गुजरात से बिहार का सफर होगा आसान, भुज और बरौनी के बीच दौड़ेगी अमृत भारत एक्सप्रेस गुजरात और बिहार के बीच सीधी कनेक्टिविटी मजबूत करने के लिए नई अमृत भारत एक्सप्रेस शुरू की जा रही है, जो चार राज्यों से होकर गुजरेगी। पश्चिम भारत के तटीय अंचल से पूर्वी भारत के मैदानी इलाकों के बीच आवागमन करने वाले मुसाफिरों के लिए सीधी रेल सुविधा का रास्ता साफ हो गया है। कच्छ जिले के प्रमुख केंद्र भुज से बिहार के औद्योगिक नगर बरौनी के बीच नई अमृत भारत एक्सप्रेस के संचालन को हरी झंडी मिल गई है। लगभग 2,532 किलोमीटर के लंबे फासले को पाटने वाली यह सेवा देश के चार बड़े भूभागों गुजरात, राजस्थान, उत्तर प्रदेश तथा बिहार के मुसाफिरों को यात्रा का नया विकल्प मुहैया कराएगी। सप्ताह में तीन फेरे लगाएगी यह नई रेल सेवा इस अंतरराज्यीय संपर्क को नियमित बनाए रखने के लिए दोनों छोरों से सप्ताह में तीन-तीन दिन गाड़ियां चलाई जाएंगी। भुज स्टेशन से चलने वाली गाड़ी संख्या 19427 प्रत्येक सप्ताह सोमवार, बुधवार एवं शनिवार को निर्धारित की गई है। शाम 5:30 बजे अपने शुरुआती स्टेशन से प्रस्थान करने के बाद यह गाड़ी यात्रा के तीसरे दिन भोर में 4:05 बजे बरौनी पहुंचेगी। वापसी दिशा में गाड़ी संख्या 19428 बरौनी जंक्शन से प्रत्येक मंगलवार, गुरुवार और शनिवार को अपनी यात्रा शुरू करेगी। देर रात 11:55 बजे रवाना होने वाली यह गाड़ी तीसरे पहर 1:15 बजे अपने गंतव्य भुज पर पहुंचेगी। दोनों दिशाओं में लंबी दूरी की इस यात्रा से आम मुसाफिरों को सीधी सीट मिलने में काफी सहूलियत होगी। रूट के अहम पड़ाव और ठहराव लंबी दूरी तय करने वाली इस विशेष सेवा के मार्ग में कई प्रमुख औद्योगिक, व्यापारिक और तीर्थ नगर पड़ेंगे। गुजरात के भीतर सामाखियाली और अहमदाबाद इसके प्रमुख केंद्र होंगे। इसके बाद ट्रेन मध्य भारत व राजस्थान के रतलाम, कोटा, सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी और भरतपुर जैसे व्यस्त जंक्शनों से गुजरेगी। उत्तर प्रदेश में प्रवेश करते ही यह रेलगाड़ी मथुरा, हाथरस, बरेली, इज्जतनगर, पीलीभीत, लखीमपुर, गोंडा और गोरखपुर को जोड़ेगी। इसके उपरांत बिहार सीमा में प्रवेश कर सीवान, छपरा, हाजीपुर, मुजफ्फरपुर तथा समस्तीपुर होते हुए अपने अंतिम पड़ाव बरौनी पहुंचेगी। इस तरह कई अहम रेल खंडों को यह ट्रेन एक ही सूत्र में पिरोएगी। प्रवासी कामगारों और व्यापारियों को सीधा लाभ कच्छ और सौराष्ट्र में रहने वाले पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार के कामगारों को त्योहारों तथा छुट्टियों के दौरान घर जाने के लिए अक्सर ट्रेनों में भारी भीड़ का सामना करना पड़ता था। इस नई शुरुआत से न केवल गुजरात में कार्यरत लाखों प्रवासियों को राहत मिलेगी, बल्कि धार्मिक और व्यापारिक दृष्टिकोण से भी पश्चिमी व पूर्वी भारत के बीच आवाजाही बेहद सुगम हो जाएगी। इसका आप पर असर इस नई रेल सेवा से पश्चिमी और पूर्वी भारत के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों को