीने की इस पूरी अवधि के समाप्त होने के पश्चात ग्रीष्मकालीन व्यवस्था के तहत ओपीडी समय में पुनः फेरबदल किया जाएगा। जयपुर के सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल में रोजाना राज्य के कोने-कोने से हजारों की तादाद में मरीज और उनके तीमारदार पहुंचते हैं। ऐसे में सुबह के समय जल्दी आकर कतार में लगने वाले लोगों को अपनी यात्रा और अस्पताल पहुंचने की योजना नए समय के हिसाब से बनानी होगी, ताकि उन्हें अनावश्यक इंतजार न करना पड़े। मरीजों की सुविधा के लिए सूचना और जागरूकता के निर्देश अस्पताल परिसरों में मरीजों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने प्रचार-प्रसार के विशेष निर्देश दिए हैं। प्रशासन को आदेश दिया गया है कि ओपीडी के नए समय, रजिस्ट्रेशन खुलने के वक्त और अवकाश कालीन समय का विवरण अस्पताल के मुख्य द्वारों, रजिस्ट्रेशन काउंटरों और प्रतीक्षा कक्षों जैसे प्रमुख स्थानों पर बड़े सूचना पट्टों के जरिए प्रदर्शित किया जाए। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ग्रामीण और दूरदराज से आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो और स्वास्थ्य सेवाएं सुचारू रूप से संचालित होती रहें। इसका आप पर असर राजस्थान के सरकारी चिकित्सालयों में इलाज कराने वाले आम नागरिकों के दैनिक अस्पताल दौरे का समय अब बदल जाएगा। • राजस्थान में: सरकारी अस्पतालों में ओपीडी का समय अब सुबह 8 बजे की जगह सुबह 9 बजे से शुरू होगा, जबकि पर्ची काउंटर सुबह 8:30 बजे खुलेंगे। यदि आप जयपुर के एसएमएस अस्पताल या किसी भी सरकारी केंद्र पर परामर्श के लिए जा रहे हैं, तो सुबह बहुत जल्दी पहुंचने से बचें ताकि अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े। • अवकाश और रविवार को: रविवार तथा सरकारी छुट्टियों के दौरान केवल दो घंटे, सुबह 9 बजे से 11 बजे तक ही ओपीडी खुली रहेगी। छुट्टी के दिन डॉक्टर को दिखाने वाले मरीजों को निर्धारित दो घंटे के भीतर ही अस्पताल पहुंचना होगा। • समय सीमा और वैधता: यह नया नियम 1 अक्टूबर 2026 से लागू होकर 31 मार्च 2027 तक जारी रहेगा। मरीज और उनके परिजन अगले छह महीने तक इसी तय समय के अनुसार अपने अस्पताल दौरे की योजना बनाएं। • अस्पताल स्तर की सुविधा: पीएचसी और सीएचसी से लेकर मेडिकल कॉलेजों तक हर सरकारी केंद्र पर यह समय लागू होगा। ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों के मरीजों को भी स्थानीय केंद्रों पर 9 से 3 बजे के बीच ही ओपीडी सेवाएं मिलेंगी। ऐसा क्यों हुआ सर्दियों के मौसम की शुरुआत के साथ स्वास्थ्य विभाग द्वारा वार्षिक आधार पर कार्य समय में समायोजन किया जाता है। • मौसमी बदलाव और व्यवस्था: सर्दी के आगमन के साथ सुबह के समय ठंड और धुंध बढ़ जाती है, जिसके चलते स्वास्थ्य विभाग हर साल 1 अक्टूबर से विंटर शिड्यूल प्रभावी करता है। इस बदलाव से सुबह जल्दी आने वाले मरीजों और चिकित्सकों दोनों को अनुकूल समय उपलब्ध कराया जाता है। • वार्षिक प्रशासनिक परंपरा: राजस्थान के सरकारी चिकित्सा संस्थानों में ग्रीष्मकालीन और शीतकालीन ओपीडी के अलग-अलग समय तय करने की स्थापित व्यवस्था है। गर्मियों में सुबह 8 बजे से चलने वाली ओपीडी को सर्दियों में एक घंटे आगे बढ़ाकर 9 बजे किया जाता है। • मार्च तक का चक्र: मौसम की स्थिति को ध्यान में रखते हुए यह शीतकालीन समय 31 मार्च तक लागू रखा जाता है, जिसके बाद अप्रैल से पुनः ग्रीष्मकालीन समय सारिणी लागू की जाती है। सवाल-जवाब 1. राजस्थान के सरकारी अस्पतालों में नया ओपीडी समय क्या है? सामान्य दिनों में ओपीडी सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक संचालित होगी, जबकि पहले यह सुबह 8 बजे शुरू होती थी। 2. अस्पतालों में मरीजों का रजिस्ट्रेशन किस समय शुरू होगा? मरीजों के पंजीकरण की प्रक्रिया सुबह 8:30 बजे से शुरू की जाएगी। 3. रविवार और सरकारी अवकाश के दिनों में ओपीडी की क्या टाइमिंग रहेगी? रविवार और राजकीय अवकाश के दिनों में ओपीडी सुबह 9 बजे से 11 बजे तक, यानी कुल दो घंटे के लिए खुली रहेगी। 4. यह विंटर ओपीडी शिड्यूल कब तक लागू रहेगा? यह विंटर शिड्यूल 1 अक्टूबर 2026 से लेकर 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगा। 5. यह नया समय किन-किन अस्पतालों पर लागू होगा? यह व्यवस्था मेडिकल कॉलेज से जुड़े अस्पतालों, जिला और उप-जिला अस्पतालों, सैटेलाइट अस्पतालों, सीएचसी और पीएचसी सहित सभी सरकारी चिकित्सा संस्थानों में लागू होगी। https://trendkia.com/rajasthan/rajasthan-ke-sarakari-aspatalon-men-vintara-samaya-sarini-prabhavi-subaha-9-baje-se-shuru-hogi-opd-40943 TrendKia — Har trend, sabse pehle.