बदायूं में शराब के नशे में पिता ने की इकलौते बेटे की हत्या, फिर खुद पड़ोसियों को दी जानकारी उत्तर प्रदेश के बदायूं स्थित पैतृक गांव में शराब पीने के दौरान उपजे झगड़े में पिता ने कुल्हाड़ी से वार कर अपने इकलौते बेटे की जान ले ली। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने खुद ग्रामीणों को इस घटना की बात बताई और वहां से भाग निकला, जिसे बाद में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले में पारिवारिक रिश्तों को तार-तार कर देने वाली एक दर्दनाक घटना सामने आई है। पैतृक गांव में शुक्रवार देर रात शराब पीने के दौरान हुए आपसी विवाद में एक पिता ने अपने इकलौते बेटे पर कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला कर दिया। धारदार हथियार से गर्दन पर किए गए गहरे वार के चलते युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। खूनी वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने तड़के खुद ग्रामीणों को इसकी खबर दी और भाग निकला, जिसे बाद में स्थानीय पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पैतृक आवास पर शराब के दौर के बाद भड़की तकरार उसहैत थाना सीमा के भीतर पड़ने वाले गांव बची के मूल निवासी राम अवतार अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए बदायूं शहर में किराए के मकान में रह रहे थे। वह आजीविका चलाने के लिए ई-रिक्शा चलाते थे, जबकि उनके पिता नरेश ठेले पर सब्जियां बेचने का काम करते थे। गांव में स्थित उनका पुराना मकान लंबे समय से बंद पड़ा था और परिवार के लोग किसी खास काम से ही कभी-कभार वहां आते थे। शुक्रवार को दोनों पिता-पुत्र काफी अंतराल के बाद अपने गांव पहुंचे थे। शाम ढलने पर दोनों एक साथ बैठकर मदिरापान करने लगे। नशा गहराने के साथ ही किसी बात पर दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। कहासुनी इतनी उग्र हो गई कि पिता ने अचानक कुल्हाड़ी उठाई और बेटे के गले पर जानलेवा वार कर दिया, जिससे पल भर में राम अवतार की सांसें थम गईं। चारपाई पर चादर से ढका मिला शव, हथियार बरामद हमले के बाद आरोपी ने खून से लथपथ शव को घर के भीतर ही एक चारपाई पर चादर से ढक दिया। शनिवार की सुबह भोर होते ही नरेश ने खुद पड़ोसियों और ग्रामीणों को यह बात बताई कि उसने अपने बेटे को मौत के घाट उतार दिया है। इतना कहते ही वह गांव छोड़कर फरार हो गया। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने तुरंत घटना की जानकारी पुलिस प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया और बंद मकान से वारदात में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी बरामद कर ली। इसके बाद शव का पंचनामा भरकर उसे जांच और ऑटोप्सी के लिए भेज दिया गया। इलाके में घेराबंदी करते हुए पुलिस कर्मियों ने आरोपी पिता को भी गिरफ्तार कर लिया। अनाज लेने गांव पहुंचा था ई-रिक्शा चालक, पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल घटना की खबर मिलते ही मृतक राम अवतार की पत्नी मंजू पोस्टमार्टम केंद्र पहुंचीं, जहां उनका रो-रोकर बुरा हाल था। मंजू ने बताया कि उनका परिवार सिविल लाइंस इलाके में किराए पर कमरा लेकर गुजर-बसर कर रहा था। घर में उनके ससुर नरेश और सास उर्मिला भी साथ ही रहते थे। घर की गाड़ी चलाने के लिए राम अवतार ने किस्तों पर ई-रिक्शा खरीदा था, जिसे चलाकर वह परिवार पालते थे। मंजू के मुताबिक शुक्रवार को उनके पति अनाज के लिए गेहूं लेने गांव गए थे। उनके पीछे ससुर भी वहां पहुंच गए। दोनों के बीच इससे पहले कभी कोई बड़ा मनमुटाव या हिंसक झगड़ा देखने को नहीं मिला था। अचानक हुई इस वारदात ने