यूएस ओपन में जीत के साथ एलेना रायबाकिना ने शुरू की नंबर एक रैंकिंग हासिल करने की जंग ऑस्ट्रेलियन ओपन चैंपियन एलेना रायबाकिना ने यूएस ओपन के पहले दौर में जीत दर्ज कर महिला टेनिस में शीर्ष रैंकिंग हासिल करने की अपनी मजबूत दावेदारी पेश कर दी है। दुनिया की दूसरे नंबर की खिलाड़ी एलेना रायबाकिना ने न्यूयॉर्क में जारी यूएस ओपन के अपने पहले मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की है। इस जीत के साथ ही उन्होंने महिला टेनिस रैंकिंग में शीर्ष स्थान हासिल करने की अपनी कोशिशों को नया बल दिया है। 27 वर्षीय कजाखस्तान की इस स्टार खिलाड़ी ने स्पष्ट किया है कि भले ही नंबर एक बनने की रेस उन्हें उत्साहित करती है, लेकिन उनका प्राथमिक ध्यान एक बार में एक ही कदम उठाने और अपनी शारीरिक स्थिति को बेहतर बनाए रखने पर केंद्रित है। इस साल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलियन ओपन का खिताब जीतने वाली रायबाकिना के पास साल का दूसरा ग्रैंड स्लैम जीतकर अपने करियर में पहली बार विश्व रैंकिंग में नंबर एक पर पहुँचने का सुनहरा अवसर है। शीर्ष रैंकिंग का समीकरण और अंकों का गणित रैंकिंग टेबल पर नज़र डालें तो दूसरी वरीयता प्राप्त रायबाकिना फिलहाल विश्व की नंबर एक खिलाड़ी आर्यना सबालेंका से महज 434 रेटिंग अंकों से पीछे हैं। न्यूयॉर्क में सेमीफाइनल तक का सफर तय करते ही रायबाकिना के पास शीर्ष स्थान पर पहुँचने का मौका होगा, चाहे सबालेंका अपने खिताब का बचाव करने में सफल ही क्यों न रहें। इसके अतिरिक्त, यदि सबालेंका, कोको गॉफ और जेसिका पेगुला में से कोई भी खिलाड़ी इस साल यूएस ओपन की ट्रॉफी नहीं उठा पाती है, तो रायबाकिना किसी भी स्थिति में शीर्ष स्थान हासिल कर लेंगी। यह स्थिति इस साल के शुरुआती महीनों से काफी अलग है। वसंत के मौसम में सबालेंका और रायबाकिना के बीच 3,000 से अधिक अंकों का एक बड़ा अंतर था। हालाँकि, इसके बाद बेलारूस की सबालेंका के प्रदर्शन में आई गिरावट ने रायबाकिना को यह दूरी कम करने का मौका दिया। रायबाकिना ने स्वीकार किया कि अतीत में भी उनके पास शीर्ष पर पहुँचने के अवसर आए थे जो उनके पक्ष में नहीं रहे, लेकिन इस बार वह अपनी लय बनाए रखने और रिकवरी पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। सिनसिनाटी की चोट के बाद शारीरिक फिटनेस की चुनौती दो बार की ग्रैंड स्लैम चैंपियन रायबाकिना जब फ्लशिंग मीडोज पहुंचीं, तो उनकी फिटनेस को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे थे। यूएस ओपन से ठीक पहले सिनसिनाटी में इगा स्वियातेक के खिलाफ मुकाबले के दौरान वह चोट के कारण मैच बीच में ही छोड़ने पर मजबूर हो गई थीं। इस टूर्नामेंट की तैयारी के दौरान उन्हें शारीरिक गतिविधियों को सीमित करना पड़ा था। अपनी चोट की स्थिति के बारे में बात करते हुए रायबाकिना ने कहा कि वह दिन-प्रतिदिन के हिसाब से अपनी सेहत का आकलन कर रही हैं। टूर्नामेंट से पहले उन्होंने ज्यादा अभ्यास या शारीरिक श्रम नहीं किया था, इसलिए फिलहाल उनका मुख्य ध्यान शरीर के संकेतों को सुनने और पूरी तरह से उबरने पर है। उन्होंने राहत जताते हुए कहा कि फिलहाल वह अच्छा महसूस कर रही हैं और उनकी रिकवरी सही दिशा में बढ़ रही है। पहले दौर के मुकाबले में सर्विस का दबदबा बारिश के कारण देर से शुरू हुए अपने शुरुआती दौर के मैच में रायबाकिना ने जबरदस्त क्लास दिखाई। हालाँकि उन्होंने मुकाबले की शुरुआत डबल फॉल्ट के साथ की थी, लेकिन इसके बाद अपनी सर्विस पर विरोधी खिलाड़ी को कोई मौका नहीं दिया। रायबाकिना ने पहले सेट में अपनी सर्विस पर केवल तीन अंक गंवाए और लगातार तीन सर्विस गेम बिना कोई अंक दिए (लव होल्ड) अपने नाम किए। पूरे पहले सेट में रायबाकिना के सामने एक भी ब्रेक प्वाइंट नहीं आया। दूसरे सेट के छठे गेम में जाकर उन्हें पहली बार ब्रेक प्वाइंट का सामना करना पड़ा, जहाँ उन्होंने संयम बनाए रखते हुए दोनों ब्रेक प्वाइंट बचाए। दूसरी तरफ वापसी की सर्विस पर रायबाकिना बेहद सटीक नजर आईं और उन्होंने अपने पहले तीनों ब्रेक प्वाइंट्स को भुनाते हुए दूसरे सेट में 5-1 की मजबूत बढ़त हासिल कर ली। युवा वाइल्डकार्ड फ्रोडिन का कड़ा मुकाबला यूनाइटेड स्टेट्स टेनिस एसोसिएशन (यूएसटीए) गर्ल्स 18्स नेशनल चैंपियनशिप जीतकर डब्ल्यूटीए टूर के मुख्य ड्रा में पहली बार जगह बनाने वाली युवा वाइल्डकार्ड खिलाड़ी फ्रोडिन ने मैच में आसानी से हार नहीं मानी। 