रुड़की में सेना की अग्निवीर भर्ती रैली का आगाज, 12 अक्टूबर 2026 तक चलेगी मैदानी परीक्षा उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अभ्यर्थियों के लिए रुड़की में अग्निवीर भर्ती रैली शुरू हो गई है। लिखित परीक्षा पास कर चुके युवा 12 अक्टूबर 2026 तक फिजिकल, मेडिकल और दस्तावेज सत्यापन से गुजरेंगे। भारतीय सेना में शामिल होकर देशसेवा का संकल्प लेने वाले नौजवानों के लिए चयन प्रक्रिया का सबसे अहम पड़ाव शुरू हो चुका है। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के सभी जिलों के उम्मीदवारों को ध्यान में रखते हुए रुड़की में अग्निवीर भर्ती रैली का आयोजन किया जा रहा है। मध्य कमान प्रशासन की ओर से तय किए गए आधिकारिक कार्यक्रम के तहत यह मैदानी भर्ती प्रक्रिया 12 अक्टूबर 2026 तक संचालित होगी। दोनों राज्यों के अलग-अलग जनपदों से चयनित युवा तय तारीखों के अनुसार परीक्षा स्थल पर पहुंचकर अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं। लिखित परीक्षा के बाद अब फिजिकल और मेडिकल की बारी अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया 2026 के इस दौर में केवल वे ही अभ्यर्थी हिस्सा ले रहे हैं जिन्होंने पूर्व में आयोजित लिखित परीक्षा में सफलता हासिल की है। कंप्यूटर आधारित या लिखित परीक्षा में मेरिट हासिल करने के बाद अब युवाओं को शारीरिक दक्षता और मेडिकल जांच के कड़े पैमानों पर खरा उतरना होगा। सेना में शामिल होने का सपना देख रहे नौजवानों के लिए यह चरण बेहद निर्णायक माना जाता है। सभी उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वे अपने-अपने जिले के लिए निर्धारित तारीख की भली-भांति पुष्टि कर लें और समय से मैदान में रिपोर्ट करें ताकि प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। शारीरिक दक्षता परीक्षा में परखी जा रही क्षमता भारतीय सेना में शॉर्ट-सर्विस के जरिए युवाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने वाली अग्निवीर योजना के तहत शारीरिक फिटनेस के बेहद सख्त मानक तय किए गए हैं। मैदान पर उतरने वाले अभ्यर्थियों को सबसे पहले 1.6 किलोमीटर की दौड़ पूरी करनी होती है, जो उनकी सहनशक्ति और रफ्तार की असल परीक्षा होती है। दौड़ में सफल रहने वाले उम्मीदवारों को बीम यानी पुल-अप्स, जिगजैग बैलेंस और पुश-अप्स जैसी अन्य शारीरिक बाधाओं को पार करना पड़ता है। जो युवा इन सभी शारीरिक कसौटियों को सफलतापूर्वक पार कर लेते हैं, उन्हें अगले चरण में मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा जाता है। इसके पश्चात प्रमाण पत्रों के गहन सत्यापन के बाद ही अंतिम चयन सूची तैयार की जाती है। अग्निवीर क्लर्क और अन्य पदों के लिए जिलावार व्यवस्था मध्य कमान के जनसंपर्क अधिकारी शांतनु प्रताप सिंह के अनुसार, इस भर्ती प्रक्रिया में मुख्य रूप से अग्निवीर क्लर्क-एसकेटी और अन्य संबंधित श्रेणियों के लिए चयन किया जा रहा है। प्रशासन ने भीड़ नियंत्रण और सुचारु व्यवस्था के लिए दोनों राज्यों के जिलों का स्पष्ट विभाजन किया है। उत्तराखंड के पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों से अल्मोड़ा, बागेश्वर, नैनीताल, उधम सिंह नगर, चंपावत और