पूरे कुनबे को गहरे सदमे में डाल दिया है। पुलिस ने शुरू की वैधानिक कार्रवाई मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी जांच में जुटे। एसपी सिटी अभिषेक सिंह ने बताया कि उसहैत थाना क्षेत्र के बची गांव में 23 अक्टूबर को एक पिता द्वारा अपने बेटे पर कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस संबंध में औपचारिक प्राथमिकी दर्ज कर ली है और मामले की कानूनी जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। इसका आप पर असर यह घटना घरेलू विवादों में शराब के खतरनाक परिणामों और परिवारों पर पड़ने वाले अचानक आर्थिक व सामाजिक संकट को उजागर करती है। • परिवार की आर्थिक सुरक्षा: घर के एकमात्र कमाने वाले ई-रिक्शा चालक की मौत से आश्रितों के सामने गंभीर भरण-पोषण संकट खड़ा हो गया है। किस्तों पर खरीदे गए वाहन की देनदारी और दैनिक खर्चों का बोझ अब पीड़ित परिवार पर आ गया है। • शराब और घरेलू अपराध: नशे की हालत में उपजे विवाद कई बार बेकाबू होकर गंभीर आपराधिक घटनाओं में तब्दील हो जाते हैं। ऐसे मामलों में तात्कालिक उत्तेजना से बचने के लिए परिवारों और समाज में जागरूकता बेहद जरूरी है। • कानूनी कार्रवाई: पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। हत्या के मामले में आरोपी पिता के खिलाफ अदालत में सख्त आपराधिक धाराओं के तहत मुकदमा चलाया जाएगा। • स्थानीय स्तर पर असर: गांव में लंबे समय से बंद पड़े मकानों में सुरक्षा और निगरानी की कमी भी ऐसे मामलों में सामने आती है। ग्रामीणों को किसी भी संदिग्ध हलचल पर सतर्क रहने की जरूरत है। ऐसा क्यों हुआ यह खूनी वारदात पारिवारिक मनमुटाव और अत्यधिक शराब के नशे के घातक मेल का परिणाम थी, जिसके कारण सामान्य बातचीत हिंसक टकराव में बदल गई। • तात्कालिक विवाद और नशा: दोनों पक्षों ने गांव के वीरान घर में देर रात साथ बैठकर अत्यधिक शराब पी थी। नशे की गंभीर अवस्था में किसी बात पर तीखी बहस छिड़ गई, जिसने क्षणिक आक्रोश में हिंसक रूप ले लिया। • आसपास किसी की मौजूदगी न होना: घटना स्थल पैतृक गांव का एक ऐसा मकान था जो लंबे समय से बंद रहता था। आसपास परिवार के अन्य सदस्यों या पड़ोसियों की तत्काल गैर-मौजूदगी के कारण विवाद को बीच-बचाव कर रोका नहीं जा सका। • हथियार की सहज उपलब्धता: ग्रामीण परिवेश के घरों में कृषि या दैनिक कार्यों के लिए कुल्हाड़ी जैसे धारदार उपकरण आसानी से रखे होते हैं। अचानक उपजे गुस्से में पिता के हाथ यह घातक हथियार लग गया, जिससे उसने बेटे पर वार कर दिया। सवाल-जवाब 1. बदायूं में यह वारदात कहां और कब हुई? यह घटना बदायूं जिले के उसहैत थाना क्षेत्र के बची गांव में 23 अक्टूबर की रात को घटी। 2. मृतक का नाम क्या था और वह क्या काम करता था? मृतक का नाम राम अवतार था और वह बदायूं शहर में किराए पर रहकर किस्तों पर लिया गया ई-रिक्शा चलाता था। 3. वारदात में किस हथियार का इस्तेमाल किया गया? आरोपी पिता ने अपने बेटे की गर्दन पर कुल्हाड़ी से वार किया था, जिसे पुलिस ने मौके से बरामद कर लिया है। 4. हत्या के बाद आरोपी पिता ने क्या किया? आरोपी पिता नरेश ने शनिवार तड़के खुद ग्रामीणों को बेटे की हत्या की बात बताई और वहां से भाग निकला, जिसे बाद में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। 5. राम अवतार गांव किस काम से गया हुआ था? मृतक की पत्नी मंजू के अनुसार, राम अवतार अपने पैतृक गांव गेहूं लेने के लिए गया था। https://trendkia.com/uttar-pradesh/badaun-men-sharaba-ke-nashe-men-pita-ne-ki-ikalaute-bete-ki-hatya-phira-khuda-parosiyon-ko-di-janakari-51370 TrendKia — Har trend, sabse pehle.