गाजियाबाद के खोड़ा में अवैध संबंधों के चलते युवक की गोली मारकर हत्या, पत्नी और प्रेमी सलाखों के पीछे गाजियाबाद के खोड़ा इलाके में प्रेम प्रसंग के चक्कर में एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने तहरीर मिलने के 12 घंटे के भीतर मृतक की पत्नी और उसके मौसेरे बहनोई को गिरफ्तार कर लिया है। गाजियाबाद के खोड़ा थाना क्षेत्र स्थित वंदना विहार में एक सनसनीखेज हत्याकांड का पर्दाफाश हुआ है, जहाँ अवैध संबंधों के चलते एक व्यक्ति को मौत के घाट उतार दिया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात की सूचना मिलने के महज 12 घंटे के भीतर दो आरोपियों को धर दबोचा। पकड़े गए आरोपियों में मृतक की पत्नी और उसका प्रेमी शामिल हैं। दोनों आरोपियों ने मिलकर इस पूरी खूनी साजिश का ताना-बाना बुना था ताकि वे आपस में शादी रचा सकें। सिलाई कंपनी में काम और वंदना विहार में रिहाइश जाँच के दौरान सामने आए विवरण के अनुसार, मृतक अंशुल अपनी पत्नी निशा के साथ खोड़ा कॉलोनी के वंदना विहार इलाके में एक किराए के मकान में रहता था। यह दंपति अपनी आजीविका चलाने के लिए नोएडा स्थित एक सिलाई कंपनी में साथ काम करता था। करीब 10 साल पहले अंशुल ने अपने परिवार की मर्जी के खिलाफ जाकर निशा के साथ प्रेम विवाह किया था। इस वैवाहिक जीवन से उनके दो बच्चे भी हैं, जो फिलहाल गांव में अपनी दादी की देखरेख में रह रहे हैं। घर में रिश्तेदार के आने से बिगड़े रिश्ते तकरीबन दो साल पहले अंशुल का मौसेरा बहनोई पप्पू उर्फ गंगा भगत भी खोड़ा आकर इसी किराए के मकान में उनके साथ रहने लगा था। साथ रहते हुए 30 वर्षीय निशा और 35 वर्षीय पप्पू के बीच नजदीकियां बढ़ गईं और दोनों के बीच अवैध संबंध स्थापित हो गए। कुछ समय बाद अंशुल को इस प्रेम प्रसंग की भनक लग गई थी। अंशुल ने इस आपत्तिजनक रिश्ते का विरोध किया और परिवार के अन्य सदस्यों से भी इसकी शिकायत की थी। हालांकि, समाज में बदनामी और लोक-लाज के डर से पारिवारिक स्तर पर मामले को दबाने की कोशिश की गई, जिसके चलते कोई सख्त कदम नहीं उठाया जा सका। शादी की चाहत और रची गई खूनी साजिश पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी पप्पू ने खुलासा किया कि वह और निशा आपस में विवाह करना चाहते थे। दोनों ने महसूस किया कि अंशुल उनके रास्ते का सबसे बड़ा कांटा बना हुआ है, इसलिए उन्होंने उसे रास्ते से हटाने की साजिश तैयार की। योजना के तहत पप्पू अपने पैतृक गांव से 315 बोर का एक अवैध देशी तमंचा और कारतूस लेकर आया तथा उसे कमरे के भीतर छिपाकर रख दिया। मौका 10 अक्टूबर 2026 को मिला, जब अंशुल ने अपने काम से दो दिन की छुट्टी ले रखी थी और वह घर पर अकेला था, जबकि निशा रोजाना की तरह काम पर चली गई थी। अकेला पाकर गोली मारी, फोन पर दी सूचना घर में अंशुल को पूरी तरह अकेला पाकर पप्पू ने उस पर गोली चला दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस वारदात को अंजाम देने के तुरंत बाद पप्पू ने फोन के जरिए लगातार संपर्क में रहते हुए निशा को हत्या की पूरी जानकारी दी। अगले दिन यानी 11 अक्टूबर 2026 को मृतक की बहन ने खोड़ा थाने पहुंचकर मामले की लिखित तहरीर दी, जिसके आधार पर पुलिस ने तुरंत हत्या का मुकदमा दर्ज कर अपनी तफ्तीश शुरू की। 