गाजियाबाद के ट्रॉनिका सिटी में बिना मंजूरी बन रही कॉलोनी पर गरजा बुलडोजर गाजियाबाद विकास प्राधिकरण और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने ट्रॉनिका सिटी इलाके में बिना नक्शा पास कराए काटी जा रही अवैध कॉलोनी की सड़कों और दीवारों को ढहा दिया। गाजियाबाद के ट्रॉनिका सिटी इलाके में बिना वैधानिक स्वीकृति के विकसित की जा रही एक अवैध रिहायशी कॉलोनी पर मंगलवार को बड़ा प्रशासनिक एक्शन देखने को मिला। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर अनधिकृत निर्माणों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। इस सख्त अभियान का मकसद मास्टर प्लान और स्वीकृत नक्शों की अनदेखी करके कृषि भूमि पर अवैध प्लॉटिंग करने वाले कॉलोनाइजरों के नेटवर्क पर रोक लगाना है। नक्शा पास कराए बिना काटी जा रही थीं अवैध जमीनें ट्रॉनिका सिटी से सटे इस क्षेत्र में कुछ प्रॉपर्टी डीलरों और कॉलोनाइजरों ने स्थानीय किसानों से जमीनें हासिल की थीं। इसके बाद सरकारी नियमों और विकास प्राधिकरण के उपनियमों की धज्जियां उड़ाते हुए बिना किसी लेआउट मंजूरी के सीधे प्लॉटिंग शुरू कर दी गई। खरीदारों को लुभाने के लिए मौके पर पक्की सड़कों का निर्माण कर दिया गया था, भूखंडों की बाउंड्री वॉल खड़ी कर दी गई थी और बिजली के खंभे तक लगा दिए गए थे। जब इस अवैध गतिविधि की शिकायत GDA के संज्ञान में आई, तो विभाग ने संबंधित कॉलोनाइजरों को काम तुरंत रोकने का नोटिस थमाया था। इसके बावजूद मौके पर निर्माण कार्य जारी रखा गया, जिसके चलते प्रशासन को ध्वस्तीकरण की यह कार्रवाई करनी पड़ी। भारी पुलिस सुरक्षा के बीच सुबह गरजी जेसीबी मशीनें मंगलवार की सुबह GDA के प्रवर्तन दस्ते, जिला प्रशासन के अधिकारियों और पुलिस बल की एक बड़ी टीम ट्रॉनिका सिटी के संबंधित स्थल पर पहुंची। किसी भी तरह के विरोध या हंगामे की आशंका को देखते हुए पूरे इलाके में कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। इसके बाद कई जेसीबी और बुलडोजरों ने अभियान शुरू किया और कई बीघा में फैली अवैध कॉलोनी की पक्की सड़कों, चारदीवारियों और ढांचों को तोड़कर जमींदोज कर दिया। प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर स्पष्ट किया कि सरकारी जमीन या अनधिकृत क्षेत्रों में अवैध कॉलोनियों को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा। अवैध बस्तियों के खिलाफ जारी रहेगा प्रशासनिक अभियान ध्वस्तीकरण के बाद अधिकारियों ने कड़े शब्दों में कहा कि ट्रॉनिका सिटी और इसके आसपास के इलाकों में नियमों का उल्लंघन करने वालों पर निरंतर कार्रवाई होगी। अनियोजित बसावट से शहर का मूल ढांचा खराब होता है, इसलिए बिना लेआउट पास कराए प्लाट काटने वालों को चिन्हित करने का काम जारी रहेगा। भविष्य में भी ऐसी किसी भी अवैध कॉलोनी की सूचना मिलते ही उसे बुलडोजर चलाकर नेस्तनाबूत किया जाएगा। गाजियाबाद प्रशासन ने आम जनता से की सतर्क रहने की अपील इस पूरे मामले को लेकर प्रशासन ने नागरिकों को धोखाधड़ी से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी