# तमिलनाडु के बजट में सोने के सिक्के और लैपटॉप देने की बड़ी घोषणा, भारी कर्ज के बीच मुख्यमंत्री थलापति विजय का जनकल्याण पर दांव

> तमिलनाडु सरकार ने अपने पहले बजट में बेटियों को शादी के समय सोने के सिक्के और नवजात बच्चों को सोने की अंगूठी देने का ऐलान किया है। राज्य पर 10.99 लाख करोड़ रुपये का भारी कर्ज होने के बावजूद मुख्यमंत्री थलापति विजय ने लोक कल्याणकारी योजनाओं के लिए बड़ा खजाना खोल दिया है।

**Type:** article · **Category:** तमिलनाडु · **Published:** 2026-08-06 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/tamil-nadu/tamil-nadu-ke-bajata-men-sone-ke-sikke-aura-laipatopa-dene-ki-bari-ghoshana-bhari-karja-ke-bicha-mukhyamntri-thalapathy-vijay-ka-j-14316 · **Language:** Hindi
**Tags:** तमिलनाडु बजट, थलापति विजय, एन मैरी विल्सन, सोने का सिक्का योजना, वेट्री लैपटॉप स्कीम, तमिलनाडु कर्ज

तमिलनाडु में मुख्यमंत्री थलापति विजय के नेतृत्व वाली सरकार ने बुधवार को राज्य का नया बजट प्रस्तुत करते हुए जनकल्याणकारी योजनाओं की झड़ी लगा दी है। सरकार ने अपने चुनावी घोषणापत्र में किए गए वादों को अमलीजामा पहनाते हुए महिलाओं, विद्यार्थियों और नवजात शिशुओं के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं की घोषणा की है। राज्य के ऊपर लगभग 11 लाख करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ होने के बावजूद प्रशासन ने सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी इन प्राथमिकताओं पर भारी-भरकम राशि आवंटित की है। देश भर में इस बजट की व्यापक चर्चा हो रही है, क्योंकि एक तरफ राज्य की देनदारियां अपने चरम पर हैं और दूसरी तरफ मुख्यमंत्री थलापति विजय की व्यक्तिगत संपत्ति चुनावी हलफनामे के अनुसार लगभग 624 करोड़ रुपये है। ऐसे विपरीत आर्थिक परिदृश्य के बीच सरकार ने सीधी नकद और वस्तु सहायता देने वाले कार्यक्रमों पर ध्यान केंद्रित किया है।

## सोने के सिक्के और बेबी किट की घोषणाओं पर 1362 करोड़ रुपये का बजट
प्रशासन ने आम जनता से सीधे जुड़े कल्याणकारी कार्यक्रमों को प्राथमिकता दी है। ‘अन्नन सीर थिट्टम’ नाम की नई पहल के अंतर्गत राज्य की पात्र दुल्हनों को उनके विवाह के अवसर पर 8 ग्राम वजन का सोने का सिक्का और एक रेशमी साड़ी उपहार स्वरूप प्रदान की जाएगी। इस योजना को सुचारू रूप से लागू करने के लिए सरकार ने 812 करोड़ रुपये का विशाल फंड तय किया है। इसके साथ ही सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले बच्चों और उनकी माताओं के लिए ‘थाई मामन थंगा मोधिरम थिट्टम’ शुरू की गई है। इसके तहत सरकारी चिकित्सालय में पैदा होने वाले प्रत्येक नवजात शिशु को 1 ग्राम वजन की सोने की अंगूठी और एक संपूर्ण बेबी किट दी जाएगी। इस शिशु कल्याण योजना के संचालन के लिए बजट में 560 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। केवल इन दो प्रमुख योजनाओं को मिलाकर ही राज्य सरकार कुल 1362 करोड़ रुपये का आर्थिक आवंटन करने जा रही है।

## शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए बड़ी योजनाएं और 2000 करोड़ की लैपटॉप स्कीम
बजट केवल पारंपरिक सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि शिक्षा और चिकित्सा क्षेत्र के विकास पर भी इसमें विशेष ध्यान दिया गया है। विद्यार्थियों के प्रोत्साहन के लिए ‘वेट्री लैपटॉप स्कीम’ की शुरुआत की गई है, जिसके लिए बजट में 2000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। स्कूली छात्रों के पोषण को ध्यान में रखते हुए मिडिल स्कूल स्तर तक नाश्ता देने की व्यवस्था का दायरा बढ़ाया जाएगा। इसके अतिरिक्त राज्य के 3700 से अधिक सरकारी स्कूलों के बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने का निर्णय लिया गया है। शैक्षणिक संस्थानों में स्वच्छता अभियान, एआई आधारित आधुनिक शिक्षण प्रणालियां और वंचित वर्ग के विद्यार्थियों के लिए विशेष आवासीय विद्यालय स्थापित किए जाएंगे। स्वास्थ्य सेवाओं के मोर्चे पर मातृत्व सहायता केंद्र, कैंसर उपचार हब, टेलीमेडिसिन सुविधाएं, बुजुर्ग नागरिकों के लिए समर्पित मोबाइल मेडिकल यूनिट और सरकारी अस्पतालों में जीवन रक्षक दवाओं के बजट में पर्याप्त वृद्धि की गई है।