12 घंटे में दोनों आरोपी गिरफ्तार, हथियार भी बरामद मुकदमा दर्ज होते ही पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर जाल बिछाया और 12 घंटे के भीतर दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। मुख्य आरोपी पप्पू मूल रूप से जनपद खीरी के ग्राम ओलरपुर का निवासी है। पुलिस ने आरोपी पप्पू की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया 315 बोर का एक अवैध देशी तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद कर लिया है। इस बरामदगी के आधार पर दर्ज मुकदमे में आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 की वृद्धि कर दी गई है और पुलिस दोनों के खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई पूरी कर रही है। इसका आप पर असर यह घटना घरेलू कलह, अवैध संबंधों और बढ़ते अपराधों के बीच कानूनी व सामाजिक स्तर पर सतर्क रहने की आवश्यकता को दर्शाती है। • भारत में: किसी भी गंभीर पारिवारिक विवाद या धमकी की स्थिति में कानूनी मदद लेने में झिझकना जानलेवा साबित हो सकता है। सामाजिक संकोच के चलते अपराध की आशंकाओं को नजरअंदाज करने के बजाय समय रहते पुलिस या मध्यस्थता का सहारा लेना चाहिए। • गाजियाबाद में: खोड़ा और आसपास के घनी आबादी वाले किराए के मकानों में रहने वाले लोगों के लिए यह मामला किरायेदार व पड़ोसियों की गतिविधियों पर नजर रखने की जरूरत रेखांकित करता है। स्थानीय पुलिस ने 12 घंटे में कार्रवाई कर साफ किया है कि त्वरित सूचना मिलने पर आपराधिक वारदातों में तेजी से न्याय प्रक्रिया शुरू की जाती है। ऐसा क्यों हुआ यह खूनी वारदात अवैध प्रेम प्रसंग और उसके बाद पैदा हुई सामाजिक व वैवाहिक खींचतान के सीधे परिणाम के रूप में सामने आई। दोनों आरोपियों ने अपनी शादी की राह आसान बनाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से हत्या को अंजाम दिया। • अवैध संबंध और शादी की चाहत: निशा और उसके मौसेरे बहनोई पप्पू के बीच पिछले दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों आपस में शादी करना चाहते थे और अंशुल के जीवित रहते यह संभव नहीं दिख रहा था। • आपसी विवाद और अनसुनी चेतावनी: अंशुल को इस रिश्ते की जानकारी हो चुकी थी और उसने परिजनों से शिकायत भी की थी। परिवार द्वारा लोक-लाज के डर से मामले को दबाने के कारण आरोपियों के हौसले बढ़ गए। • पूर्व नियोजित साजिश: मुख्य आरोपी पप्पू ने पहले ही अपने गांव से अवैध असलहा लाकर कमरे में छिपा दिया था। अंशुल के काम से छुट्टी लेने और घर पर अकेला होने का फायदा उठाकर उसे गोली मार दी गई। सवाल-जवाब 1. गाजियाबाद के खोड़ा में किसकी हत्या की गई? खोड़ा के वंदना विहार में किराए पर रहने वाले अंशुल नाम के व्यक्ति की गोली मारकर हत्या की गई। 2. इस हत्याकांड में किन लोगों को गिरफ्तार किया गया है? पुलिस ने मृतक की 30 वर्षीय पत्नी निशा और उसके 35 वर्षीय प्रेमी पप्पू उर्फ गंगा भगत को गिरफ्तार किया है। 3. हत्या की मुख्य वजह क्या थी? निशा और उसके मौसेरे बहनोई पप्पू के बीच अवैध संबंध थे और वे आपस में शादी करने के लिए अंशुल को रास्ते से हटाना चाहते थे। 4. पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल कौन सा हथियार बरामद किया है? आरोपी की निशानदेही पर 315 बोर का एक अवैध देशी तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद किया गया है। 5. पुलिस ने कितने समय में आरोपियों को पकड़ा? मृतक की बहन द्वारा 11 अक्टूबर 2026 को दी गई लिखित तहरीर के आधार पर पुलिस ने महज 12 घंटे में दोनों को गिरफ्तार कर लिया। https://trendkia.com/uttar-pradesh/ghaziabad-ke-khoda-men-avaidha-snbndhon-ke-chalate-yuvaka-ki-goli-marakara-hatya-patni-aura-premi-salakhon-ke-pichhe-46374 TrendKia — Har trend, sabse pehle.