{
  "type": "article",
  "title": "एप्पल की गुमनाम ईमेल सुविधा में सेंध, साथ में इस हफ्ते की चार और बड़ी साइबर सिक्योरिटी खबरें",
  "summary": "एप्पल के हाइड माई ईमेल फीचर में एक साल पुरानी खामी से यूजर्स के असली ईमेल एड्रेस लीक हो रहे हैं, वहीं स्कैटर्ड स्पाइडर से जुड़े एक संदिग्ध का अमेरिका प्रत्यर्पण, व्हाट्सएप के यूजरनेम फीचर पर भारत का ऐतराज़ और नंबर प्लेट कैमरों की गलतियों ने बेकसूर लोगों को मुश्किल में डाला है।",
  "content": "साइबर सिक्योरिटी और प्राइवेसी की दुनिया में इस हफ्ते कई बड़ी खबरें सामने आई हैं। मेटा के लिए काम करने वाले कॉन्ट्रैक्टर्स ने बच्चों और किशोरों के रूप में जेमिनी और चैटजीपीटी जैसे चैटबॉट्स को टेस्ट किया, ताकि यह देखा जा सके कि ये सुसाइड, सेक्स और ड्रग्स जैसे संवेदनशील विषयों पर कैसे जवाब देते हैं। वहीं एक रिसर्चर ने एंथ्रोपिक के Claude Opus 4.7 का इस्तेमाल करके फ्रंट गेट की वेबसाइट में सेंध लगाई और लॉलापालूज़ा तथा बोनारू सहित अमेरिका के लगभग किसी भी बड़े म्यूजिक फेस्टिवल के टिकट जनरेट कर डाले। लेकिन इस हफ्ते की सबसे चिंताजनक खबर एप्पल के एक प्राइवेसी फीचर से जुड़ी है, जो पिछले करीब एक साल से यूजर्स के असली ईमेल एड्रेस लीक कर रहा है।\n\nगुमनाम ईमेल का दावा, लेकिन सेंध किसी और की\nएप्पल ने 2021 में हाइड माई ईमेल नाम का फीचर लॉन्च किया था। इसका मकसद यूजर्स को ऐसा रैंडम ईमेल एड्रेस देना था, जिससे वे बिना अपना असली ईमेल बताए किसी वेबसाइट या ऐप पर साइन अप कर सकें। इस नकली एड्रेस पर आने वाले सारे मैसेज अपने आप यूजर के असली इनबॉक्स में पहुंच जाते हैं, यानी कंपनी को कभी असली ईमेल पता चलता ही नहीं।\n\nलेकिन इस हफ्ते सामने आया कि सिस्टम में मौजूद एक खामी की वजह से लोगों के असली ईमेल एड्रेस उजागर हो सकते हैं, और यह गड़बड़ी कम से कम एक साल से बिना ठीक हुए चली आ रही है। सिक्योरिटी रिसर्चर टायलर मर्फी, जिन्होंने जून 2025 में यह खामी खोजी थी, ने साफ शब्दों में कहा, \"एप्पल का हाइड माई ईमेल उन ईमेल एड्रेस को लीक कर रहा है जिन्हें छिपा हुआ होना चाहिए था।\" उन्होंने आगे बताया, \"हमारे सीमित टेस्ट में शामिल सभी वॉलंटियर्स के हाइड माई ईमेल एड्रेस को क्रैक किया जा सका, यानी सौ फीसदी मामलों में यह एड्रेस उजागर हो गया।\"\n\nइस खामी की तकनीकी बारीकियां अब तक सार्वजनिक नहीं की गई हैं, क्योंकि यह अब तक ठीक नहीं हुई है। टेस्ट के दौरान पाया गया कि नए बनाए गए हाइड माई ईमेल एड्रेस, जो @icloud.com डोमेन पर बनते हैं, को उसे बनाने वाले व्यक्ति के असली ईमेल एड्रेस से जोड़ा जा सकता है। मर्फी का कहना है कि उन्होंने पिछली गर्मियों में ही यह समस्या एप्पल को बता दी थी और इस साल मार्च तक उन्हें बताया गया कि इसे \"ठीक कर दिया गया है।\" लेकिन जब उन्होंने दोबारा टेस्ट किया, तो खामी अब भी मौजूद थी, और कुछ महीने पहले एप्पल ने उन्हें बताया कि कंपनी अभी भी मामले की जांच कर रही है। एप्पल की ओर से इस पर कोई सार्वजनिक बयान नहीं आया है।\n\nस्कैटर्ड स्पाइडर से जुड़े संदिग्ध हैकर का अमेरिका प्रत्यर्पण\nअमेरिकी न्याय विभाग ने इस हफ्ते बताया कि 19 साल के एक युवक को स्कैटर्ड स्पाइडर हैकिंग नेटवर्क से जुड़े आरोपों में अमेरिका प्रत्यर्पित किया गया है। एस्टोनिया और अमेरिका, दोनों देशों की नागरिकता रखने वाले पीटर स्टोक्स को अप्रैल में फिनलैंड में गिरफ्तार किया गया था। उन पर कंप्यूटर में सेंधमारी, साजिश रचने और धोखाधड़ी के आरोप लगे हैं।