किचन से निकले घिसे हुए स्पंज को कूड़ेदान में डालने के बजाय इन दस अलग तरीकों से करें इस्तेमाल पुराने और घिसे हुए किचन स्पंज को बेकार समझकर फेंकने के बजाय पौधों की नमी बनाए रखने, फर्नीचर की सुरक्षा करने और घर के कई अन्य जरूरी कामों में आसानी से दोबारा उपयोग में लाया जा सकता है। किचन में प्लेटों और बर्तनों की सफाई के बाद जब स्पंज घिस जाता है, तो अमूमन उसे सीधे बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। लेकिन जरा ठहरकर सोचिए कि जिस स्पंज ने कल तक बर्तनों को चमकाया है, वह घरेलू कामकाज और बागवानी के मोर्चे पर अब भी बेहतरीन उपयोगिता दे सकता है। लोग अक्सर तमाम ऐसी उपयोगी वस्तुओं को कूड़े में डाल देते हैं, जिन्हें थोड़ा सा दिमाग लगाकर नए रूप में ढाला जा सकता है। पुराना पड़ चुका स्पंज भी बिल्कुल ऐसा ही एक उपयोगी सामान है जिसे मामूली समझकर छोड़ दिया जाता है। इसे कैंची से छोटे टुकड़ों में काटकर घरों में रखी अलमारियों और सोफों के नीचे पैरों के पास लगाया जा सकता है, हरियाली बढ़ाने वाले गमलों में रखा जा सकता है या फिर घर के उन जटिल कोनों की सफाई के लिए आरक्षित किया जा सकता है जो सामान्य रूप से हाथ में नहीं आते। इस तरह से चंद रुपयों की यह मामूली सी चीज कचरे में जाने से बचकर कई मोर्चों पर मददगार साबित हो सकती है। आइए जानते हैं ऐसे ही दस सरल और बेहद उपयोगी तरीकों के बारे में जिनकी मदद से पुराने स्पंज का बेहतरीन उपयोग किया जा सकता है। गमलों की मिट्टी में नमी को बनाए रखना यदि पौधों में हर रोज पानी डालना मुमकिन नहीं हो पा रहा है, तो साफ सुथरे पुराने स्पंज को गमले के अंदरूनी हिस्से में इस्तेमाल किया जा सकता है। स्पंज के इस टुकड़े को गमले की सबसे निचली परत में व्यवस्थित करने से यह अतिरिक्त पानी को सोख लेता है और काफी समय तक मिट्टी के भीतर पर्याप्त नमी बरकरार रखने में सहायता प्रदान करता है। हालांकि इस प्रक्रिया के दौरान यह जरूर ध्यान रखें कि स्पंज बहुत ज्यादा मात्रा में न भरा जाए और गमले का जल निकासी छिद्र पूरी तरह से खुला रहना चाहिए ताकि पानी आसानी से बाहर निकल सके। घर के अंदर ही बीजों से नए पौधे तैयार करने की प्रक्रिया के लिए हर बार महंगे और नए सीड ट्रे खरीदकर लाना जरूरी नहीं होता है। साफ स्पंज को पानी की मदद से हल्का सा गीला कर लें और फिर उसके ऊपर बीजों को व्यवस्थित रूप से रख दें। इस ट्रे को ऐसी जगह पर रखना चाहिए जहाँ पर्याप्त प्राकृतिक रोशनी तो मिलती रहे लेकिन तेज और सीधी धूप सीधे तौर पर पौधों पर न पड़े। जब बीजों से अंकुर फूट बाहर आएं, तब इन नन्हें पौधों को आसानी से निकालकर सीधे मिट्टी में रोपित किया जा सकता है। अस्थायी कूलिंग पैक और सफाई के औजार किसी छोटी यात्रा, पिकनिक या बच्चों के लंच बॉक्स के भीतर सामान को ठंडा रखने के लिए पुराने स्पंज की मदद से एक सुगम अस्थायी कूलिंग पैक तैयार किया जा सकता है। इसके लिए स्पंज को पानी में अच्छी तरह भिगोकर एक जिप लॉक बैग के अंदर सुरक्षित रख दें और फिर उसे फ्रीजर में पूरी तरह से जमा दें। जब भी इसकी जरूरत पड़े, इसे किसी कपड़े