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घर की रसोई में तैयार करें हलवाई जैसी खस्ता बेड़मी पूरी, सीखें पारंपरिक तरीकाखानपान
9 अक्तू॰ 2026, 1:05 pm (2 घंटे पहले)· 0

घर की रसोई में तैयार करें हलवाई जैसी खस्ता बेड़मी पूरी, सीखें पारंपरिक तरीका

दाल की मसालेदार पिट्ठी और सूजी मिले आटे से घर पर ही तैयार करें बेहद खस्ता बेड़मी पूरी। जानिए सही अनुपात और तलने की खास तकनीक।

छुट्टियों के दिन नाश्ते की मेज पर गरमा-गरम पूरियों की महक पूरे घर का माहौल खुशनुमा बना देती है। उत्तर प्रदेश की पारंपरिक रसोई से निकलकर दिल्ली की गलियों तक अपनी पहचान बना चुकी बेड़मी पूरी हर किसी के दिल को भाती है। आम पूरियों के मुकाबले इसमें उड़द दाल के मसालों का ऐसा मेल होता है जो हर निवाले को खास बना देता है। हलवाई जिस कुरकुरेपन और सोंधे स्वाद के लिए जाने जाते हैं, उसे सही अनुपात और सही तकनीक के साथ अपनी ही रसोई में आसानी से तैयार किया जा सकता है।

आटा गूंथने और मसालेदार भरावन के लिए जरूरी सामग्री

इस पारंपरिक व्यंजन को लाजवाब बनाने के लिए दो अलग-अलग हिस्सों में सामग्री जुटानी पड़ती है। बाहरी परत के कुरकुरेपन के लिए आटा तैयार करना होता है, जबकि भीतर का तीखा और चटपटा स्वाद दाल की पिट्ठी से मिलता है।

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आटे के लिए आवश्यक चीजें:

  • 2 कप गेहूं का आटा
  • 1/2 कप सूजी, जो पूरी को लंबे समय तक खस्ता बनाए रखती है
  • 3 बड़े चम्मच तेल अथवा देसी घी, मोयन देने के लिए
  • 1/2 छोटा चम्मच अजवाइन
  • स्वादानुसार सादा नमक

भीतरी भरावन यानी दाल की पिट्ठी के लिए:

  • 1 कप बिना छिलके वाली उड़द दाल, जिसे लगभग 4 से 5 घंटे पानी में भिगोया गया हो
  • 2 बारीक कटी हुई हरी मिर्च
  • 1 इंच ताजे अदरक का टुकड़ा
  • 1.5 छोटा चम्मच पिसी हुई सौंफ का पाउडर
  • 1 छोटा चम्मच धनिया पाउडर
  • 1/2 छोटा चम्मच पिसी लाल मिर्च
  • 1/4 छोटा चम्मच हींग
  • 1/2 छोटा चम्मच गरम मसाला
  • 1/2 छोटा चम्मच अमचूर पाउडर
  • बारीक कटा हुआ हरा धनिया पत्ता

उड़द दाल की स्वादिष्ट पिट्ठी तैयार करना

सबसे पहले 4 से 5 घंटे पानी में भिगोकर रखी गई उड़द दाल का पानी पूरी तरह निथार लें। इस दाल को मिक्सी के जार में अदरक और कटी हरी मिर्च के साथ डालें। मिक्सी को रुक-रुक कर चलाते हुए दाल को बिना अतिरिक्त पानी मिलाए दरदरा पीस लें। दाल का पेस्ट ज्यादा बारीक नहीं होना चाहिए, बल्कि उसमें हल्का दाना रहना जरूरी है।

इसके बाद एक कड़ाही में 1 चम्मच तेल डालकर आंच पर चढ़ाएं। तेल के गर्म होते ही उसमें हींग का छौंक लगाएं। फिर इसमें सौंफ का पाउडर, धनिया पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, अमचूर और दरदरी पिसी दाल को शामिल करें। मध्यम आंच पर कलछी चलाते हुए मिश्रण को लगातार भूनें। दाल के भीतर की सारी नमी सूख जानी चाहिए और मसालों की सोंधी महक आने लगे। जब मिश्रण सूखा और भुरभुरा हो जाए, तब गैस बंद करके उसमें गरम मसाला और ताजा कटा धनिया मिलाएं। भरावन को किसी थाली में निकालकर पूरी तरह ठंडा कर लें।

