भारतीय खानपान की परंपरा में लहसुन को हमेशा से एक खास मुकाम हासिल रहा है। भोजन का जायका निखारने के अलावा यह अपने प्राकृतिक औषधीय गुणों के चलते भी पहचाना जाता है। ठंड के दिनों में लोग लहसुन का भर्ता बेहद चाव से खाना पसंद करते हैं। इसका तीखा, चटपटा और स्मोकी स्वाद बाजरे की रोटी, मक्के की रोटी, पराठे या सादी दाल-रोटी के साथ भोजन को बेहद लजीज बना देता है। अगर आप इस मौसम में अपनी थाली में कुछ पारंपरिक, अलग और सेहतमंद शामिल करना चाहते हैं, तो यह देसी व्यंजन एक लाजवाब विकल्प साबित होता है।
स्मोकी फ्लेवर के साथ लहसुन तैयार करने का तरीका
इस व्यंजन को बनाने की शुरुआत लहसुन की कलियों को छीलने से होती है। छीली हुई कलियों को धीमी आंच पर किसी तवे या पैन में हल्का भून लिया जाता है। अगर पारंपरिक स्मोकी खुशबू चाहिए, तो कलियों को सुलगते अंगारों पर अथवा ओवन में भी सेका जा सकता है। धीमी सिकाई से जब लहसुन भीतर तक नरम पड़ जाए और उसका रंग सुनहरा होने लगे, तब गैस बंद करके उसे सामान्य तापमान पर ठंडा होने के लिए छोड़ दें।
दरदरा पीसने की सही विधि
पूरी तरह ठंडा होने के बाद भुने हुए लहसुन को सिलबट्टे पर या मिक्सर जार में डालकर दरदरा पीस लें। इस बात का विशेष ध्यान रखा जाता है कि इसका बारीक पेस्ट न बने। भर्ते की असली बनावट और स्वाद तभी उभर कर आता है जब लहसुन थोड़ा मोटा और दरदरा कुचला गया हो।
मसालों और सरसों के तेल का तड़का
इसके बाद कुचले हुए लहसुन को एक खुले बर्तन में निकाल लें। अब इसमें बारीक कटा हुआ प्याज, कटी हरी मिर्च, लाल मिर्च पाउडर, भुना हुआ जीरा पाउडर और स्वादानुसार नमक मिलाएं। इस मिश्रण में कच्चा सरसों का तेल और ताजा नींबू का रस डालकर सभी चीजों को अच्छी तरह आपस में मिलाया जाता है। आखिर में बारीक कटा ताजा हरा धनिया ऊपर से डालकर इसे परोसने के लिए तैयार कर लिया जाता है।
स्वास्थ्य और पोषण से जुड़े प्रमुख लाभ
लहसुन में प्राकृतिक रूप से एंटीऑक्सीडेंट, एंटीबैक्टीरियल और एंटीइंफ्लेमेटरी तत्व मौजूद होते हैं, जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी को मजबूती देने का काम करते हैं। ठंड के महीनों में इसका सेवन शरीर के तापमान को संतुलित रखने के साथ-साथ मौसमी संक्रमणों और बीमारियों से बचाव में मददगार माना गया है। इसके नियमित उपयोग से पाचन क्रिया दुरुस्त रहती है, कोलेस्ट्रॉल का स्तर नियंत्रित करने में मदद मिलती है और दिल की सेहत को भी जरूरी सहारा मिलता है। जब इसमें कच्चा सरसों का तेल और पारंपरिक मसाले मिलते हैं, तो यह पोषण और स्वाद का बेहतरीन संगम बन जाता है।
किन व्यंजनों के साथ परोसें
ग्रामीण अंचलों में सर्दियों के दौरान लहसुन का भर्ता थाली का एक बेहद अहम हिस्सा माना जाता है। इसे बाजरे की रोटी, मक्के की रोटी, गर्मागर्म पराठे, साधारण चपाती या फिर दाल-चावल के साथ आसानी से परोसा जा सकता है। इसका पारंपरिक देसी तीखापन साधारण भोजन के आनंद को भी कई गुना बढ़ा देता है।



