5-1 से पीछे होने के बाद भी फ्रोडिन ने रायबाकिना को मैच समाप्त करने के लिए कड़ी मशक्कत कराई और अपने आखिरी सर्विस गेम में ऐस लगाते हुए तीन मैच प्वाइंट बचाए। फ्रोडिन ने पूरे मैच के दौरान कुल 11 ऐस लगाए। अंततः रायबाकिना ने खुद एक शानदार ऐस लगाकर मुकाबला अपने नाम किया। यह उनके मैच का छठा ऐस था और इस सत्र का उनका 363वां ऐस था, जो डब्ल्यूटीए टूर पर इस साल किसी भी महिला खिलाड़ी द्वारा लगाए गए सबसे अधिक ऐस का रिकॉर्ड है। जीत दर्ज करने के बाद रायबाकिना ने युवा प्रतिद्वंद्वी फ्रोडिन के खेल की सराहना करते हुए कहा कि उनके पास बेहतरीन शॉट्स और एक मजबूत सर्विस है, जिससे यह मुकाबला आसान नहीं रहा। रायबाकिना ने कोर्ट पर अपने समय का आनंद लेने की बात भी दोहराई। इसका आप पर असर यूएस ओपन में एलेना रायबाकिना का यह मुकाबला महिला टेनिस रैंकिंग की शीर्ष होड़ को बेहद रोमांचक बनाता है और इसका सीधा प्रभाव टेनिस जगत पर देखने को मिलेगा। • टेनिस प्रशंसकों के लिए: विश्व नंबर एक बनने की यह जंग टूर्नामेंट के प्रत्येक दौर में भारी रोमांच पैदा करेगी। हर मैच के नतीजे से रैंकिंग समीकरण बदलेंगे। • प्रसारण और दर्शकों के लिए: रायबाकिना और सबालेंका के मैचों के दौरान वैश्विक व्यूअरशिप में बड़ी वृद्धि देखने को मिल सकती है। प्रशंसक दोनों स्टार्स की हर सर्विस पर नजर बनाए रखेंगे। • डब्ल्यूटीए रैंकिंग के लिए: यदि रायबाकिना सेमीफाइनल तक पहुंचती हैं, तो महिला टेनिस को एक नई नंबर एक खिलाड़ी मिलेगी। यह लंबे समय बाद रैंकिंग के शीर्ष पर बड़ा फेरबदल होगा। • युवा खिलाड़ियों के लिए: फ्रोडिन जैसे युवा वाइल्डकार्ड खिलाड़ियों के प्रदर्शन से यह साबित होता है कि नई प्रतिभाएं बड़े मंच पर कड़ी चुनौती पेश करने में सक्षम हैं। सवाल-जवाब 1. एलेना रायबाकिना को विश्व नंबर एक बनने के लिए यूएस ओपन में क्या करना होगा? रायबाकिना को नंबर एक बनने के लिए न्यूयॉर्क में कम से कम सेमीफाइनल तक पहुँचना होगा, चाहे आर्यना सबालेंका अपने खिताब का बचाव ही क्यों न कर लें। 2. रायबाकिना और सबालेंका के बीच कितने अंकों का अंतर है? टूर्नामेंट की शुरुआत में एलेना रायबाकिना विश्व नंबर एक सबालेंका से केवल 434 अंकों से पीछे हैं। 3. रायबाकिना के पहले दौर की प्रतिद्वंद्वी कौन थीं? उनकी प्रतिद्वंद्वी युवा वाइल्डकार्ड खिलाड़ी फ्रोडिन थीं, जिन्होंने यूएसटीए गर्ल्स 18्स नेशनल चैंपियनशिप जीतकर मुख्य ड्रा में पदार्पण किया था। 4. सिनसिनाटी में रायबाकिना के साथ क्या हुआ था? सिनसिनाटी में रायबाकिना को इगा स्वियातेक के खिलाफ मैच के दौरान चोट के कारण रिटायर होना पड़ा था। प्रेरणा और सबक एलेना रायबाकिना का दृष्टिकोण खेल और जीवन में दबाव से निपटने के लिए व्यावहारिक सबक देता है। • एक समय में एक कदम उठाना: बड़ी उपलब्धियों पर ध्यान केंद्रित करने के बजाय दैनिक प्रक्रिया और रिकवरी पर ध्यान लगाना सफलता की कुंजी है। • शारीरिक सीमाओं का सम्मान करना: अपनी फिटनेस की चिंताओं के बावजूद अपने शरीर के संकेतों को सुनना और समझदारी से आगे बढ़ना दीर्घकालिक स्थिरता देता है। • विफलता से सीखकर आगे बढ़ना: अतीत में मिले अवसरों के हाथ से निकल जाने के बाद भी हताश न होना और नए मौकों के लिए खुद को प्रेरित रखना। https://trendkia.com/tennis/us-open-men-jita-ke-satha-elena-rybakina-ne-shuru-ki-nnbara-eka-rainkinga-hasila-karane-ki-jnga-26034 TrendKia — Har trend, sabse pehle.