राजस्थान में निकाय चुनाव 2026 के लिए नामांकन शुरू, जयपुर और बूंदी में बढ़ी चुनावी हलचल राजस्थान के नगर निकाय चुनाव 2026 के तहत जयपुर और बूंदी में नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, जबकि राज्य भर से अपराध, भूमि विवाद और दुर्घटनाओं से जुड़ी प्रमुख खबरें भी सामने आई हैं। राजस्थान में नगरीय निकाय आम चुनाव 2026 के लिए नामांकन का कार्य 27 अगस्त से औपचारिक रूप से शुरू हो चुका है। राज्य के विभिन्न हिस्सों में प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह सक्रिय हो गई है। जयपुर और बूंदी जिलों में वार्ड पार्षद पदों के लिए उम्मीदवारों की दावेदारी शुरू होने से स्थानीय स्तर पर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसके साथ ही राज्य के अलग-अलग जिलों से कई अन्य महत्वपूर्ण घटनाएं भी सामने आई हैं, जिनमें जयपुर के प्रसिद्ध जलमहल में एक युवक के कूदने के बाद चला रेस्क्यू अभियान, चंदवाजी स्थित निम्स यूनिवर्सिटी के बाहर छात्र की संदिग्ध मौत, दौसा में सावन के समापन पर नीलकंठ महादेव मंदिर में उमड़ी भारी भीड़ और सिरोही की क्षेत्रपाल कॉलोनी में ओसीएफ जमीन पर अवैध कब्जे के खिलाफ हाईकोर्ट में दायर याचिका शामिल हैं। जयपुर जिले की 19 निकायों में 28 लाख से अधिक मतदाता, 150 वार्डों के लिए 15 केंद्र जयपुर जिले की 19 नगर निकायों के लिए चुनाव प्रक्रिया काफी बड़े पैमाने पर संचालित की जा रही है। प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जयपुर जिले की कुल 19 निकायों में कुल मतदाताओं की संख्या 28 लाख 25 हजार 46 है। इस कुल मतदाता सूची का वर्गीकरण किया जाए तो इसमें 14 लाख 63 हजार 1 पुरुष मतदाता, 13 लाख 61 हजार 949 महिला मतदाता और 96 ट्रांसजेंडर मतदाता नामांकित हैं। यह विशाल जनसांख्यिकी जिले में होने वाले चुनाव के व्यापक प्रभाव को दर्शाती है। विशेष रूप से जयपुर नगर निगम के आंकड़ों पर नजर डालें तो यहाँ कुल 24 लाख 33 हजार 121 मतदाता पंजीकृत हैं। जयपुर नगर निगम के मतदाता समूह में 12 लाख 61 हजार 380 पुरुष मतदाता, 11 लाख 71 हजार 649 महिला मतदाता तथा 92 ट्रांसजेंडर मतदाता शामिल हैं। नगर निगम के कुल 150 वार्डों में चुनावी प्रक्रिया को सुचारू बनाने के लिए प्रशासन ने 27 अगस्त से 31 अगस्त तक नामांकन पत्र स्वीकार करने की समयावधि तय की है। नामांकन प्रक्रिया को सुगम बनाने के उद्देश्य से कुल 15 नामांकन केंद्र स्थापित किए गए हैं। वार्डवार निर्धारण व्यवस्था के तहत प्रत्येक नामांकन केंद्र पर 10 वार्डों के प्रत्याशी अपना पर्चा दाखिल कर सकेंगे, जिससे केंद्रों पर अत्यधिक भीड़ एकत्र न हो। बूंदी जिले की आठ निकायों में नामांकन प्रक्रिया शुरू जयपुर के साथ-साथ बूंदी जिले में भी नगर निकाय चुनाव 2026 को लेकर चुनावी गतिविधियां रफ्तार पकड़ चुकी हैं। बूंदी जिले की कुल आठ नगर निकायों में वार्ड पार्षद पदों के लिए उम्मीदवारों का नामांकन पत्र दाखिल करने का कार्य आज से प्रारंभ हो गया है। स्थानीय जिला प्रशासन की ओर से नामांकन प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से पूरा करने के लिए तमाम प्रशासनिक तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई थीं। बूंदी नगर परिषद के अंतर्गत चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों के लिए नामांकन पत्र जमा करने हेतु उपखंड कार्यालय तथा सहायक कलेक्टर कार्यालय को अधिकृत स्थल बनाया गया है। उम्मीदवार निर्धारित सरकारी प्रक्रिया और नियमों का पालन करते हुए अपने पर्चे दाखिल