# जादवपुर विश्वविद्यालय में जीबी बैठक पर एसएफआई और एबीवीपी में हिंसक झड़प, कई छात्र अस्पताल पहुंचे

> जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर में बुधवार रात जनरल बॉडी बैठक को लेकर एसएफआई और एबीवीपी कार्यकर्ताओं के बीच हिंसक झड़प हो गई। घटना में कई छात्रों के घायल होने के बाद एबीवीपी ने गुरुवार सुबह 11 बजे जादवपुर चलो मार्च की घोषणा की है।

**Type:** article · **Category:** पश्चिम बंगाल · **Published:** 2026-08-20 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/west-bengal/jadavpur-university-men-gb-baithaka-para-sfi-aura-abvp-men-hinsaka-jharapa-kai-chhatra-aspatala-pahunche-18763 · **Language:** Hindi
**Tags:** जादवपुर विश्वविद्यालय, एसएफआई, एबीवीपी, पश्चिम बंगाल, छात्र राजनीति, जादवपुर पुलिस स्टेशन

पश्चिम बंगाल स्थित जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर में बुधवार रात वामपंथी छात्र संगठनों और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के सदस्यों के बीच भीषण झड़प हो गई। जनरल बॉडी (जीबी) बैठक के आयोजन को लेकर शुरू हुआ यह विवाद देखते ही देखते हाथापाई और हिंसा में बदल गया, जिसमें दोनों तरफ के कई छात्र घायल हो गए। परिसर में स्थिति बिगड़ने के बाद चोटिल छात्रों को तुरंत उपचार के लिए पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस वारदात के बाद से विश्वविद्यालय परिसर में भारी तनाव का माहौल व्याप्त है, जिसे देखते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।

## जीबी बैठक के औचित्य पर उठा विवाद
विवाद की मुख्य वजह स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) और अन्य वामपंथी छात्र समूहों द्वारा बुलाई गई जनरल बॉडी बैठक बनी। जैसे ही वामपंथी संगठनों ने इस बैठक की शुरुआत की, एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने इसका कड़ा विरोध शुरू कर दिया। एबीवीपी का कहना था कि विश्वविद्यालय में वर्तमान समय में कोई चुनी हुई छात्र संसद (स्टूडेंट यूनियन) मौजूद नहीं है, इसलिए ऐसी स्थिति में जनरल बॉडी बैठक का आयोजन करने का कोई कानूनी या संवैधानिक आधार नहीं बनता है। इसी मुद्दे को लेकर दोनों पक्षों के बीच शुरू हुई बहस जल्द ही धक्का-मुक्की और मारपीट में बदल गई। एबीवीपी ने आरोप लगाया कि वामपंथी कार्यकर्ताओं ने उनके सदस्यों पर हमला किया, जबकि वामपंथी छात्र संगठनों ने एबीवीपी पर परिसर का माहौल खराब करने और हमला करने का आरोप लगाया।

## विधायक की मौजूदगी और पुलिस थाने में प्रदर्शन
झड़प की जानकारी मिलते ही स्थानीय विधायक सरबरी मुखर्जी तुरंत जादवपुर विश्वविद्यालय पहुंचीं। वे घटना में घायल हुए छात्रों को अपने साथ लेकर जादवपुर पुलिस थाने गईं और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की। इसके बाद एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने जादवपुर पुलिस स्टेशन के बाहर एकत्र होकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने विश्वविद्यालय के मुख्य दरवाजों और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस जवानों की तैनाती कर दी है ताकि फिर से हिंसा न भड़क सके।

## पथराव, आगजनी और बाहरी तत्वों के प्रवेश के आरोप
देर रात हुए इस उपद्रव को लेकर दोनों छात्र गुटों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप जड़े हैं। एबीवीपी ने दावा किया कि एसएफआई, डीएसओ और डीएसएफ से जुड़े लोगों ने उनके कार्यकर्ताओं को निशाना बनाया, जिसमें एबीवीपी की जादवपुर विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष पर भी हमला किया गया। दूसरी ओर, वामपंथी संगठनों का आरोप है कि एबीवीपी ने बाहर से लोगों को लाकर विश्वविद्यालय में हिंसा फैलाई। वामपंथी समूहों का कहना है कि परिसर के अंदर पथराव किया गया और बाहर आग लगाई गई। इस अफरा-तफरी के दौरान कई छात्र अरविंद भवन के अंदर फंसे रहे, जिससे रात भर परिसर में अनिश्चितता बनी रही।

## 'जादवपुर चलो' का आह्वान और गुरुवार की तैयारी
बुधवार रात की हिंसक घटना के बाद विश्वविद्यालय में हालात बेहद संवेदनशील बने हुए हैं। एबीवीपी ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए गुरुवार सुबह 11 बजे 'जादवपुर चलो' अभियान का ऐलान किया है। संगठन ने चेतावनी दी है कि वे इस हिंसा के खिलाफ अपना प्रदर्शन जारी रखेंगे। वहीं दूसरी तरफ, वामपंथी छात्र संगठन भी अपने कार्यक्रमों और प्रदर्शनों की तैयारी में लगे हैं। दोनों पक्षों की ओर से घोषित अभियानों को देखते हुए प्रशासन और पुलिस अलर्ट मोड पर हैं।

## इसका आप पर असर
- **भारत में:** प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों में छात्र संगठनों के बीच बढ़ते राजनीतिक तनाव को लेकर देश भर के अभिभावकों और छात्रों में सुरक्षा चिंताएं बढ़ सकती हैं।
- **कोलकाता में:** जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर और आसपास के पुलिस थाना क्षेत्रों में भारी पुलिस बल तैनात रहने से स्थानीय आवाजाही प्रभावित हो सकती है।

## सवाल-जवाब

### 1. जादवपुर विश्वविद्यालय में किस बात को लेकर विवाद शुरू हुआ?
विवाद एसएफआई और वामपंथी छात्र संगठनों द्वारा बुलाई गई जनरल बॉडी (जीबी) बैठक को लेकर शुरू हुआ, जिसका विरोध एबीवीपी ने बिना चुनी हुई छात्र संसद के बैठक बुलाने का तर्क देकर किया।

### 2. झड़प में कौन-कौन से छात्र संगठन शामिल थे?
इस झड़प में एसएफआई, डीएसओ और डीएसएफ जैसे वामपंथी छात्र संगठन और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) आमने-सामने थे।

### 3. घटना के बाद विधायक सरबरी मुखर्जी ने क्या कदम उठाया?
स्थानीय विधायक सरबरी मुखर्जी विश्वविद्यालय परिसर पहुंचीं और घायल छात्रों को जादवपुर थाने ले जाकर दोषियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की।

### 4. गुरुवार के लिए एबीवीपी ने क्या घोषणा की है?
एबीवीपी ने हिंसा के विरोध में गुरुवार सुबह 11 बजे 'जादवपुर चलो' अभियान का ऐलान किया है।

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