प्रद्योत देबबर्मा की मांग, नस्लीय टिप्पणी के आरोपी यूट्यूबर को त्रिपुरा लाया जाए टिपरा मोथा पार्टी के प्रमुख प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने दिल्ली के कंटेंट क्रिएटर आमिर शौकीन को निष्पक्ष जांच के लिए त्रिपुरा लाने की मांग की है। उन पर त्रिपुरा के एक युवक के खिलाफ नस्लीय टिप्पणी करने का आरोप है। अगरतला में एक बड़ा राजनीतिक और सामाजिक विवाद गहराता जा रहा है, जहाँ टिपरा मोथा पार्टी के संस्थापक प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने दिल्ली के रहने वाले कंटेंट क्रिएटर आमिर शौकीन को त्रिपुरा लाए जाने की पुरजोर वकालत की है। इस पूरे प्रकरण की शुरुआत तब हुई जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ, जिसमें आमिर शौकीन पर त्रिपुरा के एक युवा के प्रति कथित तौर पर अपमानजनक और नस्लीय टिप्पणियां करने का आरोप लगाया गया। इस वीडियो के सामने आते ही पूर्वोत्तर के कई राज्यों में गहरी नाराजगी फैल गई और हर तरफ से इसकी निंदा की जाने लगी। प्राथमिकी और पुलिस कार्रवाई की मांग प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने इस पूरी घटना को त्रिपुरा की पूरी जनता का अपमान करार दिया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि चूंकि इस मामले में प्राथमिकी पहले ही दर्ज की जा चुकी है, इसलिए जांच की प्रक्रिया भी इसी राज्य में पूरी होनी चाहिए। उनका यह भी मानना है कि आरोपी को त्रिपुरा की धरती पर लाया जाना बेहद जरूरी है ताकि वह यहाँ के समृद्ध इतिहास और यहां के निवासियों की भावनाओं को गहराई से समझ सके। राजनीतिक हलकों में तीखी प्रतिक्रिया इस गंभीर मामले के तूल पकड़ने के बाद त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने राज्य के पुलिस प्रमुख को निर्देश दिए हैं कि वे दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर तुरंत और उचित समन्वय स्थापित करें। इसके अलावा विभिन्न राजनीतिक दलों के दिग्गज नेताओं ने भी इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग उठाई है। इस कड़ी में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। मंत्रिस्तरीय चेतावनी और सबक केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि इस तरह के कृत्य करने वाले व्यक्ति को कड़ा दंड भुगतना होगा। उन्होंने माना कि आधिकारिक शिकायत दर्ज कराने में थोड़ी देरी जरूर हुई, लेकिन इसके बावजूद दिल्ली पुलिस और त्रिपुरा पुलिस मिलकर आरोपी को कड़ा सबक सिखाएंगी। किरेन रिजिजू ने इस बात पर भी जोर दिया कि समाज में इस तरह के घिनौने और बुरे व्यवहार को बर्दाश्त करने वाले लोग भी कहीं न कहीं नफरत फैलाने के जिम्मेदार होते हैं। इसका आप पर असर इस घटना से जुड़े कानूनी और प्रशासनिक कदमों का असर देश भर में आपसी सद्भाव और पूर्वोत्तर के निवासियों की सुरक्षा पर पड़ता है। • त्रिपुरा में: स्थानीय नागरिकों और युवाओं में इस बात को लेकर गहरी संवेदनशीलता है कि इस तरह के मामलों में त्वरित और पारदर्शी न्याय हो। राज्य के लोगों को उम्मीद है कि पुलिस जांच से एक कड़ा संदेश जाएगा। • भारत में: देश के विभिन्न हिस्सों में रहने वाले पूर्वोत्तर के छात्रों और नागरिकों की सुरक्षा को लेकर यह एक बड़ा मुद्दा बन गया है। इस तरह की घटनाओं पर सख्त प्रशासनिक कार्रवाई से भाषाई और क्षेत्रीय भेदभाव पर लगाम लगती है। ऐसा क्यों हुआ यह पूरा विवाद सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाले एक वीडियो के बाद पैदा हुआ, जिसमें कथित तौर पर नस्लीय टिप्पणियां की गई थीं। • वीडियो का वायरल होना: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वीडियो सामने आने के बाद पूर्वोत्तर के लोगों और राजनीतिक दलों में तीव्र आक्रोश फैल गया। • शिकायत में देरी और प्रतिक्रिया: आधिकारिक शिकायत दर्ज कराने में कुछ समय लगा, लेकिन बढ़ते जन दबाव के बाद मंत्रियों और पुलिस प्रमुखों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश देने पड़े। सवाल-जवाब 1. प्रद्योत देबबर्मा ने क्या मांग की है? प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने मांग की है कि आरोपी कंटेंट क्रिएटर आमिर शौकीन को दिल्ली से त्रिपुरा लाया जाए। 2. यह पूरा विवाद किस कारण से शुरू हुआ? यह विवाद एक वीडियो के वायरल होने के बाद शुरू हुआ जिसमें त्रिपुरा के एक युवक के खिलाफ कथित तौर पर नस्लीय और अपमानजनक टिप्पणी की गई थी। 3. इस मामले में मुख्यमंत्री ने क्या निर्देश दिए हैं? त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने राज्य के पुलिस प्रमुख को दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर काम करने के निर्देश दिए हैं। 4. किरेन रिजिजू ने इस घटना पर क्या कहा है? केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि दिल्ली और त्रिपुरा पुलिस मिलकर आरोपी को कड़ा सबक सिखाएंगी। https://trendkia.com/tripura/tmp-chief-pradyot-debbarma-demands-delhi-based-creator-be-brought-to-tripura-for-probe-50543 TrendKia — Har trend, sabse pehle.