करेंगे। नामांकन शुरू होने के साथ ही राजनीतिक दलों के अधिकृत प्रत्याशियों के साथ-साथ निर्दलीय उम्मीदवार भी चुनावी समर में उतरने लगे हैं, जिससे बूंदी के स्थानीय बाजारों और वार्डों में जनसंपर्क अभियान तेज होने की संभावना है। जयपुर के जलमहल में देर रात युवक के कूदने से सनसनी, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी जयपुर की प्रसिद्ध जलमहल झील से एक बेहद चिंताजनक घटना सामने आई है, जहाँ देर रात एक अज्ञात युवक के झील में छलांग लगाने की सूचना मिलने के बाद हड़कंप मच गया। झील के पास मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों ने रात करीब 10:15 बजे स्थानीय पुलिस को घटना की तुरंत जानकारी दी। घटना की सूचना मिलते ही ब्रह्मपुरी थाना पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुँची। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (SDRF) और सिविल डिफेंस की रेस्क्यू टीमों को तुरंत राहत कार्य के लिए बुलाया गया। प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पजामा और टी-शर्ट पहने हुए एक युवक ने अचानक जलमहल झील के गहरे पानी में छलांग लगा दी। कुछ चश्मदीदों ने रात के अंधेरे में पानी की सतह पर युवक के हाथ लहराते हुए देखने का दावा भी किया। इसके बाद रेस्क्यू टीमों ने नावों और आधुनिक संसाधनों के सहयोग से झील में व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू किया। करीब तीन घंटे तक चले इस तलाशी अभियान के बावजूद रात 1:00 बजे तक युवक का कोई पता नहीं चल सका। अत्यधिक अंधेरा होने के कारण रात में ऑपरेशन रोकना पड़ा, जिसे सुबह दोबारा शुरू करने की योजना बनाई गई है। निम्स यूनिवर्सिटी चंदवाजी के छात्र की मौत और दौसा में सावन का भक्तिमय माहौल जयपुर ग्रामीण के चंदवाजी थाना क्षेत्र में स्थित निम्स यूनिवर्सिटी से जुड़ी एक दुखद खबर सामने आई है। यूनिवर्सिटी परिसर के बाहर स्थित एक निजी हॉस्टल में एक छात्र का शव फंदे से लटका हुआ पाया गया। घटना की सूचना मिलते ही चंदवाजी थाना पुलिस मौके पर पहुँची और स्थिति का मुआयना करने के बाद शव को अपने कब्जे में लेकर अस्पताल की मोर्चरी में भिजवाया। मृतक छात्र की पहचान मोहित के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश का निवासी बताया जा रहा है। पुलिस ने मामले की गहन जाँच शुरू कर दी है और हॉस्टल में रहने वाले अन्य छात्रों तथा कर्मचारियों से पूछताछ की जा रही है ताकि आत्महत्या के कारणों का पता लगाया जा सके। दूसरी ओर, दौसा जिले के प्रसिद्ध देवगिरी पर्वत पर स्थित नीलकंठ महादेव मंदिर में सावन महीने के समापन से ठीक पहले श्रद्धालुओं की अपार भीड़ देखने को मिल रही है। सावन के पवित्र माह के अंतिम दिनों में भगवान शिव के दर्शन के लिए दूर-दूर से भक्त मंदिर पहुँच रहे हैं। श्रद्धालु भगवान नीलकंठ महादेव का जल और दूध से अभिषेक कर विशेष पूजा-अर्चना कर रहे हैं। मंदिर प्रशासन और स्थानीय श्रद्धालुओं द्वारा मंदिर परिसर में खीर प्रसादी का भव्य आयोजन किया जा रहा है, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया है। सिरोही की क्षेत्रपाल कॉलोनी में ओसीएफ जमीन पर कब्जे का मामला हाईकोर्ट पहुँचा सिरोही जिले से एक बड़ा प्रशासनिक और कानूनी मामला सामने आया है। सिरोही की क्षेत्रपाल कॉलोनी में स्थित ओसीएफ जमीन पर कथित अवैध कब्जे के खिलाफ स्थानीय निवासियों ने अब राजस्थान हाईकोर्ट का रुख किया है। कॉलोनी के निवासियों का आरोप है कि भू-माफिया द्वारा सरकारी और सामुदायिक जमीन पर कब्जा जमाया जा