मानसून में पहाड़ों की तरफ निकलना है? ड्राइविंग पसंद करने वालों के लिए ये 6 रूट हैं बेस्ट चॉइस मानसून के मौसम में पहाड़, झरने और हरियाली किसी रोड ट्रिप को और भी खास बना देते हैं। जानिए भारत की 6 ऐसी जगहें, जहां बारिश में ड्राइविंग का मजा दोगुना हो जाता है। मानसून की फुहारों के बीच पहाड़ों की घुमावदार सड़कों पर गाड़ी दौड़ाने का मजा ही कुछ और होता है। भीगे हुए जंगल, गूंजते झरने और बादलों में लिपटी घाटियां हर सफर को यादगार बना देती हैं। बस निकलने से पहले मौसम और सड़कों की हालत जरूर देख लें, ताकि रास्ते में कोई परेशानी न हो। आइए जानते हैं भारत की उन 6 जगहों के बारे में, जो बारिश के मौसम में ड्राइविंग के लिए खास पसंद की जाती हैं। मुंबई से लोनावला, टाइगर पॉइंट और भुशी डैम का सफर मुंबई से लोनावला का रास्ता मानसून की सबसे लोकप्रिय रोड ट्रिप्स में गिना जाता है। रास्ते भर हरे-भरे पहाड़, बहते झरने और गहरी घाटियां नजर आती हैं, जो पूरे सफर को खूबसूरत बना देती हैं। इस ट्रिप में टाइगर पॉइंट और भुशी डैम पर रुकना बिल्कुल न भूलें, ये दोनों जगहें यहां की सबसे बड़ी पहचान मानी जाती हैं और मानसून में इनका नजारा और भी निखर जाता है। कूर्ग की वादियों में मानसून का जादू करीब 250 किलोमीटर लंबे एक और खूबसूरत रास्ते पर फूलों से भरे बगीचे, घने जंगल और पथरीले इलाके देखने को मिलते हैं। बारिश के मौसम में कूर्ग की प्राकृतिक सुंदरता कई गुना बढ़ जाती है, चारों तरफ फैली हरियाली और बादलों से घिरी पहाड़ियां किसी सपने जैसी लगती हैं। यहां पहुंचकर एब्बे फॉल्स और राजा सीट जैसी जगहों पर जरूर जाना चाहिए, बारिश में ये दोनों जगहें और भी सुंदर नजर आती हैं। उमियम झील की हरियाली के बीच एक सुकून भरा सफर अगर प्रकृति के बीच शानदार ड्राइविंग का अनुभव लेना हो, तो यह रास्ता एक बेहतरीन विकल्प साबित होता है। उमियम झील और उसके आसपास फैली घनी हरियाली का नजारा इस सफर को बेहद खास बना देता है। बारिश के मौसम में यहां का माहौल और भी शांत और सुकून भरा हो जाता है, जो लंबी ड्राइव के बाद सुकून चाहने वालों के लिए किसी वरदान से कम नहीं। मसूरी से धनौल्टी, देवदार के जंगलों के बीच शांति मसूरी से धनौल्टी की रोड ट्रिप में सफर भर शानदार नजारे देखने को मिलते हैं। देवदार और ओक के घने जंगल, पहाड़ों की ताजी हवा और चोटियों पर छाए बादल इस यात्रा को रोमांचक बना देते हैं। भीड़-भाड़ से दूर, शांति से वक्त बिताने के लिए यह जगह खासतौर पर पसंद की जाती है, और मानसून में यहां की ठंडक सफर को और भी सुहाना बना देती है। येरकाड की घुमावदार सड़कें और झील किनारे का सुकून यह रोड ट्रिप अपने तीखे घुमावदार मोड़ों और हरे-भरे पहाड़ी जंगलों के लिए मशहूर है। मानसून के दौरान यहां का मौसम बेहद सुहावना हो जाता है, हल्की ठंडक और बादलों की आवाजाही सफर को और दिलचस्प बना देती है। येरकाड झील और उसके आसपास फैले नजारों का लुत्फ उठाना इस यात्रा को यादगार बना देता है। सिलीगुड़ी से गंगटोक, तीस्ता नदी के साथ-साथ सफर पूर्वोत्तर भारत की खूबसूरती देखनी हो, तो सिलीगुड़ी से गंगटोक की यात्रा जरूर करनी चाहिए। तीस्ता नदी, ऊंचे पहाड़ और हरी-भरी घाटियां इस सफर को खास बनाती हैं, रास्ते भर बहती नदी का साथ यात्रा को और भी रोमांचक बना देता है। हालांकि निकलने से पहले मौसम का हाल जरूर जान लें, क्योंकि पहाड़ी इलाकों में बारिश के दौरान सड़कों की हालत अचानक बदल सकती है और रास्ते फिसलन भरे हो सकते हैं। इन 6 रूट्स में से हर एक अपने आप में अलग अनुभव देता है, कहीं झरनों की आवाज साथ चलती है तो कहीं नदी किनारे का सफर मन मोह लेता है। मानसून में निकलने वाले हर यात्री के लिए जरूरी है कि वह अपनी गाड़ी की हालत, टायर और ब्रेक पहले से चेक करा ले, ताकि पहाड़ी रास्तों पर कोई दिक्कत न हो। इसका आप पर असर अगर आप मानसून में रोड ट्रिप की योजना बना रहे हैं, तो यह जानकारी आपके काम की है। • ट्रैवलर्स के लिए: निकलने से पहले मौसम और सड़क की हालत जरूर चेक करें, क्योंकि पहाड़ी इलाकों में बारिश के दौरान रास्ते फिसलन भरे और खतरनाक हो सकते हैं। • प्लानिंग के लिए: महाराष्ट्र, कर्नाटक, मेघालय, उत्तराखंड, तमिलनाडु और सिक्किम में फैले ये रूट अलग-अलग बजट और दूरी के हिसाब से चुने जा सकते हैं। सवाल-जवाब 1. मानसून में भारत की कौन सी 6 रोड ट्रिप्स सबसे खास मानी जाती हैं? मुंबई से लोनावला, कूर्ग, उमियम झील (शिलांग के पास), मसूरी से धनौल्टी, येरकाड और सिलीगुड़ी से गंगटोक। 2. लोनावला रूट पर कौन-कौन सी जगहें देखनी चाहिए? इस रूट पर टाइगर पॉइंट और भुशी डैम जरूर देखने चाहिए। 3. कूर्ग वाला रास्ता कितना लंबा है? यह रास्ता करीब 250 किलोमीटर लंबा है। 4. कूर्ग में किन जगहों पर जरूर जाना चाहिए? एब्बे फॉल्स और राजा सीट, बारिश में ये और भी सुंदर नजर आती हैं। 5. मसूरी से धनौल्टी के रास्ते में क्या खास है? देवदार और ओक के घने जंगल, ताजी पहाड़ी हवा और चोटियों पर छाए बादल। 6. सिलीगुड़ी से गंगटोक के सफर में कौन सी नदी साथ चलती है? इस पूरे सफर में तीस्ता नदी साथ चलती है। 7. बारिश में रोड ट्रिप पर निकलने से पहले क्या ध्यान रखना चाहिए? मौसम और सड़क की हालत पहले से जरूर देख लें, क्योंकि पहाड़ी रास्ते बारिश में अचानक बदल सकते हैं। https://trendkia.com/travel/manasuna-men-paharon-ki-tarapha-nikalana-hai-draivinga-pasnda-karane-valon-ke-lie-ye-6-ruta-hain-besta-choisa-11638 TrendKia — Har trend, sabse pehle.