है। अधिकारियों ने अपील की है कि लोग अपनी गाढ़ी कमाई निवेश करने से पहले संबंधित जमीन और लेआउट की वैधानिकता की पुष्टि जरूर कर लें। किसी भी भूखंड को खरीदने से पहले यह जांचना आवश्यक है कि वह क्षेत्र गाजियाबाद विकास प्राधिकरण से अनुमोदित है अथवा नहीं। यदि कोई कॉलोनाइजर बिना सक्षम स्वीकृति के सस्ते प्लॉट का झांसा दे रहा हो, तो उसमें निवेश करने से बचें, ताकि बाद में वित्तीय नुकसान और कानूनी पेचीदगियों का सामना न करना पड़े। इसका आप पर असर यह प्रशासनिक कार्रवाई गाजियाबाद और एनसीआर में जमीन खरीदने की योजना बना रहे आम नागरिकों को सतर्क करती है ताकि वे धोखाधड़ी और आर्थिक नुकसान से बच सकें। • भारत में: अनधिकृत कॉलोनियों में निवेश करने से पहले सभी खरीदारों को स्थानीय शहरी विकास प्राधिकरण के लेआउट अनुमोदन दस्तावेज अवश्य जांचने चाहिए। ऐसा न करने पर अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर चलने से पूरी पूंजी डूब सकती है। • गाजियाबाद में: ट्रॉनिका सिटी और आसपास के क्षेत्रों में बिना स्वीकृत नक्शे के जमीन खरीदने से बचें क्योंकि प्रशासन ऐसे ढांचों को लगातार ध्वस्त कर रहा है। खरीदार सीधे जीडीए कार्यालय या पोर्टल के माध्यम से परियोजना की वैधता की पुष्टि कर सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ यह ध्वस्तीकरण अभियान कुछ कॉलोनाइजरों द्वारा सरकारी नियमों की अनदेखी करने और कानूनी नोटिस के बावजूद अवैध निर्माण जारी रखने के कारण चलाया गया। • प्रत्यक्ष कारण: प्रॉपर्टी डीलरों ने किसानों से जमीन लेकर बिना जीडीए से नक्शा पास कराए अवैध प्लॉटिंग शुरू कर दी थी। वहां सड़कें, बाउंड्री वॉल और बिजली के खंभे खड़े कर दिए गए थे। • नोटिस की अनदेखी: शिकायत मिलने पर गाजियाबाद विकास प्राधिकरण ने काम रोकने का नोटिस दिया था, लेकिन कॉलोनाइजरों ने इसे नजरअंदाज कर निर्माण जारी रखा। • आगामी कदम: प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ट्रॉनिका सिटी और आसपास के क्षेत्रों में ऐसी अनधिकृत कॉलोनियों को चिन्हित कर लगातार ध्वस्तीकरण अभियान जारी रहेगा। सवाल-जवाब 1. प्रशासन ने यह ध्वस्तीकरण कार्रवाई कहाँ की? यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में ट्रॉनिका सिटी से सटे इलाके में की गई। 2. इस कार्रवाई में कौन-कौन सी एजेंसियां शामिल थीं? गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA), जिला प्रशासन और पुलिस बल की संयुक्त टीम ने मिलकर यह कार्रवाई की। 3. कॉलोनी को ध्वस्त करने का मुख्य कारण क्या था? कॉलोनाइजरों ने जीडीए से नक्शा पास कराए बिना और कानूनी नोटिस की अनदेखी कर अवैध रूप से सड़कें और बाउंड्री वॉल बना दी थीं। 4. प्रशासन ने आम नागरिकों को क्या सलाह दी है? प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी कॉलोनी में प्लॉट खरीदने से पहले जीडीए से उसकी वैधानिक मंजूरी की जांच अवश्य कर लें। https://trendkia.com/uttar-pradesh/ghaziabad-ke-tronica-city-men-bina-mnjuri-bana-rahi-koloni-para-garaja-buladojara-44097 TrendKia — Har trend, sabse pehle.