\n\nअभियोजन पक्ष का आरोप है कि स्टोक्स और इस ढीले-ढाले हैकिंग गिरोह के अन्य सदस्यों ने मई 2025 में एक लग्ज़री ज्वेलरी रिटेलर की वेबसाइट हैक कर ली थी और 8 मिलियन डॉलर की क्रिप्टोकरेंसी फिरौती मांगी थी। कंपनी ने फिरौती नहीं चुकाई, लेकिन अमेरिकी न्याय विभाग के मुताबिक इस घटना से निपटने में उसे फिर भी 2 मिलियन डॉलर खर्च करने पड़े। माना जाता है कि स्कैटर्ड स्पाइडर गिरोह में ज्यादातर कम उम्र के, अंग्रेजी बोलने वाले किशोर शामिल हैं, और हाल के सालों में इस गिरोह के सदस्यों ने दुनियाभर की दर्जनों कंपनियों को हैक करके भारी नुकसान पहुंचाया है। स्टोक्स की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है जब हाल ही में गिरोह के दो ब्रिटिश सदस्यों, थाल्हा जुबैर और ओवेन फ्लावर्स ने 2024 में ट्रांसपोर्ट फॉर लंदन को हैक करने का अपराध कबूल किया था, जिससे करोड़ों डॉलर का नुकसान हुआ था।\n\nव्हाट्सएप के यूजरनेम फीचर पर भारत को ऐतराज़\nएन्क्रिप्टेड मैसेजिंग ऐप सिग्नल ने पिछले साल यह सुविधा शुरू की थी, और अब मेटा की मैसेजिंग ऐप व्हाट्सएप भी अपने अरबों यूजर्स के लिए यूजरनेम फीचर लाने की तैयारी में है। इस फीचर की मदद से लोग अपना फोन नंबर बताए बिना, सिर्फ अपने चुने हुए यूजरनेम से एक-दूसरे को मैसेज कर सकेंगे, जिससे प्राइवेसी बढ़ेगी।\n\nलेकिन भारत सरकार, जो पहले भी मेटा की इस ऐप की एन्क्रिप्शन को कमजोर करने की कोशिश कर चुकी है, अब इस बदलाव का विरोध कर रही है। भारत सरकार की तरफ से भेजी गई एक चिट्ठी में व्हाट्सएप से भारत में यूजरनेम फीचर का रोलआउट रोकने के लिए कहा गया है। चिट्ठी में यह दलील दी गई है कि इससे ऑनलाइन गुमनामी बढ़ेगी, जिससे धोखाधड़ी और साइबर क्राइम के मामले बढ़ सकते हैं। इसी तरह के अलग-अलग पत्र सिग्नल और टेलीग्राम को भी उनके यूजरनेम फीचर को लेकर भेजे गए हैं।\n\nजब नंबर प्लेट पढ़ने वाले कैमरे गलती कर बैठते हैं\nअमेरिका में पिछले कुछ सालों में ऑटोमैटिक लाइसेंस प्लेट रीडर कैमरे यानी ALPR तेजी से फैले हैं। पुलिस विभाग, शहर प्रशासन और यहां तक कि निजी कंपनियां भी इन्हें लगाकर गुजरने वाली गाड़ियों की फोटो खींचती हैं और उनकी हरकतों का पूरा रिकॉर्ड रखती हैं, जिसमें नंबर प्लेट, फोटो खींचे जाने का समय और जगह, गाड़ी का मेक और मॉडल, यहां तक कि बंपर स्टिकर तक शामिल होते हैं। इस तरह अरबों तस्वीरों और गाड़ियों की आवाजाही का डेटा अलग-अलग डेटाबेस में जमा हो चुका है।\n\nलेकिन बढ़ते सबूत बताते हैं कि जब ये सिस्टम गलती करते हैं, तो बेकसूर लोग हिरासत में ले लिए जाते हैं और उन पर झूठे आरोप लग जाते हैं। नॉनप्रॉफिट संस्था इंस्टिट्यूट फॉर जस्टिस ने कोर्ट रिकॉर्ड्स और मीडिया रिपोर्ट्स की समीक्षा करके पिछले आठ सालों में गलत पहचान के कम से कम 24 मामले खोजे हैं, और संस्था का मानना है कि असली आंकड़ा इससे कहीं ज्यादा हो सकता है। इनमें एक मामला ऐसा भी है जिसमें गाड़ी में बच्चे के साथ मौजूद एक जोड़े को बंदूक की नोक पर हिरासत में लिया गया; एक मामले में कैमरे ने अक्षर 'O' को अंक '0' समझ लिया, जिसकी वजह से एक बुज़ुर्ग दंपती को रोक लिया गया; और एक शख्स को इसलिए रोका गया क्योंकि मामला सुलझने के बाद भी उसकी गाड़ी का नंबर वांटेड लिस्ट से हटाया नहीं गया था। ये सारी घटनाएं एआई से चलने वाले इन कैमरों की बढ़ती गलतियों की फेहरिस्त में शामिल हो गई हैं।