पिथौरागढ़ के अभ्यर्थियों को आमंत्रित किया गया है। वहीं दूसरे समूह में उत्तराखंड के चमोली, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल और उत्तरकाशी जिलों के युवा शामिल हैं। उत्तर प्रदेश के जिलों को भी विभिन्न समूहों में विभाजित किया गया है। एक चरण में बहराइच, बलरामपुर, बरेली, बदायूं, फर्रुखाबाद, हरदोई, लखीमपुर खीरी, पीलीभीत, संभल, शाहजहांपुर, श्रावस्ती और सीतापुर के युवा शामिल हो रहे हैं। दूसरे समूह में अमेठी, अंबेडकरनगर, अयोध्या, बस्ती, कौशाम्बी, कुशीनगर, महाराजगंज, प्रयागराज, प्रतापगढ़, रायबरेली, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर और सुलतानपुर जनपदों के अभ्यर्थी पहुंच रहे हैं। पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के जिलों में बागपत, बिजनौर, बुलंदशहर, गाजियाबाद, हापुड़, मेरठ, मुरादाबाद और मुजफ्फरनगर के अभ्यर्थी मैदान में अपनी ताकत दिखा रहे हैं। इसके साथ ही गौतमबुद्धनगर, अमरोहा, रामपुर, सहारनपुर, शामली, आगरा, एटा, झांसी, कासगंज और जालौन के युवाओं के लिए भी विशेष दिन नियत हैं। अन्य चरणों में ललितपुर, अलीगढ़, इटावा, फिरोजाबाद, हाथरस, मैनपुरी और मथुरा के प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। राजधानी लखनऊ के साथ औरैया, बांदा, बाराबंकी, चित्रकूट, फतेहपुर, हमीरपुर, कन्नौज, कानपुर देहात, महोबा और उन्नाव के अभ्यर्थियों की भी भागीदारी सुनिश्चित की गई है। पूर्वांचल क्षेत्र से बलिया, गोरखपुर और भदोही के साथ-साथ जौनपुर, मऊ, मिर्जापुर, वाराणसी, गाजीपुर, देवरिया, सोनभद्र, आजमगढ़ और चंदौली के युवाओं के लिए तिथियां आवंटित की गई हैं। मैदान पर ले जाने वाले आवश्यक दस्तावेजों की सूची सेना भर्ती की चयन प्रक्रिया में कागजी औपचारिकताओं में मामूली खामी भी उम्मीदवारी निरस्त करा सकती है। अभ्यर्थियों को अपने साथ मूल एडमिट कार्ड, पैन कार्ड और आधार कार्ड लाना अनिवार्य है। डिजिटल सत्यापन की जरूरत को देखते हुए आधार कार्ड से लिंक किया गया चालू मोबाइल नंबर वाला फोन भी साथ होना चाहिए। इसके अतिरिक्त उम्मीदवारों को 20 रंगीन पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ, शैक्षणिक योग्यता के सभी मूल अंकपत्र और प्रमाण पत्र, मूल निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, स्कूल या कॉलेज द्वारा जारी चरित्र प्रमाण पत्र, पुलिस चरित्र प्रमाण पत्र, अविवाहित होने का प्रमाण पत्र और धर्म प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। जिन अभ्यर्थियों के पास एनसीसी (NCC) अथवा खेलकूद से जुड़े योग्यता प्रमाण पत्र हैं, वे उन्हें भी अवश्य प्रस्तुत करें। सभी मूल कागजातों के साथ कम से कम तीन-तीन स्वप्रमाणित फोटोकॉपी सेट रखना अनिवार्य किया गया है। इसका आप पर असर लिखित परीक्षा पास कर चुके अभ्यर्थियों के लिए यह भर्ती रैली भारतीय सेना की वर्दी पहनने का अंतिम और निर्णायक अवसर है। • उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में: दोनों राज्यों के योग्य अभ्यर्थियों को अपनी आवंटित तिथि पर आवश्यक दस्तावेजों के साथ रुड़की पहुंचना होगा। एक भी अनिवार्य दस्तावेज छूटने या देरी होने पर रैली ग्राउंड में प्रवेश