आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑटोमेशन ने बदला सेल्स का तरीका, टेक कंपनियों में तेजी से बढ़ रही जीटीएम इंजीनियरों की मांग सॉफ्टवेयर और टेक उद्योग में गो-टू-मार्केट इंजीनियर का नया पद तेजी से उभर रहा है, जहां पेशेवर कृत्रिम बुद्धिमत्ता और ऑटोमेशन से जटिल रेवेन्यू सिस्टम तैयार कर रहे हैं। तकनीकी दुनिया में महज दो साल पहले तक गो-टू-मार्केट यानी जीटीएम इंजीनियर का पद लगभग न के बराबर था, लेकिन आज यह भूमिका तेजी से मुख्यधारा में शामिल हो रही है। आधुनिक सॉफ्टवेयर कंपनियां अब ऐसे विशेषज्ञों को काम पर रख रही हैं जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्वचालन तकनीकों का इस्तेमाल करके ऐसे रेवेन्यू सिस्टम तैयार कर रहे हैं, जिन्हें संभालने के लिए पहले कई अलग-अलग टूल्स, बड़ी टीमों और मैन्युअल प्रक्रियाओं की दरकार होती थी। इस बदलाव ने उद्यमों के नए ग्राहक खोजने और कारोबार बढ़ाने के पूरे ढांचे को बदल कर रख दिया है। गो-टू-मार्केट प्रक्रियाओं में तकनीकी बदलाव पारंपरिक तौर पर गो-टू-मार्केट कामकाज में घंटों का समय संभावित खातों की खोजबीन करने, डेटा को व्यवस्थित करने, लीड्स की गुणवत्ता परखने और विभिन्न सॉफ्टवेयरों के बीच जानकारियों का आदान-प्रदान करने में बीत जाता था। इसके विपरीत, आधुनिक जीटीएम इंजीनियरिंग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा विश्लेषण और ऑटोमेशन की मदद से इन बिखरे हुए श्रमसाध्य कामों को एक स्वचालित और दोहराव योग्य प्रणाली में बदल देती है। इससे बिक्री और मार्केटिंग से जुड़ी टीमें कई सॉफ्टवेयरों के बीच उलझने के बजाय एकीकृत व्यवस्था के जरिए डेटा तक पहुंच बना रही हैं, संदेशों को व्यक्तिगत रूप दे रही हैं और अभियान चला रही हैं। नए रोजगार और उद्योग में स्वीकार्यता इस नई भूमिका की शुरुआत क्ले ने वर्ष 2023 में की थी। कंपनी की अपनी जीटीएम इंजीनियरिंग गाइड के अनुसार, जीटीएम इंजीनियर वे पेशेवर होते हैं जो हर काम को खुद हाथों से करने के बजाय स्वचालित रेवेन्यू वर्कफ़्लो का निर्माण करते हैं। वर्तमान में हर महीने लगभग 100 जीटीएम इंजीनियरिंग नौकरियों के विज्ञापन आ रहे हैं, जिनमें कर्सर, लवेबल और वेबफ्लो जैसी प्रसिद्ध तकनीकी कंपनियां सक्रिय रूप से नियुक्तियां कर रही हैं। यह रुझान स्टार्टअप संस्थापकों और टीम लीडरों को यह सोचने पर विवश कर रहा है कि क्या पुरानी प्रक्रियाओं को चलाने के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों को नियुक्त किया जाए या फिर ऐसी प्रणाली विकसित की जाए जिससे मौजूदा टीम अधिक प्रभावी ढंग से परिणाम दे सके। ब्रुकलिन से 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन तक कौशल और प्रोग्रामिंग को आम उपयोगकर्ताओं तक पहुंचाने के ध्येय के साथ करीम अमीन ने वर्ष 2017 में ब्रुकलिन में क्ले की सह-स्थापना की थी। वह कंपनी के सह-संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं। इससे पहले वह द वॉल स्ट्रीट जर्नल में प्रोडक्ट के उपाध्यक्ष रह चुके थे और उन्होंने फ्रेम नामक स्टार्टअप की भी स्थापना की थी, जिसका अधिग्रहण वर्ष 2012 में सेलथ्रू ने किया था। क्ले का मूल स्प्रेडशीट उत्पाद बिना कोडिंग के जानकारी जोड़ने और काम को स्वचालित करने के लिए बना था, लेकिन जब सेल्स, ग्रोथ टीमों और एजेंसियों ने इसका इस्तेमाल ग्राहकों तक पहुंचने के लिए शुरू किया, तो कंपनी ने सीधे गो-टू-मार्केट क्षेत्र का रुख कर लिया। वर्तमान में यह मंच टीमों को डेटा समृद्ध करने, एजेंटिक वर्कफ़्लो संचालित करने और बड़े स्तर पर अभियान शुरू करने के लिए मजबूत ढांचा देता है। इसका ओपनएआई-आधारित एजेंट क्लेजेंट बिक्री, विपणन और भर्ती टीमों के लिए शोध और संपर्क प्रक्रियाओं को स्वचालित करता है। इस तकनीकी विस्तार के साथ कंपनी का वित्तीय विकास भी असाधारण रहा है। कंपनी ने एक ही साल में अपने वार्षिक आवर्ती राजस्व को तीन गुना बढ़ाकर 100 मिलियन डॉलर तक पहुंचाया और 5 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर कर्मचारी टेंडर ऑफर की घोषणा की। इसके बाद विकास क्रम को जारी रखते हुए कंपनी ने सितंबर में 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर 115 मिलियन डॉलर की सीरीज़ डी फंडिंग राउंड पूरा किया। भविष्य का व्यावसायिक मॉडल इस पूरे बदलाव का मूल सार प्रोग्रामिंग की ताकत को गैर-तकनीकी टीमों के हाथों में सौंपना है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस ने इस सोच को एक नई दिशा दी है, जिससे राजस्व टीमें पारंपरिक सॉफ्टवेयर इंजीनियरों पर निर्भर रहे बिना अपने खुद के डेटा एनरिचमेंट और आउटरीच सिस्टम तैयार कर पा रही हैं। आधुनिक सम्मेलनों और उद्योग बैठकों में मैचमेकिंग, नेटवर्किंग और कारोबारी सौदों के जरिए संस्थापक ऐसे नए तौर-तरीकों को अपनाकर अपनी विकास चुनौतियों से निपटने के रास्ते तलाश रहे हैं। इसका आप पर असर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और जीटीएम इंजीनियरिंग के उभार से टेक और सेल्स सेक्टर में काम करने वाले युवाओं के लिए नौकरियों के नए अवसर पैदा हो रहे हैं। • पेशेवरों के लिए अवसर: टेक और सेल्स से जुड़े पेशेवरों के लिए अब जीटीएम इंजीनियर की नई भूमिका में नौकरियां खुल रही हैं। उद्योग में हर महीने लगभग 100 नए पदों के विज्ञापन आ रहे हैं, जिससे तकनीकी कौशल वाले सेल्स प्रोफेशनल्स की मांग बढ़ गई है। • स्टार्टअप और कंपनियों पर प्रभाव: शुरुआती चरण की कंपनियों को अब बड़ी सेल्स टीमें रखने की जरूरत नहीं पड़ रही है। ऑटोमेशन और एआई टूल्स की मदद से छोटी टीमें भी बड़े स्तर पर रेवेन्यू और क्लाइंट आउटरीच संभाल पा रही हैं। • पारंपरिक नौकरियों का पुनर्गठन: मैनुअल डेटा एंट्री और बेसिक लीड रिसर्च करने वाली पारंपरिक नौकरियों का स्वरूप बदल रहा है। कर्मचारियों को अब एआई टूल्स और ऑटोमेटेड वर्कफ़्लो संचालित करने का तकनीकी प्रशिक्षण लेना होगा। • सॉफ्टवेयर टूल्स में एकीकरण: कई अलग-अलग सॉफ्टवेयरों पर होने वाला भारी खर्च अब कम हो रहा है। कंपनियां कई टूल्स के बजाय एकीकृत प्लेटफॉर्म अपनाकर अपने परिचालन खर्च में कटौती कर रही हैं। ऐसा क्यों हुआ यह तकनीकी बदलाव इसलिए हुआ क्योंकि आधुनिक कंपनियों के लिए पारंपरिक तरीके से कई टूल्स और बड़ी टीमों के जरिए मैनुअल सेल्स रिसर्च करना बेहद धीमा और महंगा साबित हो रहा था। • मैन्युअल प्रक्रियाओं की सीमाएं: पुरानी व्यवस्था में डेटा क्लीनिंग, लीड रिसर्च और आउटरीच के लिए अलग-अलग कर्मचारियों को घंटों मैन्युअल काम करना पड़ता था। इस बिखरे हुए सिस्टम की वजह से कंपनियों का बहुमूल्य समय और वित्तीय संसाधन