पीलीभीत में दिल दहला देने वाली चोरी, श्मशान घाट से चिता की लकड़ियां ही उड़ा ले गए चोर, रुक गया अंतिम संस्कार पीलीभीत के न्यूरिया इलाके में चोरों ने श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार के लिए रखी लकड़ियां ही चुरा लीं, जिससे सीताराम का अंतिम संस्कार कुछ देर के लिए रुक गया और गुस्साए परिजन थाने पहुंच गए। दुकानों, रेस्टोरेंट और बड़े-बड़े शोरूम में चोरी की खबरें तो आम हैं, लेकिन पीलीभीत के थाना न्यूरिया इलाके से जो वारदात सामने आई है, उसने इंसानियत पर ही सवाल खड़ा कर दिया है। यहां चोरों ने श्मशान घाट तक को नहीं छोड़ा। चिता जलाने से ठीक पहले अंतिम संस्कार के लिए रखी लकड़ियां ही गायब मिलीं, और मजबूरन शोक में डूबे परिजनों को श्मशान घाट पर ही पुलिस बुलानी पड़ी। मामला न्यूरिया नई बस्ती का है, जहां के रहने वाले सीताराम का निधन हो गया था। मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम पसर गया। आनन-फानन में सभी सगे-संबंधियों और रिश्तेदारों को सूचना दी गई। उधर गांव के श्मशान घाट पर चिता सजाने के लिए लकड़ियां और कंडे (उपले) पहले ही पहुंचा दिए गए थे, ताकि शव के पहुंचते ही अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू की जा सके। श्मशान पहुंचते ही उड़ गए होश जब सभी रिश्तेदार और ग्रामीण इकट्ठा हुए और सीताराम के पार्थिव शरीर को लेकर श्मशान घाट पहुंचे, तो वहां का नजारा देखकर सबके पैरों तले जमीन खिसक गई। अंतिम संस्कार के लिए जो लकड़ियां वहां रखी गई थीं, वे नदारद थीं। कोई अज्ञात चोर चिता की लकड़ियां ही चुराकर ले जा चुका था। ग्रामीणों का कहना है कि अब चोरों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि उन्हें न मौत का डर रहा, न श्मशान का। इस घटना ने साफ कर दिया कि कुछ लोगों के दिलों में इंसानियत के लिए अब कोई जगह नहीं बची। दोबारा लकड़ियों का इंतजाम, फिर हुआ अंतिम संस्कार इस अजीबोगरीब चोरी के बाद गुस्साए और दुखी परिजनों ने तुरंत श्मशान घाट पर ही पुलिस को फोन कर बुला लिया। मौके पर पहुंची पुलिस भी पूरा माजरा सुनकर हैरान रह गई। इसके बाद परिजनों ने आनन-फानन में दोबारा लकड़ियों का इंतजाम किया और सीताराम के शव को मुखाग्नि दी गई। मुखाग्नि के बाद सीधे थाने पहुंचे ग्रामीण आमतौर पर अंतिम संस्कार पूरा होने के बाद लोग सीधे अपने घर लौटते हैं, लेकिन यहां आक्रोश इतना ज्यादा था कि मुखाग्नि देने के बाद मृतक के परिजन, सगे-संबंधी और बड़ी संख्या में ग्रामीण सीधे न्यूरिया थाने जा पहुंचे। परिजनों ने पुलिस को तहरीर देकर चोरी की लिखित शिकायत दर्ज कराई और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। फिलहाल यह घटना पूरे जिले में आग की तरह फैल चुकी है और हर तरफ इस शर्मनाक हरकत की चर्चा हो रही है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। इसका आप पर असर • भारत में: यह घटना बताती है कि छोटे कस्बों और गांवों में श्मशान जैसी सुनसान जगहों पर भी चोरी का खतरा बढ़ रहा है, इसलिए सामान वहां लावारिस छोड़ने से बचें। • पीलीभीत में: न्यूरिया और आसपास के लोगों को अंतिम संस्कार की लकड़ियां और कंडे श्मशान पर पहले से लाकर बिना निगरानी के न छोड़ने की सलाह दी जा रही है, ताकि ऐसी शर्मनाक घटना दोबारा न हो। सवाल-जवाब 1. यह घटना कहां हुई? यह घटना पीलीभीत जिले के थाना न्यूरिया क्षेत्र की न्यूरिया नई बस्ती के श्मशान घाट पर हुई। 2. चोरी क्या हुई थी? श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार के लिए रखी गई चिता की लकड़ियां ही कोई अज्ञात चोर चुरा ले गया। 3. किसका अंतिम संस्कार होना था? न्यूरिया नई बस्ती के रहने वाले सीताराम का निधन हुआ था और उन्हीं का अंतिम संस्कार होना था। 4. लकड़ियां गायब होने के बाद क्या हुआ? गुस्साए परिजनों ने श्मशान घाट पर ही पुलिस बुला ली और फिर दोबारा लकड़ियों का इंतजाम कर सीताराम के शव को मुखाग्नि दी गई। 5. परिजनों ने आगे क्या कदम उठाया? मुखाग्नि देने के बाद परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण न्यूरिया थाने पहुंचे और तहरीर देकर चोरी की लिखित शिकायत दर्ज कराई। 6. अब पुलिस क्या कर रही है? पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और परिजनों ने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। https://trendkia.com/uttar-pradesh/pilibhit-men-dila-dahala-dene-vali-chori-shmashana-ghata-se-chita-ki-lakariyan-hi-ura-le-gae-chora-ruka-gaya-antima-snskara-2942 TrendKia — Har trend, sabse pehle.