नहीं मिलेगा। • दस्तावेज तैयारी: उम्मीदवारों को आधार से जुड़े सक्रिय फोन और सभी मूल कागजातों के तीन फोटोकॉपी सेट सुरक्षित रखने होंगे। पुलिस चरित्र प्रमाण पत्र और अविवाहित प्रमाण पत्र समय रहते तैयार रखना अनिवार्य है। • शारीरिक तैयारी: 1.6 किलोमीटर की दौड़ और बीम टेस्ट के लिए अभ्यर्थियों को मैदान पर तत्काल प्रदर्शन करना होगा। इन शारीरिक मानकों को पूरा करने वाले युवाओं को ही मेडिकल टेस्ट में जाने का अवसर मिलेगा। • शेड्यूल की जांच: जिलों के अनुसार अलग-अलग दिन तय किए गए हैं ताकि अनावश्यक भीड़ न हो। अभ्यर्थी अपने जिले की सटीक तारीख देखकर ही यात्रा की योजना बनाएं। ऐसा क्यों हुआ यह भर्ती रैली भारतीय सेना में शॉर्ट-सर्विस सैनिकों के चयन चक्र को पूरा करने के लिए आयोजित की जा रही है। लिखित परीक्षा में शॉर्टलिस्ट किए गए युवाओं की वास्तविक शारीरिक और चिकित्सीय योग्यता जांचने के लिए मैदानी परीक्षण अनिवार्य प्रक्रिया है। • चयन प्रक्रिया का अगला चरण: लिखित परीक्षा में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों की फिटनेस और सहनशक्ति का प्रत्यक्ष आकलन करना जरूरी होता है। इसके लिए 1.6 किलोमीटर दौड़ और शारीरिक मानकों का परीक्षण आयोजित किया जाता है। • प्रशासनिक व्यवस्था: मध्य कमान ने उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के व्यापक क्षेत्रफल को देखते हुए रुड़की में संयुक्त केंद्र स्थापित किया है। भारी संख्या में आने वाले अभ्यर्थियों के प्रबंधन के लिए जिलावार तिथियों का निर्धारण किया गया है। • सत्यापन की अनिवार्यता: सेना में सेवा देने के लिए शारीरिक तंदुरुस्ती के साथ-साथ वैध पहचान और चरित्र प्रमाण पत्रों का पूर्ण सत्यापन आवश्यक होता है। मेडिकल और दस्तावेजी जांच के बाद ही अंतिम मेरिट सूची तैयार की जाएगी। सवाल-जवाब 1. रुड़की में अग्निवीर भर्ती रैली कब तक चलेगी? यह भर्ती रैली 12 अक्टूबर 2026 तक संचालित होगी। 2. इस भर्ती रैली में कौन से उम्मीदवार भाग ले सकते हैं? अग्निवीर भर्ती की पूर्व में आयोजित लिखित परीक्षा में सफल होने वाले उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के युवा ही इसमें भाग ले सकते हैं। 3. फिजिकल टेस्ट में कौन-कौन से परीक्षण शामिल हैं? उम्मीदवारों को 1.6 किलोमीटर की दौड़, पुश-अप्स, जिगजैग बैलेंस और बीम (पुल-अप्स) की परीक्षा देनी होती है। 4. रैली स्थल पर कौन से पहचान पत्र और तकनीकी उपकरण ले जाना जरूरी है? अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड, पैन कार्ड, मूल आधार कार्ड और आधार से लिंक्ड चालू मोबाइल फोन साथ ले जाना होगा। 5. दस्तावेजों की कितनी फोटोकॉपी साथ ले जानी होगी? सभी मूल दस्तावेजों के तीन-तीन फोटोकॉपी सेट और 20 पासपोर्ट साइज रंगीन फोटो साथ रखना अनिवार्य है। 6. यह रैली मुख्य रूप से किन श्रेणियों की भर्ती के लिए आयोजित की जा रही है? यह भर्ती मुख्य रूप से अग्निवीर क्लर्क-एसकेटी और अन्य संबंधित श्रेणियों के लिए आयोजित की जा रही है। https://trendkia.com/uttarakhand/roorkee-men-sena-ki-agniveer-bharti-raili-ka-agaja-12-aktubara-2026-taka-chalegi-maidani-pariksha-43172 TrendKia — Har trend, sabse pehle.