राज्यसभा में गूंजे राष्ट्रमंडल खेलों के सुर, 39 पदक जीतने वाले भारतीय एथलीटों को मिली विशेष बधाई संसद के उच्च सदन राज्यसभा में ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में शानदार प्रदर्शन करने वाले भारतीय दल को बधाई दी गई। सभापति सी पी राधाकृष्णन ने सदन में खिलाड़ियों की ऐतिहासिक उपलब्धियों की सराहना की। नई दिल्ली में संसद के उच्च सदन राज्यसभा की कार्यवाही के दौरान ग्लास्गो में हाल ही में संपन्न हुए 23वें राष्ट्रमंडल खेलों में उल्लेखनीय सफलता हासिल करने वाले भारतीय एथलीटों को सम्मानित किया गया और उन्हें सार्वजनिक रूप से बधाई दी गई। सोमवार को जैसे ही सदन की बैठक की शुरुआत हुई, सभापति सी पी राधाकृष्णन ने पूरे देश की तरफ से भारतीय खेल दल के शानदार प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा कि इन खिलाड़ियों के उत्कृष्ट खेल कौशल ने पूरे राष्ट्र का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। पदक तालिका में भारत का शानदार स्थान सत्र के दौरान सभापति ने बताया कि राष्ट्रमंडल खेलों की अंतिम पदक तालिका में भारत ने अपनी मजबूत स्थिति दर्ज कराते हुए चौथा स्थान अपने नाम किया। भारतीय प्रतियोगियों ने अपनी मेहनत के दम पर कुल 39 पदक जीते। इन पदकों में 13 स्वर्ण पदक, 17 रजत पदक और 9 कांस्य पदक शामिल हैं, जिन्होंने वैश्विक मंच पर देश का मान बढ़ाया है। पैरा एथलीटों का ऐतिहासिक प्रदर्शन इस बार के मुकाबलों की एक बड़ी विशेषता देश के पैरा एथलीटों का प्रदर्शन रहा। सभापति ने विशेष रूप से उल्लेख किया कि हमारे पैरा खिलाड़ियों ने राष्ट्रमंडल पैरा खेलों में अब तक का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया है। इन खिलाड़ियों ने कुल सात पदक अपने नाम किए, जिनमें तीन स्वर्ण, दो रजत और दो कांस्य पदक शामिल हैं। यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि देश के एथलीट हर चुनौती को पार कर रहे हैं। समर्थन प्रणाली और निकायों को सराहना यह शानदार उपलब्धि केवल खिलाड़ियों की नहीं, बल्कि उनके पीछे काम करने वाली पूरी व्यवस्था की जीत है। सभापति ने सदन की तरफ से सभी पदक विजेताओं के साथ-साथ उनके प्रशिक्षकों, सहयोगी कर्मचारियों, भारतीय ओलंपिक संघ, भारतीय पैरालंपिक समिति और विभिन्न राष्ट्रीय खेल महासंघों को भी अपनी ओर से हार्दिक बधाई दी और उनके योगदान को सराहा। युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत सदन में आगे यह भी कहा गया कि ये पदक विजेता केवल खेल जगत के सितारे नहीं हैं, बल्कि देश के हर युवा नागरिक और उभरती हुई खेल प्रतिभाओं के लिए एक मजबूत प्रेरणा का स्रोत हैं। उनकी यह सफलता कड़े परिश्रम, अनुशासन, अटूट दृढ़ संकल्प और निरंतर प्रयास के जरिए किसी भी लक्ष्य को पाने का स्पष्ट संदेश देती है। भविष्य के लिए शुभकामनाएं अपने संबोधन के अंत में सभापति ने विश्वास जताया कि देश के एथलीट आने वाले वर्षों में भी इसी तरह मेहनत करते रहेंगे और भारत को वैश्विक पटल पर और अधिक गौरव के पल दिलाएंगे। पूरे सदन ने मिलकर भारतीय खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य और उनकी निरंतर सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं। इसका आप पर असर भारत में: देश भर के युवाओं और खेल प्रेमियों को इन खिलाड़ियों की सफलता से आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। संसद में: उच्च सदन द्वारा दी गई इस आधिकारिक बधाई से देश के खेल जगत और एथलीटों का मनोबल ऊंचा होता है। सवाल-जवाब 1. राज्यसभा में किस प्रतियोगिता के खिलाड़ियों को बधाई दी गई? राज्यसभा में ग्लास्गो में संपन्न 23वें राष्ट्रमंडल खेलों के पदक विजेता खिलाड़ियों को बधाई दी गई। 2. भारत ने राष्ट्रमंडल खेलों में कुल कितने पदक जीते? भारतीय खिलाड़ियों ने इन खेलों में कुल 39 पदक जीते। 3. पदक तालिका में भारत का स्थान क्या रहा? भारत ने राष्ट्रमंडल खेलों की पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया। 4. पैरा खिलाड़ियों ने कुल कितने पदक अपने नाम किए? देश के पैरा खिलाड़ियों ने राष्ट्रमंडल पैरा खेलों में कुल सात पदक हासिल किए। प्रेरणा और सबक कठिन परिश्रम और अनुशासन: सफलता के लिए निरंतर प्रयास और कड़ा अनुशासन सबसे महत्वपूर्ण आधार हैं। चुनौतियों पर विजय: पैरा खिलाड़ियों ने साबित कर दिया कि दृढ़ संकल्प से हर बाधा को पार किया जा सकता है। सामूहिक प्रयास: खिलाड़ियों की जीत के पीछे प्रशिक्षकों और खेल संगठनों का भी अहम योगदान होता है। https://trendkia.com/sports/rajya-sabha-praises-indian-athletes-for-39-medals-at-glasgow-commonwealth-games-13304 TrendKia — Har trend, sabse pehle.