आटे को तैयार करने का सही तरीका

पूरी की बाहरी परत को खस्ता रूप देने के लिए एक बड़े बर्तन में गेहूं का आटा और सूजी निकालें। इसमें अजवाइन को हथेलियों से क्रश करके डालें और साथ में स्वादानुसार नमक मिलाएं। अब 3 बड़े चम्मच तेल या घी का मोयन डालकर दोनों हाथों से आटे को अच्छी तरह मसलें, ताकि मोयन आटे के कण-कण में समा जाए।

इसके बाद हल्के गुनगुने पानी का इस्तेमाल करते हुए धीरे-धीरे सख्त आटा गूंथकर तैयार करें। आटा गीला या बहुत मुलायम नहीं होना चाहिए, अन्यथा पूरियां खस्ता नहीं बनेंगी। गूंथे हुए आटे के ऊपर हल्का गीला सूती कपड़ा ढक दें और इसे 15 से 20 मिनट के लिए एक तरफ रख दें ताकि सूजी अच्छी तरह फूल जाए।

भरने और बेलने की आसान विधि

तय समय बीत जाने के बाद आटे को दोबारा अपनी हथेलियों से एक-दो मिनट मसलकर चिकना करें। अब इससे मध्यम आकार के पेड़े या लोइयां तोड़ लें। एक लोई को हाथ में लेकर किनारों से दबाते हुए कटोरी का आकार दें। इसके बीच वाले हिस्से में 1 चम्मच तैयार की गई उड़द दाल की ठंडी पिट्ठी रखें।

लोई के किनारों को ऊपर की तरफ उठाते हुए बीच में लाकर अच्छी तरह सील कर दें, ताकि भरावन बाहर न निकले। अब चकले और बेलन पर हल्का सा तेल लगाएं। लोई को हल्के हाथों से दबाएं और बेलन की मदद से गोल बेलें। ध्यान रखें कि बेड़मी पूरी को बहुत पतला नहीं बेला जाता, यह सामान्य पूरियों की तुलना में थोड़ी मोटी रखी जाती है।

खस्ता तलने का तरीका और परोसना

कड़ाही में तलने के लिए पर्याप्त तेल डालकर मध्यम से तेज आंच पर अच्छी तरह गर्म करें। जब तेल से हल्की गर्माहट उठने लगे, तब बेली हुई पूरी को सावधानी से तेल में छोड़ें। झारे या पौनी की मदद से पूरी के ऊपर हल्का दबाव बनाएं ताकि वह पूरी तरह फूल जाए।

पूरी के फूलते ही आंच को मध्यम कर दें। इसे पलटकर दोनों किनारों से गहरा सुनहरा और कुरकुरा होने तक तलें। धीमी और मध्यम आंच पर सिकाई होने से सूजी और मोयन की वजह से पूरी अंदर तक खस्ता बनती है। तली हुई गरमा-गरम बेड़मी पूरियों को जालीदार प्लेट पर निकालें और हलवाई स्टाइल रसदार आलू की सब्जी के साथ परोसें।

सवाल-जवाब

बेड़मी पूरी को खस्ता बनाने के लिए आटे में क्या मिलाना चाहिए?
आटे में 1/2 कप सूजी और 3 बड़े चम्मच तेल या घी का मोयन मिलाने से पूरियां बेहद खस्ता बनती हैं।
दाल की पिट्ठी बनाते समय दाल को कितनी देर भिगोना चाहिए?
बिना छिलके वाली उड़द दाल को पीसने से पहले कम से कम 4 से 5 घंटे पानी में भिगोकर रखना जरूरी है।
दाल पीसते समय पानी क्यों नहीं डालना चाहिए?
पानी मिलाने से भरावन गीला हो जाएगा, जिससे बेलते समय पूरियां फट सकती हैं और तलने पर कुरकुरी नहीं बनेंगी।
बेड़मी पूरी को किस सब्जी के साथ परोसा जाता है?
पारंपरिक रूप से खस्ता बेड़मी पूरी को हलवाई स्टाइल तीखी और रसदार आलू की सब्जी के साथ परोसा जाता है।
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