में अच्छी तरह लपेटकर ही इस्तेमाल करें। किसी भी खाद्य पदार्थ या दवा को सुरक्षित ठंडा करने से पहले उसकी स्टोरेज की जरूरतों को अवश्य परख लें क्योंकि हर वस्तु को एक जैसी फ्रीजिंग ठंडक की आवश्यकता नहीं होती है। स्पंज के टुकड़े को बीच से थोड़ा सा काटकर उसे किसी मजबूत चिमटे या सुरक्षित पकड़ वाले औजार में फंसाया जा सकता है। इस देसी जुगाड़ की सहायता से घर के एग्जॉस्ट फैन की जाली और अन्य धूल से भरी जटिल सतहों को साफ करना बेहद आसान हो जाता है। जब भी आप छत वाले पंखे की सफाई करने बैठें, तो सुरक्षा की दृष्टि से बिजली का मुख्य स्विच हमेशा बंद रखें और ऊंचाई पर काम करते वक्त पूरी सतर्कता बरतें। फर्नीचर की सुरक्षा और पत्तियों की चमक घर में रखी कुर्सियों, मेजों या भारी गमलों के निचले हिस्सों में पुराने स्पंज के छोटे-छोटे टुकड़े चिपकाए जा सकते हैं। इस आसान उपाय से जब भी भारी सामान को फर्श पर खिसकाया जाता है, तो जमीन पर पड़ने वाली हल्की खरोंच और घिसने की कर्कश आवाज से काफी हद तक राहत मिलती है। यह तरीका विशेष रूप से मार्बल टाइल्स और लकड़ी के फर्श वाले घरों में बहुत ज्यादा उपयोगी साबित होता है। घरों के अंदर सजाए जाने वाले इंडोर प्लांट्स की चौड़ी पत्तियों पर बहुत जल्दी धूल की एक परत जम जाती है। ऐसे में एक साफ और मुलायम पुराने स्पंज को हल्का सा पानी से गीला करके पौधों की पत्तियों के ऊपर बेहद हल्के हाथों से फेरा जा सकता है। इससे पत्तियों पर जमी सारी धूल आसानी से साफ हो जाती है और पौधे तरोताजा दिखने लगते हैं। किसी भी पौधे पर इस तरीके को आजमाने से पहले शुरुआत में उसकी एक या दो पत्तियों पर ही प्रयोग करके देखना सबसे सही रहता है। मुश्किल कोनों की सफाई और घुटनों का आराम किचन के मुख्य सिंक, बाथरूम की गंदी टाइल्स, पानी के नलों के आसपास की जगह और घर के अन्य छोटे गंदे हिस्सों की सफाई के लिए पुराने स्पंज को हमेशा अलग से सुरक्षित रख लेना चाहिए। इस सफाई वाले स्पंज को बर्तन धोने वाले नियमित स्पंज से बिल्कुल अलग रखना जरूरी है ताकि सफाई के काम में लाया गया यह टुकड़ा किसी भी स्थिति में वापस रसोई के बर्तनों तक न पहुंच सके। लंबे समय तक बगीचे में बैठकर पौधों की निराई करने या गमलों की साफ-सफाई में जुटे रहने पर जमीन पर लंबे समय तक बैठना या घुटनों के बल काम करना काफी थकाऊ और असहज हो सकता है। ऐसे में पुराने स्पंज को किसी साफ कपड़े में कसकर लपेटकर एक अस्थायी कुशन के रूप में उपयोग में लाया जा सकता है। ऐसा करने से घुटनों पर सीधा दबाव नहीं पड़ता और काम के दौरान जरूरी नरमी बनी रहती है। पिन होल्डर और साबुन के टुकड़ों का सदुपयोग छोटे आकार के स्पंज का इस्तेमाल घर में सिलाई के दौरान इस्तेमाल होने वाली पिनों, सुइयों या सेफ्टी पिनों को व्यवस्थित तरीके से एक जगह अटकाकर रखने के लिए अस्थायी होल्डर के रूप में किया जा सकता है। इस छोटे से उपाय से सुइयां और पिनें यहाँ-वहाँ बिखरकर किसी को चुभने से बच जाती हैं, लेकिन सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इसे हमेशा छोटे बच्चों की पहुँच से दूर ही रखना चाहिए ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके। अक्सर घरों में नहाने या हाथ धोने वाला साबुन इस्तेमाल होते-होते जब बहुत छोटा टुकड़ा बच जाता है, तो उसे हाथ से पकड़ना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में उस छोटे से साबुन के टुकड़े को स्पंज के बीच में आसानी से फंसाकर इस्तेमाल किया जा सकता है। इस तरीके से साबुन हाथ से फिसलता नहीं है और आसानी से पकड़ में रहता है, साथ ही इसके जरिए वॉशबेसिन या सिंक की हल्की-फुल्की सफाई भी आसानी से की जा सकती है. पुराना स्पंज कब फेंक देना चाहिए? यह जानना भी बेहद जरूरी है कि हर पुराने स्पंज को दोबारा इस्तेमाल में लाना हमेशा सुरक्षित नहीं होता है। यदि स्पंज के अंदर से किसी प्रकार की तेज या अजीब सी बदबू आने लगे, उसमें फफूंदी के काले धब्बे दिखाई देने लगें, वह इस्तेमाल के दौरान बहुत ज्यादा टूटने या बिखरने लगे, या फिर वह लंबे समय तक किसी गंदी जगह पर पड़ा रहा हो, तो उसे तुरंत कूड़ेदान में फेंक देना ही बुद्धिमानी है। खासकर ऐसा स्पंज जिसका उपयोग कच्चे मांस, अंडे या किसी अन्य दूषित खाद्य सामग्री की सफाई में हुआ हो, उसे कभी भी पौधों में या घर के अन्य कामों में इस्तेमाल करने से बचना चाहिए। इसका आप पर असर पुराने और घिसे हुए स्पंज को दोबारा इस्तेमाल करने से आपको नए सफाई उत्पाद खरीदने पर बार-बार पैसे खर्च नहीं करने पड़ते हैं, जिससे रोजमर्रा के छोटे खर्चों में बचत होती है। • भारत में: देश भर के घरों में सामान्य तौर पर इस्तेमाल होने वाले बर्तनों के स्पंज को फेंके जाने के बजाय पौधों की नमी बनाए रखने और फर्श को खरोंच से बचाने में उपयोग किया जा सकता है। • दैनिक उपयोग में: इस तरह के घरेलू नुस्खों को अपनाने से कचरा कम होता है और घर के छोटे-छोटे काम बिना किसी अतिरिक्त लागत के आसानी से पूरे हो जाते हैं। सवाल-जवाब 1. पुराने स्पंज को गमले में रखने से क्या फायदा होता है? पुराना स्पंज गमले की निचली परत में रखे जाने पर पानी सोख लेता है और मिट्टी में लंबे समय तक नमी बनाए रखने में मदद करता है। 2. क्या पौधों के बीज उगाने के लिए स्पंज का उपयोग किया जा सकता है? हाँ, साफ स्पंज को हल्का गीला करके उस पर बीज रखे जा सकते हैं और अंकुर निकलने के बाद उन्हें मिट्टी में लगाया जा सकता है। 3. फर्श पर खरोंच से बचने के लिए स्पंज का इस्तेमाल कैसे करें? कुर्सी, टेबल या गमलों के निचले हिस्सों में पुराने स्पंज के छोटे टुकड़े चिपकाने से फर्श पर खरोंच और घिसने की आवाज कम होती है। 4. पुराने स्पंज को किस स्थिति में फेंक देना चाहिए? यदि स्पंज में तेज बदबू आने लगे, फफूंदी दिखाई दे, या वह बहुत ज्यादा टूटने लगे तो उसे तुरंत फेंक देना चाहिए। 5. क्या बर्तन धोने वाले स्पंज से ही बाथरूम की सफाई की जा सकती है? नहीं, सफाई के लिए हमेशा अलग स्पंज रखना चाहिए ताकि वह दोबारा किचन के बर्तनों तक न पहुंचे। https://trendkia.com/trends/kichana-se-nikale-ghise-hue-spnja-ko-kuredana-men-dalane-ke-bajaya-ina-dasa-alaga-tarikon-se-karen-istemala-28285 TrendKia — Har trend, sabse pehle.