उदयपुर के मनवाखेड़ा में बिजली का तार गिरने से डेढ़ बीघा ज्वार की तैयार फसल जली उदयपुर के मनवाखेड़ा में शॉर्ट सर्किट के बाद बिजली का तार टूटने से भग्गा डांगी और मदन डांगी की डेढ़ बीघा खड़ी ज्वार जलकर राख हो गई। किसान नेता विष्णु पटेल ने विद्युत विभाग की लापरवाही पर सवाल उठाते हुए मुआवजे की मांग की है। उदयपुर के समीपवर्ती मनवाखेड़ा गांव में सुबह के समय बिजली का तार टूटने से एक दर्दनाक हादसा हो गया। खेत के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइन में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिसके बाद तार टूटकर सीधे खेत में जा गिरा। तार से निकली चिंगारियों ने सूखी और पकी हुई फसल को तुरंत पकड़ लिया, जिससे भग्गा डांगी और मदन डांगी की डेढ़ बीघा में खड़ी ज्वार की पूरी फसल जलकर खाक हो गई। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस अग्निकांड में कोई व्यक्ति हताहत नहीं हुआ। चिंगारी से भड़की आग और चंद मिनटों में नष्ट हुई फसल यह घटना तड़के उस वक्त हुई जब खेत में ज्वार की फसल पूरी तरह पककर कटाई के लिए तैयार खड़ी थी। शॉर्ट सर्किट के जोरदार धमाके के साथ जैसे ही बिजली का तार नीचे गिरा, सूखी पत्तियों और बालियों ने तुरंत आग पकड़ ली। हवा और सूखेपन की वजह से लपटें इतनी तेजी से फैलीं कि आसपास मौजूद किसानों को संभलने या आग बुझाने का कोई अवसर ही नहीं मिल पाया। देखते ही देखते करीब डेढ़ बीघा क्षेत्र में लहलहाती फसल राख के ढेर में तब्दील हो गई। महीनों की मेहनत और लागत पर फिरा पानी पीड़ित किसान भग्गा डांगी और मदन डांगी ने इस फसल को तैयार करने के लिए महीनों तक दिन-रात पसीना बहाया था। खाद, बीज, सिंचाई और जुताई पर काफी पूंजी लगाई गई थी। फसल की अच्छी स्थिति देखकर दोनों किसानों को बेहतर पैदावार और उससे मिलने वाले मुनाफे की पूरी आस थी। लेकिन बिजली के तार से लगी आग ने उनकी पूरी कमाई और उम्मीदों को एक झटके में खत्म कर दिया। फसल नष्ट होने से न केवल उनकी आजीविका पर संकट आ गया है, बल्कि खेती पर हुआ पूरा निवेश भी डूब गया है। विद्युत विभाग की लापरवाही पर सवाल और मुआवजे की मांग हादसे की सूचना मिलने के बाद किसान नेता विष्णु पटेल ने घटनास्थल का जायजा लिया और विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल खड़े किए। उन्होंने इस पूरे प्रकरण को विभागीय लापरवाही का नतीजा करार देते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है। विष्णु पटेल ने स्पष्ट कहा कि खेतों के ऊपर से गुजरने वाले जर्जर और ढीले तारों के टूटने से अक्सर किसानों की खड़ी फसलों को भारी नुकसान झेलना पड़ता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि ऐसे मामलों में अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही तय की जानी चाहिए ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों की पुनरावृत्ति न हो। किसान नेता ने प्रशासन और बिजली विभाग से मांग की है कि प्रभावित किसानों के नुकसान का तुरंत आकलन कर उन्हें उचित आर्थिक मुआवजा प्रदान किया जाए, ताकि संकट में घिरे किसान परिवारों को संबल मिल सके। इसका आप पर असर खेतों के ऊपर से गुजरने वाली बिजली लाइनों के टूटने और शॉर्ट सर्किट से किसानों की पूरी आजीविका और तैयार फसल पर सीधा संकट आ जाता है। • भारत में: ग्रामीण और कृषि क्षेत्रों में झूलते हुए तथा अनमुरम्मत बिजली के तारों से फसलों में आग लगने का खतरा लगातार बना रहता है। इससे प्रभावित किसानों को अपनी खड़ी फसल गंवाने के साथ-साथ गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ता है। • उदयपुर में: मनवाखेड़ा और आसपास के ग्रामीण इलाकों में बिजली तारों के रखरखाव को लेकर किसानों की चिंताएं बढ़ गई हैं। पीड़ित किसान परिवारों को अब प्रशासन और विद्युत विभाग से तुरंत नुकसान का आकलन कर राहत राशि जारी होने की उम्मीद है। • किसानों के लिए: पककर तैयार फसलों में किसी भी चिंगारी से आग बहुत तेजी से फैलती है, जिससे बचाव का मौका नहीं मिलता। खेतों में लटकते तारों की सूचना तुरंत विद्युत विभाग को देना और फसल सुरक्षा उपाय अपनाना आवश्यक है। • मुआवजा प्रक्रिया: इस तरह के हादसों के बाद पीड़ित किसानों को राजस्व और विद्युत विभाग में नुकसान की शिकायत दर्ज कर राहत की मांग करनी होती है। उचित प्रशासनिक जांच और गिरदावरी रिपोर्ट के आधार पर ही आर्थिक भरपाई तय की जाती है। ऐसा क्यों हुआ यह हादसा खेत के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइन में शॉर्ट सर्किट होने और तार टूटकर सूखी फसल पर गिरने के कारण हुआ। • सीधा कारण: बिजली की लाइन में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे तार टूटकर सीधे ज्वार के खेत में गिर पड़ा। • आग भड़कने की परिस्थितियां: ज्वार की फसल पूरी तरह पककर सूखी अवस्था में थी, जिससे तार से निकली चिंगारियों ने चंद पलों में विकराल आग का रूप ले लिया। • विभागीय अनदेखी का आरोप: किसान नेता विष्णु पटेल ने विद्युत विभाग की लचर कार्यप्रणाली और तारों के रखरखाव में लापरवाही को इस घटना का जिम्मेदार बताया है। • आगे की कार्रवाई: किसान नेता ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए विभागीय जवाबदेही तय करने की मांग की है। सवाल-जवाब 1. यह हादसा उदयपुर में किस जगह हुआ? यह हादसा उदयपुर के समीपवर्ती मनवाखेड़ा गांव में स्थित खेतों में हुआ। 2. आग में किन किसानों की फसल को नुकसान पहुंचा है? इस आग में किसान भग्गा डांगी और मदन डांगी के खेत में खड़ी ज्वार की फसल जलकर राख हो गई। 3. खेत में कितने क्षेत्र की फसल जलकर नष्ट हुई? खेत में करीब डेढ़ बीघा क्षेत्र में खड़ी पकी हुई ज्वार की फसल जलकर नष्ट हो गई। 4. आग लगने का मुख्य कारण क्या था? शॉर्ट सर्किट होने के बाद बिजली का तार टूटकर खेत में गिर गया था, जिसकी चिंगारियों से सूखी फसल में आग लग गई। 5. क्या इस घटना में कोई जनहानि हुई है? नहीं, इस अग्निकांड में किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। 6. किसान नेता विष्णु पटेल ने क्या मांग की है? विष्णु पटेल ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने, विद्युत विभाग की लापरवाही पर जवाबदेही तय करने और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा देने की मांग की है। https://trendkia.com/rajasthan/udaipur-ke-manwakheda-men-bijali-ka-tara-girane-se-derha-bigha-jvara-ki-taiyara-phasala-jali-45884 TrendKia — Har trend, sabse pehle.