सीधा और किफायती सफर मिलेगा। • सीधे सफर की सुविधा: गुजरात से बिहार के बीच बिना गाड़ी बदले 2,532 किलोमीटर का सीधा सफर संभव होगा। इससे लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों को बीच के स्टेशनों पर ट्रेन बदलने के झंझट से मुक्ति मिलेगी। • प्रवासी कामगारों को राहत: गुजरात के औद्योगिक क्षेत्रों में कार्यरत उत्तर प्रदेश और बिहार के श्रमिकों को घर आने-जाने का नया साधन मिला है। इससे त्योहारी सीजन के दौरान नियमित ट्रेनों में होने वाली भारी भीड़भाड़ काफी हद तक कम होगी। • तीर्थ और व्यापारिक लाभ: मथुरा, गोरखपुर, अहमदाबाद और कोटा जैसे प्रमुख नगर एक ही रूट पर सीधे जुड़ गए हैं। व्यापारी वर्ग और तीर्थयात्री अब बिना किसी अतिरिक्त परेशानी के अपनी योजना बना सकेंगे। • साप्ताहिक विकल्प: दोनों दिशाओं से हफ्ते में तीन दिन चलने से नियमित यात्रियों को सुविधाजनक समय सारिणी मिलेगी। यात्री अपनी सुविधानुसार सप्ताह के अलग-अलग दिनों में अपनी यात्रा तय कर सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ पश्चिम और पूर्व भारत के बीच यात्रियों की बढ़ती मांग और मौजूदा ट्रेनों में भारी भीड़ के दबाव को कम करने के लिए इस मार्ग को मंजूरी दी गई है। • मार्ग पर अत्यधिक मांग: गुजरात के औद्योगिक नगरों और बिहार-पूर्वी उत्तर प्रदेश के बीच हमेशा से भारी संख्या में यात्री सफर करते रहे हैं। नियमित ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची के कारण अतिरिक्त सीधी गाड़ियों की निरंतर जरूरत महसूस की जा रही थी। • चार राज्यों का समन्वित नेटवर्क: उत्तर प्रदेश, राजस्थान, गुजरात और बिहार के कई प्रमुख स्टेशनों को जोड़ने वाली सीधी संपर्क सुविधा का अभाव था। इस लंबी दूरी की ट्रेन के जरिए कई महत्वपूर्ण जंक्शनों को एक साथ जोड़ा गया है। • अमृत भारत सेवाओं का विस्तार: आम यात्रियों को कम लागत में लंबी दूरी के सुगम सफर की सुविधा देने की योजना पर काम चल रहा है। इसी कड़ी के तहत इस नए इंटरस्टेट रूट को हरी झंडी दी गई है। सवाल-जवाब 1. भुज-बरौनी अमृत भारत एक्सप्रेस का ट्रेन नंबर क्या है? भुज से बरौनी जाने वाली ट्रेन का नंबर 19427 है, जबकि बरौनी से भुज की वापसी सेवा 19428 नंबर से चलेगी। 2. यह ट्रेन सप्ताह में किन दिनों चलेगी? ट्रेन नंबर 19427 भुज से सोमवार, बुधवार और शनिवार को चलेगी, जबकि ट्रेन नंबर 19428 बरौनी से मंगलवार, गुरुवार और शनिवार को रवाना होगी। 3. इस रेल सेवा की कुल दूरी और समय क्या है? यह ट्रेन 2,532 किलोमीटर की दूरी तय करेगी, जिसमें भुज से शाम 5:30 बजे चलकर तीसरे दिन सुबह 4:05 बजे बरौनी पहुंचेगी। 4. यह ट्रेन किन-किन राज्यों से होकर गुजरेगी? यह रेल सेवा चार प्रमुख राज्यों गुजरात, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार से होकर गुजरेगी। https://trendkia.com/travel/gujarat-se-bihar-ka-safar-hoga-aasan-bhuj-aur-barauni-ke-beech-daudegi-amrit-bharat-express-38364 TrendKia — Har trend, sabse pehle.