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  "type": "article",
  "title": "अशोक सिंघल की शताब्दी पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किए उनके राष्ट्रहित के कार्य याद",
  "summary": "उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अशोक सिंघल के जन्म शताब्दी वर्ष के अवसर पर उनके जीवन और सनातन धर्म के संरक्षण में दिए गए योगदान को याद किया।",
  "content": "अशोक सिंघल की जन्म शताब्दी वर्ष के उद्घाटन समारोह के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके संपूर्ण जीवन और देश के प्रति समर्पण को याद किया। उन्होंने कहा कि अस्सी के दशक में उनके द्वारा जलाई गई चिंगारी आज एक विशाल ज्वाला का रूप ले चुकी है। यह शक्ति आज पूरे हिंदू समाज की रक्षा और उसके संवर्द्धन के लिए निरंतर सक्रिय रूप से कार्य कर रही है, जो उनके जीवन का मुख्य उद्देश्य भी था।\n\n \n\nराष्ट्र और सनातन धर्म को समर्पित जीवन\n मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में आगे कहा कि अशोक सिंघल ने अपना पूरा जीवन राष्ट्र, सनातन धर्म और संपूर्ण हिंदू समाज की सुरक्षा के वास्ते पूरी तरह समर्पित कर दिया था। उन्होंने अपने जीवन को एक पवित्र यज्ञ की तरह आगे बढ़ाया था, जिसका एकमात्र लक्ष्य देश और समाज की निष्काम सेवा करना था। उनके विचारों को याद करते हुए उन्होंने कहा, \"तन समर्पित, मन समर्पित, और यह जीवन समर्पित, चाहता हूं देश की धरती तुझे कुछ और भी दूं।\"\n\n \n\nआदर्शों को भावी पीढ़ियों तक पहुंचाना जरूरी\n मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि अशोक सिंघल का जीवन देश के प्रति अटूट निष्ठा और सनातन धर्म की रक्षा का मार्ग दिखाता है। उन्होंने अपने व्यक्तिगत सुखों और हितों को ताक पर रखकर हमेशा राष्ट्र और समाज के कल्याण के लिए काम किया। उनके द्वारा जलाई गई वह ज्योति आज भी समाज के संरक्षण के संकल्प को आगे बढ़ा रही है।\n\n \n\nविचारों को याद करना आदर्शों को आगे बढ़ाना है\n अपने विचार साझा करते हुए उन्होंने कहा कि अशोक सिंघल के व्यक्तित्व और उनके विचारों को याद करना दरअसल उनके आदर्शों को आगे बढ़ाने का ही एक माध्यम है। उनके जन्म शताब्दी वर्ष का यह आयोजन न केवल उनके राष्ट्र और समाज के प्रति समर्पण को याद करने का अवसर है, बल्कि उनके विचारों को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी है।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. अशोक सिंघल की जन्म शताब्दी समारोह का उद्घाटन किसने किया?\nइस समारोह का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया।\n\n2. योगी आदित्यनाथ ने अस्सी के दशक के किस योगदान का जिक्र किया?\nउन्होंने बताया कि अशोक सिंघल द्वारा अस्सी के दशक में जलाई गई ज्योति आज एक विशाल ज्वाला बनकर हिंदू समाज के संरक्षण में जुटी है।\n\n3. संबोधन के दौरान कौन सी कविता की पंक्तियाँ उद्धृत की गईं?\nसंबोधन में 'तन समर्पित, मन समर्पित, और यह जीवन समर्पित, चाहता हूं देश की धरती तुझे कुछ और भी दूं' पंक्तियां उद्धृत की गईं।",
  "url": "https://trendkia.com/uttar-pradesh/ashok-singhal-ki-sh-shatabdi-par-cm-yogi-ne-kiye-kaarya-yaad-39510",
  "category": "उत्तर प्रदेश",
  "publishedAt": "2026-09-27",
  "tags": [
    "योगी आदित्यनाथ",
    "अशोक सिंघल",
    "सनातन धर्म",
    "जन्म शताब्दी",
    "हिंदू समाज"
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  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
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