## 11 लाख करोड़ रुपये के कर्ज के बीच राजस्व जुटाने की प्रशासनिक रणनीति
राज्य का वित्तीय लेखा-जोखा प्रस्तुत करते हुए वित्त मंत्री एन. मैरी विल्सन ने स्पष्ट स्वीकार किया कि तमिलनाडु की आर्थिक स्थिति काफी चुनौतीपूर्ण दौर से गुजर रही है। संशोधित अनुमानों के अनुसार तमिलनाडु सरकार पर वर्तमान में लगभग 10.99 लाख करोड़ रुपये का कुल कर्ज दर्ज है। पिछले पांच वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो राज्य का ऋण भार लगभग दोगुना हो चुका है। हालांकि सरकार का दावा है कि वह इस वित्तीय अंतर को पाटने के लिए आम जनता पर कोई नया टैक्स नहीं लगाएगी। इसके स्थान पर प्रशासनिक सुधारों और बेहतर निगरानी व्यवस्था के माध्यम से अतिरिक्त राजस्व प्राप्त किया जाएगा। इसके लिए सरकारी टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने, खनन गतिविधियों की डिजिटल ट्रैकिंग करने, शराब निर्माता कंपनियों पर अतिरिक्त शुल्क आयत करने और संपत्ति पंजीकरण एवं कर वसूली प्रणाली में उन्नत तकनीक के उपयोग जैसे कड़े कदम उठाए गए हैं। इन प्रशासनिक सुधारों के बल पर सरकार ने लगभग 16 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त वार्षिक आय अर्जित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

## राजनीतिक छवि और पारिवारिक रिश्तों का बजटीय ताना-बाना
मुख्यमंत्री थलापति विजय की सरकार का यह पहला बजट स्पष्ट संदेश देता है कि वह वित्तीय दबावों के बावजूद अपने जनसामान्य से किए गए वादों से पीछे नहीं हटना चाहती। सरकार की रणनीति पहले वादों को पूरा करने और उसके बाद प्रशासनिक पारदर्शिता से राजस्व में संतुलन स्थापित करने की है। इस पूरे बजट दस्तावेज में मुख्यमंत्री की वह पारिवारिक और आत्मीय राजनीतिक छवि झलकती है जो उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान निर्मित की थी। विवाह योग्य युवतियों के लिए वह 'अन्नन' यानी बड़े भाई की भूमिका में हैं, नवजात शिशुओं के लिए 'थाई मामन' यानी मामा की भूमिका निभा रहे हैं और स्कूली बच्चों के बीच 'विजय मामा' के रूप में अपनी पहचान को मजबूत कर रहे हैं। चुनाव अभियान के इस भावनात्मक जुड़ाव को अब तमिलनाडु सरकार की आधिकारिक नीतियों और बजटीय आवंटन का स्थायी हिस्सा बना दिया गया है।

## इसका आप पर असर
- **भारत में:** यह बजट दिखाता है कि कैसे राज्य सरकारें भारी वित्तीय देनदारियों और कर्ज के बावजूद प्रत्यक्ष कल्याणकारी योजनाओं को प्राथमिकता देती हैं।
- **तमिलनाडु में:** पात्र दुल्हनों को 8 ग्राम सोने का सिक्का व साड़ी, सरकारी अस्पताल में जन्मे बच्चों को 1 ग्राम सोने की अंगूठी व किट और छात्रों को मुफ्त लैपटॉप मिलेगा।

## सवाल-जवाब

### 1. तमिलनाडु सरकार की 'अन्नन सीर थिट्टम' योजना क्या है?
इस योजना के तहत राज्य की पात्र दुल्हनों को विवाह के समय 8 ग्राम का सोने का सिक्का और एक रेशमी साड़ी दी जाएगी, जिसके लिए 812 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।

### 2. सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले बच्चों के लिए क्या घोषणा की गई है?
'थाई मामन थंगा मोधिरम थिट्टम' के तहत सरकारी अस्पताल में जन्म लेने वाले प्रत्येक बच्चे को 1 ग्राम सोने की अंगूठी और एक बेबी किट दी जाएगी।

### 3. तमिलनाडु पर वर्तमान में कुल कितना कर्ज है?
संशोधित अनुमानों के अनुसार तमिलनाडु पर वर्तमान में लगभग 10.99 लाख करोड़ रुपये (करीब 11 लाख करोड़ रुपये) का कर्ज है।

### 4. 'वेट्री लैपटॉप स्कीम' के लिए कितना बजट तय किया गया है?
विद्यार्थियों के लिए शुरू की गई 'वेट्री लैपटॉप स्कीम' के लिए राज्य सरकार ने 2000 करोड़ रुपये का बजट रखा है।

### 5. सरकार बिना नया टैक्स लगाए 16 हजार करोड़ रुपये कैसे जुटाएगी?
सरकार टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता, खनन की डिजिटल निगरानी, शराब कंपनियों पर अतिरिक्त शुल्क और कर प्रणाली में तकनीक का उपयोग कर अतिरिक्त आय जुटाएगी।

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