नष्ट होते थे। • एआई और ऑटोमेशन की प्रगति: ओपनएआई और भाषा मॉडलों के विकास ने क्लोज़ेंट जैसे स्वायत्त एजेंट्स बनाना संभव बना दिया। इन एजेंट्स की मदद से जटिल शोध और डेटा एनरिचमेंट का काम बिना सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की मदद के सेकंडों में पूरा होने लगा। • क्ले का रणनीतिक बदलाव: क्ले ने 2017 में एक साधारण नो-कोड स्प्रेडशीट के रूप में शुरुआत की थी, जिसे बाद में सेल्स टीमों की जरूरतों को देखते हुए जीटीएम इंफ्रास्ट्रक्चर में बदल दिया गया। इस नवाचार को बाजार में जबरदस्त स्वीकृति मिली, जिससे कंपनी का रेवेन्यू 100 मिलियन डॉलर पहुंच गया। सवाल-जवाब 1. जीटीएम इंजीनियर कौन होता है? जीटीएम इंजीनियर वह पेशेवर होता है जो सेल्स और मार्केटिंग के कार्यों को हाथों से करने के बजाय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑटोमेशन से रेवेन्यू सिस्टम तैयार करता है। 2. जीटीएम इंजीनियरिंग शब्द की शुरुआत किसने और कब की? इस पद और भूमिका की शुरुआत सॉफ्टवेयर कंपनी क्ले ने वर्ष 2023 में की थी। 3. किन प्रमुख कंपनियों में जीटीएम इंजीनियर के पदों पर नियुक्तियां हो रही हैं? कर्सर, लवेबल और वेबफ्लो जैसी सॉफ्टवेयर कंपनियां जीटीएम इंजीनियरों की सक्रिय रूप से भर्तियां कर रही हैं। 4. क्ले की स्थापना कब हुई थी और इसके मुख्य कार्यकारी अधिकारी कौन हैं? क्ले की सह-स्थापना करीम अमीन ने वर्ष 2017 में ब्रुकलिन में की थी और वह इसके मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं। 5. क्लोज़ेंट क्या है और यह क्या काम करता है? क्लोज़ेंट एक ओपनएआई-आधारित एआई एजेंट है, जो सेल्स, मार्केटिंग और रिक्रूटिंग टीमों के लिए शोध और संपर्क प्रक्रिया को स्वचालित करता है। 6. क्ले का मौजूदा मूल्यांकन और वित्तीय प्रदर्शन क्या है? कंपनी ने अपना वार्षिक आवर्ती राजस्व तीन गुना बढ़ाकर 100 मिलियन डॉलर किया है और सितंबर में 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर 115 मिलियन डॉलर की सीरीज़ डी फंडिंग जुटाई है। प्रेरणा और सबक क्ले और करीम अमीन की यात्रा दर्शाती है कि उपयोगकर्ताओं की वास्तविक जरूरतों को पहचानकर एक साधारण विचार को बहु-अरब डॉलर के उद्यम में बदला जा सकता है। • उपयोगकर्ताओं के व्यवहार को समझें: क्ले की शुरुआत एक सामान्य स्प्रेडशीट के तौर पर हुई थी, लेकिन जब सेल्स टीमों ने इसका इस्तेमाल शुरू किया, तो संस्थापकों ने उत्पाद को उसी दिशा में मोड़ दिया। ग्राहकों की वास्तविक समस्या को समझना उत्पाद की सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है। • जटिल तकनीक को सरल बनाएं: करीम अमीन का प्राथमिक लक्ष्य प्रोग्रामिंग की शक्ति को आम लोगों तक पहुंचाना था। गैर-तकनीकी कर्मचारियों को शक्तिशाली तकनीकी टूल्स सौंपकर विशाल व्यावसायिक मूल्य तैयार किया जा सकता है। • धैर्य और निरंतरता से विकास: वर्ष 2017 में शुरू हुई कंपनी को वैश्विक पहचान और 7.1 अरब डॉलर का मूल्यांकन पाने में कई वर्ष लगे। टिकाऊ सफलता पाने के लिए निरंतर नवाचार और बाजार के सही समय का इंतजार जरूरी है। https://trendkia.com/startups/ai-aura-tomeshana-ne-badala-selsa-ka-tarika-tech-knpaniyon-men-teji-se-barha-rahi-gtm-injiniyaron-ki-manga-42933 TrendKia — Har trend, sabse pehle.