रहा है, और स्थानीय प्रशासन से बार-बार शिकायतें करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। हाईकोर्ट में दायर याचिका में ओसीएफ जमीन से तुरंत अवैध अतिक्रमण हटाने की मांग की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, अदालत द्वारा जल्द ही नगर परिषद आयुक्त और जिला कलेक्टर को नोटिस जारी किए जाने की संभावना है। निवासियों का गंभीर आरोप है कि भू-माफिया को प्रशासनिक अधिकारियों का संरक्षण प्राप्त है। सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम के तहत प्राप्त दस्तावेजों के आधार पर निवासियों ने आरोप लगाया है कि जाँच प्रक्रिया को भटकाने के लिए मिलीभगत की गई है। अब सभी की निगाहें हाईकोर्ट में होने वाली आगामी सुनवाई पर टिकी हैं। इसका आप पर असर राजस्थान के विभिन्न जिलों में जारी प्रशासनिक, चुनावी और कानूनी हलचल से आम नागरिकों और स्थानीय मतदाताओं पर सीधा प्रभाव पड़ेगा। • जयपुर में मतदाताओं के लिए: जिले की 19 नगर निकायों के 28,25,046 नामांकित मतदाता 27 से 31 अगस्त तक होने वाली नामांकन प्रक्रिया के बाद अपने वार्ड प्रत्याशियों की अंतिम सूची देख सकेंगे। वोटिंग से पहले मतदाता अपने संबंधित वार्ड केंद्रों पर वोटर लिस्ट का सत्यापन कर सकते हैं। • जयपुर में उम्मीदवारों के लिए: नगर निगम के 150 वार्डों के प्रत्याशी निर्धारित 15 नामांकन केंद्रों पर जाकर अपना नामांकन पत्र दाखिल कर सकते हैं। प्रत्येक केंद्र पर 10 वार्डों की व्यवस्था की गई है, जहाँ 31 अगस्त अंतिम तिथि है। • बूंदी में स्थानीय निवासियों के लिए: जिले की 8 निकायों में वार्ड पार्षद पद हेतु नामांकन शुरू होने से चुनावी गतिविधियाँ तेज होंगी। नागरिक अपने वार्डों के उम्मीदवारों की घोषणा और विकास के मुद्दों पर सीधी नजर रख सकते हैं। • सिरोही में क्षेत्रपाल कॉलोनीवासियों के लिए: ओसीएफ जमीन पर अवैध कब्जे के खिलाफ हाईकोर्ट में दायर याचिका से स्थानीय निवासियों को राहत मिलने की उम्मीद है। प्रशासनिक अधिकारियों और नगर परिषद को नोटिस जारी होने से भू-माफिया पर सख्त कार्रवाई का रास्ता साफ हो सकता है। सवाल-जवाब 1. जयपुर में नगर निकाय चुनाव 2026 के लिए नामांकन कब से कब तक दाखिल किए जा सकते हैं? जयपुर नगर निगम के 150 वार्डों के लिए उम्मीदवार 27 अगस्त से 31 अगस्त 2026 तक अपने नामांकन पत्र दाखिल कर सकते हैं। 2. जयपुर जिले और नगर निगम में कुल कितने मतदाता पंजीकृत हैं? जयपुर जिले की 19 निकायों में कुल 28,25,046 मतदाता हैं, जबकि अकेले जयपुर नगर निगम क्षेत्र में कुल 24,33,121 मतदाता पंजीकृत हैं। 3. जयपुर में नामांकन के लिए कुल कितने केंद्र बनाए गए हैं? प्रशासन ने जयपुर में कुल 15 नामांकन केंद्र स्थापित किए हैं, जहाँ प्रत्येक केंद्र पर 10 वार्डों के प्रत्याशियों के पर्चे जमा किए जाएँगे। 4. बूंदी जिले में कितनी नगर निकायों के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई है? बूंदी जिले की कुल आठ नगर निकायों में वार्ड पार्षद पदों के लिए नामांकन प्रक्रिया 27 अगस्त से शुरू हो चुकी है। 5. सिरोही की क्षेत्रपाल कॉलोनी का मामला हाईकोर्ट क्यों पहुँचा? क्षेत्रपाल कॉलोनी में ओसीएफ जमीन पर कथित अवैध कब्जे को हटाने के लिए प्रशासन द्वारा कार्रवाई न करने पर निवासियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। https://trendkia.com/rajasthan/rajasthan-men-nikaya-chunava-2026-ke-lie-namankana-shuru-jaipur-aura-bundi-men-barhi-chunavi-halachala-22827 TrendKia — Har trend, sabse pehle.