\n\nइसका आप पर असर\n• भारत में: अगर व्हाट्सएप का यूजरनेम फीचर भारत में रुकता है, तो फिलहाल आपको मैसेज करने के लिए फोन नंबर ही शेयर करना होगा, और सरकार के ऐतराज़ की वजह से यह फीचर भारतीय यूजर्स तक देर से पहुंच सकता है।\n• एप्पल यूजर्स के लिए: अगर आपने किसी वेबसाइट पर साइनअप करने के लिए हाइड माई ईमेल का इस्तेमाल किया है, तो हो सकता है कि आपका असली ईमेल एड्रेस उतना छिपा हुआ न हो जितना आप सोचते हैं।\n• अमेरिका में गाड़ी चलाने वालों के लिए: नंबर प्लेट रीडर कैमरों की गलतियों की वजह से बेकसूर लोग भी पुलिस की हिरासत में आ सकते हैं, ऐसे में गलत पहचान होने पर तुरंत रिकॉर्ड को चुनौती देना जरूरी है।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. एप्पल का हाइड माई ईमेल फीचर क्या करता है?\nयह यूजर्स को एक रैंडम ईमेल एड्रेस देता है ताकि वे बिना असली ईमेल बताए साइन अप कर सकें, और उस पते पर आने वाले मैसेज असली इनबॉक्स में फॉरवर्ड हो जाते हैं।\n\n2. यह खामी कब से मौजूद है?\nसिक्योरिटी रिसर्चर टायलर मर्फी ने इसे जून 2025 में खोजा था, लेकिन यह गड़बड़ी कम से कम एक साल से चली आ रही है।\n\n3. क्या एप्पल ने इस खामी को ठीक कर दिया है?\nनहीं, एप्पल ने कुछ महीने पहले कहा था कि वह अभी भी मामले की जांच कर रही है, और कंपनी ने इस पर कोई सार्वजनिक बयान नहीं दिया है।\n\n4. पीटर स्टोक्स कौन हैं?\nपीटर स्टोक्स एस्टोनिया और अमेरिका की दोहरी नागरिकता रखने वाले 19 साल के व्यक्ति हैं, जिन्हें अप्रैल में फिनलैंड में गिरफ्तार कर स्कैटर्ड स्पाइडर हैकिंग गिरोह से जुड़े आरोपों में अमेरिका प्रत्यर्पित किया गया है।\n\n5. स्कैटर्ड स्पाइडर गिरोह ने ज्वेलरी रिटेलर से कितनी फिरौती मांगी थी?\nमई 2025 में गिरोह ने 8 मिलियन डॉलर की क्रिप्टोकरेंसी फिरौती मांगी थी; कंपनी ने पैसे नहीं दिए लेकिन घटना से निपटने में उसे 2 मिलियन डॉलर खर्च करने पड़े।\n\n6. भारत व्हाट्सएप के यूजरनेम फीचर का विरोध क्यों कर रहा है?\nभारत सरकार को डर है कि यूजरनेम से मिलने वाली ऑनलाइन गुमनामी धोखाधड़ी और साइबर क्राइम बढ़ा सकती है, इसलिए उसने व्हाट्सएप से रोलआउट रोकने को कहा है।\n\n7. नंबर प्लेट रीडर कैमरों की गलतियों से कितने लोग प्रभावित हुए हैं?\nइंस्टिट्यूट फॉर जस्टिस ने पिछले आठ सालों में गलत पहचान के कम से कम 24 मामले खोजे हैं, और असली आंकड़ा इससे ज्यादा भी हो सकता है।\n\n8. ALPR कैमरों ने किस तरह की गलतियां की हैं?\nएक मामले में बच्चे के साथ मौजूद जोड़े को बंदूक की नोक पर हिरासत में लिया गया, एक मामले में कैमरे ने 'O' को '0' समझ लिया और बुज़ुर्ग दंपती रोक लिए गए, और एक व्यक्ति को पुरानी वांटेड लिस्ट की वजह से रोका गया।",
  "url": "https://trendkia.com/security/apple-ki-gumanama-imela-suvidha-men-sendha-satha-men-isa-haphte-ki-chara-aura-bari-saibara-sikyoriti-khabaren-4666",
  "category": "साइबर सुरक्षा",
  "publishedAt": "2026-07-04",
  "tags": [
    "एप्पल हाइड माई ईमेल",
    "साइबर सिक्योरिटी",
    "स्कैटर्ड स्पाइडर हैकिंग",
    "व्हाट्सएप यूजरनेम",
    "लाइसेंस प्लेट कैमरा",
    "डेटा प्राइवेसी"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
}