पश्चिम बर्धमान: अन्नपूर्णा भंडार की राशि नहीं मिलने पर ग्रामीणों का विरोध, पंचायत प्रधान पर फेंके अंडे पश्चिम बंगाल के गोगला ग्राम पंचायत में सरकारी योजना का लाभ न मिलने से नाराज ग्रामीणों ने पंचायत प्रधान का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों ने पक्षपात का आरोप लगाते हुए प्रधान पर अंडे फेंके। पश्चिम बंगाल के पश्चिम बर्धमान जिले में सरकारी वित्तीय सहायता योजना को लेकर भारी विरोध प्रदर्शन हुआ है। दुर्गापुर-फरीदपुर ब्लॉक के अंतर्गत आने वाली गोगला ग्राम पंचायत में उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब स्थानीय लोगों ने अन्नपूर्णा भंडार योजना की राशि न मिलने पर पंचायत प्रधान के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। सोमवार को बड़ी संख्या में इकट्ठा हुए ग्रामीणों ने प्रधान को घेर लिया और अपना आक्रोश व्यक्त किया। इस विरोध के दौरान स्थिति तब और बिगड़ गई जब प्रदर्शनकारियों ने पंचायत प्रधान की ओर अंडे फेंकने शुरू कर दिए। मौके की गंभीरता को देखते हुए लाउदोहा थाना की पुलिस टीम वहां पहुंची और भीड़ को शांत करवाकर स्थिति को काबू में किया। योजना में अनियमितता का आरोप विरोध कर रहे स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षेत्र के गरीब परिवारों की महिलाओं ने काफी समय पहले ही अन्नपूर्णा भंडार योजना के लिए आवेदन फॉर्म जमा कर दिए थे। हालांकि, उनका आरोप है कि पंचायत स्तर पर उन आवेदनों को आगे की प्रक्रिया के लिए भेजा ही नहीं गया। ग्रामीणों का दावा है कि इस पूरी प्रक्रिया में भारी लापरवाही बरती गई है, जिसके कारण वास्तविक जरूरतमंद महिलाएं सरकारी सहायता पाने से वंचित रह गई हैं। पक्षपात और गलत चयन का मुद्दा एक प्रदर्शनकारी ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि पंचायत प्रशासन के काम में स्पष्ट रूप से 'पहचान और पक्षपात' की झलक दिखती है। प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि जिन परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत है और जिनके पास बड़े मकान हैं, उन्हें आसानी से इस योजना का लाभ मिल रहा है। इसके विपरीत, अत्यंत गरीब परिवारों की पात्र महिलाएं आज भी सरकारी मदद के लिए दर-दर भटक रही हैं। प्रदर्शनकारियों ने यह स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि पात्र महिलाओं के खातों में जल्द ही राशि नहीं पहुंचाई गई, तो वे इस आंदोलन को और भी तीव्र बनाएंगे। सार्वजनिक जवाबदेही की मांग प्रदर्शन में शामिल एक स्थानीय महिला ने सरकार के उन दावों पर सवाल उठाया, जिनमें सभी पात्र महिलाओं के बैंक खातों में सीधी राशि भेजने की बात कही गई थी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के आदेशों के बावजूद गरीब महिलाएं लाभ से क्यों दूर हैं, इसका कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि सभी आवेदकों की सूची सार्वजनिक की जाए और आवेदन पत्रों की वर्तमान स्थिति के बारे में लोगों को जानकारी दी जाए। ग्रामीणों का कहना है कि पारदर्शिता की कमी के कारण ही उन्हें सड़क पर उतरकर विरोध करने के लिए मजबूर होना पड़ा है। फिलहाल, गोगला ग्राम पंचायत के इस क्षेत्र में तनाव बना हुआ है। नोट: प्रदर्शनकारियों ने पंचायत प्रधान पर जो आरोप लगाए हैं, वे उनके दावे हैं। इस समाचार के तैयार होने तक पंचायत प्रधान या संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से इन आरोपों पर कोई भी आधिकारिक प्रतिक्रिया या स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। इसका आप पर असर भारत में: सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए आवेदकों को अपने आवेदन की स्थिति पर लगातार नजर रखनी चाहिए और शिकायत निवारण पोर्टल का उपयोग करना चाहिए। पश्चिम बर्धमान में: गोगला क्षेत्र के निवासियों को स्थानीय प्रशासन या ब्लॉक कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज करानी चाहिए ताकि प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे। सवाल-जवाब 1. गोगला ग्राम पंचायत में ग्रामीण क्यों प्रदर्शन कर रहे हैं? ग्रामीण अन्नपूर्णा भंडार योजना की राशि नहीं मिलने और आवेदन पत्रों के समय पर आगे न भेजे जाने के कारण प्रदर्शन कर रहे हैं। 2. प्रदर्शनकारियों ने पंचायत प्रधान पर क्या आरोप लगाए हैं? ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत में पक्षपात हो रहा है और संपन्न परिवारों को लाभ दिया जा रहा है जबकि गरीब महिलाएं इससे वंचित हैं। 3. प्रदर्शन के दौरान वहां की स्थिति कैसी थी? माहौल तनावपूर्ण था और प्रदर्शनकारियों ने पंचायत प्रधान की ओर अंडे भी फेंके थे। 4. पुलिस ने क्या कार्रवाई की? लाउदोहा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ को शांत कराकर स्थिति को नियंत्रित किया। https://trendkia.com/west-bengal/paschim-bardhaman-annapurna-bhandar-rashi-nahin-milane-para-graminon-ka-virodha-panchayat-pradhan-para-phenke-ande-6257 TrendKia — Har trend, sabse pehle.