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  "title": "विश्व कुश्ती चैंपियनशिप: सुनील कुमार समेत तीन भारतीय पहलवान शुरुआती दौर में ही बाहर",
  "summary": "अस्ताना में चल रही विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में भारतीय ग्रीको-रोमन पहलवानों का खराब प्रदर्शन जारी है। एशियाई पदक विजेता सुनील कुमार और साहिल समेत अन्य खिलाड़ी अपने पहले ही मुकाबले हारकर टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं।",
  "content": "अस्ताना में खेली जा रही विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में भारतीय ग्रीको-रोमन पहलवानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रतियोगिता के तीसरे दिन सोमवार को भी भारतीय दल का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा, जिसमें एशियाई खेलों के पदक विजेता सुनील कुमार समेत तीन खिलाड़ियों को अपने शुरुआती मुकाबलों में ही शिकस्त झेलनी पड़ी और वे प्रतियोगिता से बाहर हो गए।\n\n \n\nसुनील कुमार और साहिल की हार\n\nहाल ही में दो एशियाई खेलों के पदक जीतने वाले इतिहास के इकलौते भारतीय पहलवान बने सुनील कुमार से इस प्रतियोगिता में काफी उम्मीदें टिकी हुई थीं। हालांकि, 87 किलोग्राम भार वर्ग के अपने पहले मैच में मैट पर उनका प्रदर्शन फीका रहा। निष्क्रियता की चेतावनी के बाद उन्हें पार टेरे की स्थिति में डाल दिया गया, जिसका फायदा उठाते हुए नॉर्वे के एक्सौस मुकुबू ने तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर 0-9 से मात दी। यह मुकाबला एक राउंड भी पूरा नहीं चल पाया, जिससे भारतीय खेमे की कमियां खुलकर सामने आ गईं।\n\n \n\nअन्य भार वर्ग के मुकाबले\n\nइस टूर्नामेंट में भारत के अन्य ग्रीको-रोमन पहलवान भी अपनी छाप छोड़ने में नाकामयाब रहे। 63 किलोग्राम वर्ग में उतरे साहिल को क्वालीफाइंग राउंड में बुल्गारिया के एडमंड आर्मेन नाज़ारियन के खिलाफ 0-7 से करारी हार का सामना करना पड़ा। वहीं, 67 किलोग्राम वर्ग में अपनी चुनौती पेश कर रहे सचिन सहरावत को दक्षिण कोरिया के हांजे चुंग के खिलाफ कड़े मुकाबले में 5-6 से हार का सामना करना पड़ा। अब तक इस पूरी प्रतियोगिता में केवल 55 किलोग्राम वर्ग में ललित ही पदक के सबसे करीब पहुंच पाए थे, जिन्हें कांस्य पदक के प्लेऑफ मुकाबले में हार का मुंह देखना पड़ा था।\n\nइसका आप पर असर\nयह परिणाम भारतीय कुश्ती के स्तर और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की तैयारियों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।\n\n• भारतीय खेल जगत पर असर: इस खराब प्रदर्शन से ग्रीको-रोमन वर्ग में भारत की तकनीकी और शारीरिक तैयारी की पोल खुली है, जिससे खेल प्रशासकों को अपनी ट्रेनिंग रणनीतियों में बड़े बदलाव करने की जरूरत महसूस होगी।\n\n• खिलाड़ियों का मनोबल: शुरुआती दौर में इस तरह की करारी हार से युवा एथलीटों के आत्मविश्वास पर असर पड़ सकता है, जिससे आगामी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में उनके चयन और तैयारी पर दबाव बढ़ेगा।\n\nऐसा क्यों हुआ\nभारतीय पहलवानों का यह निराशाजनक प्रदर्शन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तकनीकी कौशल और शारीरिक मजबूती की कमी को दर्शाता है।\n\n• तकनीकी कमियां और पार टेरे: मैच के दौरान निष्क्रियता के कारण मिलने वाली पार टेरे जैसी रक्षात्मक स्थितियों से निपटने में भारतीय पहलवान कमजोर साबित हुए।\n\n• कड़ा मुकाबला और तैयारी: यूरोपीय और एशियाई दिग्गजों के मुकाबले भारतीय खेमे की रणनीति मैट पर टिक नहीं पाई, जिससे शुरुआती दौर में ही हार का सामना करना पड़ा।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. विश्व कुश्ती चैंपियनशिप कहाँ आयोजित की जा रही है?\nयह चैंपियनशिप अस्ताना में आयोजित की जा रही है।\n\n2. सुनील कुमार किस भार वर्ग में प्रतिस्पर्धा कर रहे थे?\nसुनील कुमार 87 किलोग्राम भार वर्ग में खेल रहे थे।\n\n3. सुनील कुमार को किसने हराया?\nसुनील कुमार को नॉर्वे के एक्सौस मुकुबू ने तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर 0-9 से हराया।\n\n4. साहिल और सचिन सहरावत का प्रदर्शन कैसा रहा?\nसाहिल 63 किलोग्राम वर्ग में और सचिन सहरावत 67 किलोग्राम वर्ग में अपने शुरुआती मुकाबले हार गए।",
  "url": "https://trendkia.com/sports/world-wrestling-championships-sunil-kumar-aur-teen-bhartiya-pahalwan-shuruati-daur-mein-bahar-51951",
  "category": "खेल",
  "publishedAt": "2026-10-26",
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    "विश्व कुश्ती चैंपियनशिप",
    "सुनील कुमार",
    "कुश्ती समाचार",
    "भारतीय पहलवान",
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    "खेल समाचार"
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  "site": "TrendKia"
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