गाजियाबाद में पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़, एक लाख का इनामी बदमाश धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी ढेर दिल्ली से सटे गाजियाबाद के निवाड़ी थाना क्षेत्र में पुलिस मुठभेड़ के दौरान बावरिया गैंग का कुख्यात बदमाश धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी मारा गया। इस कार्रवाई में क्राइम ब्रांच के तीन पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं, जिन पर बदमाश ने गोली चलाई थी। दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में पुलिस और अपराधियों के बीच एक भीषण मुठभेड़ हुई है। इस दौरान पुलिस ने बावरिया गैंग के कुख्यात अपराधी धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी को मार गिराया है। यह कार्रवाई निवाड़ी थाना क्षेत्र के अंतर्गत नहर की पटरी पर अंजाम दी गई। इस घटना में बदमाशों की तरफ से की गई फायरिंग में कुछ पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है। नहर की पटरी पर हुई पुलिस और बदमाश की मुठभेड़ गाजियाबाद क्राइम ब्रांच की टीम को सूचना मिली थी कि इलाके में एक इनामी बदमाश सक्रिय है। इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी शुरू की और निवाड़ी क्षेत्र में नहर की पटरी पर धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी उर्फ बावरिया को घेर लिया। अमरोहा जिले के बर्शी गांव का रहने वाला यह बदमाश पुलिस को देखकर भागने की कोशिश कर रहा था। खुद को घिरता देख उसने पुलिस पार्टी पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं, जिसके बाद पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की। दोनों तरफ से चली करीब पंद्रह राउंड गोलियां इस एनकाउंटर के दौरान पुलिस और बदमाश के बीच दोनों तरफ से भारी गोलीबारी हुई। सामने आई जानकारी के अनुसार, इस दौरान कुल मिलाकर करीब 15 राउंड गोलियां चलीं। पुलिस ने मौके से एक पिस्टल भी बरामद की है। इस गोलीबारी के दौरान क्राइम ब्रांच के तीन जांबाज पुलिसकर्मी विनीत, अमित और हिमांशु घायल हो गए। इन सभी को तुरंत इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार चल रहा है। एक लाख रुपये का था इनाम और दर्ज थे सत्रह मुकदमे मारे गए बदमाश धर्मेंद्र पर गाजियाबाद के निवाड़ी और बागपत के खेकड़ा थानों से पचास-पचास हजार रुपये का इनाम घोषित था। इस तरह उस पर कुल एक लाख रुपये का इनाम था। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, उसके खिलाफ विभिन्न थानों में लगभग 17 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। वह अपने गिरोह के साथ मिलकर लगातार डकैती जैसी वारदातों को अंजाम दे रहा था। बागपत और गाजियाबाद की पुलिस पिछले एक साल से अधिक समय से उसकी तलाश में जुटी हुई थी और आखिरकार पुलिस ने उसे ढेर कर दिया। इसका आप पर असर गाजियाबाद में हुई इस मुठभेड़ का असर स्थानीय सुरक्षा व्यवस्था और अपराधियों पर नकेल कसने के लिहाज से काफी अहम है। • घायल पुलिसकर्मी: इलाज जारी है: इस मुठभेड़ में घायल हुए तीनों पुलिसकर्मियों विनीत, अमित और हिमांशु का अस्पताल में इलाज चल रहा है। उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। • स्थानीय सुरक्षा: कानून व्यवस्था: गाजियाबाद और आसपास के इलाकों में एक लाख के इनामी बदमाश के मारे जाने से अपराधियों में खौफ पैदा हुआ है। इससे क्षेत्र में डकैती और अन्य गंभीर वारदातों पर लगाम लगने की उम्मीद है। ऐसा क्यों हुआ इस मुठभेड़ के पीछे की मुख्य वजह कुख्यात अपराधी का पुलिस से बचना और गिरफ्तारी के दौरान बल प्रयोग करना था। • आपराधिक इतिहास: सत्रह मुकदमे: धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी के खिलाफ विभिन्न थानों में करीब 17 संगीन मामले दर्ज थे और वह लंबे समय से फरार चल रहा था। • इनामी वारंट: एक लाख का इनाम: गाजियाबाद और बागपत पुलिस द्वारा उस पर पचास-पचास हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। • पुलिस कार्रवाई: गिरफ्तारी का प्रयास: क्राइम ब्रांच की टीम जब उसे पकड़ने के लिए आगे बढ़ी, तो उसने बचने के लिए फायरिंग शुरू कर दी जिसके जवाब में यह एनकाउंटर हुआ। सवाल-जवाब 1. यह मुठभेड़ कहां हुई थी? यह मुठभेड़ दिल्ली से सटे गाजियाबाद जिले के निवाड़ी थाना क्षेत्र में नहर की पटरी पर हुई। 2. मारे गए बदमाश का क्या नाम था? मारे गए कुख्यात बदमाश का नाम धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी उर्फ बावरिया था। 3. धर्मेंद्र पर कुल कितने का इनाम था? धर्मेंद्र पर कुल एक लाख रुपये का इनाम घोषित था, जिसमें गाजियाबाद और बागपत से पचास-पचास हजार रुपये शामिल थे। 4. इस एनकाउंटर में कितने पुलिसकर्मी घायल हुए? इस मुठभेड़ में क्राइम ब्रांच के तीन पुलिसकर्मी विनीत, अमित और हिमांशु घायल हुए हैं। 5. बदमाश के खिलाफ कुल कितने मुकदमे दर्ज थे? बदमाश धर्मेंद्र उर्फ टिड्डी के खिलाफ विभिन्न थानों में करीब 17 मुकदमे दर्ज थे। https://trendkia.com/uttar-pradesh/ghaziabad-me-police-encounter-dharmendra-tiddi-dher-52631 TrendKia — Har trend, sabse pehle.