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भारी बारिश से तबाही पर राहुल गांधी ने जताई गहरी संवेदना, घायलों की जल्द रिकवरी की कामनानेता जी
7 जुल॰ 2026, 8:46 pm (45 दिन पहले)· 5

भारी बारिश से तबाही पर राहुल गांधी ने जताई गहरी संवेदना, घायलों की जल्द रिकवरी की कामना

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी बारिश से हुई तबाही और लोगों की मौत पर दुख जताया है। उन्होंने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश समेत देश के कई राज्यों में भारी बारिश ने भारी तबाही मचाई है, जिसमें कई लोगों की जान चली गई। इस दर्दनाक घटना पर राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट लिखकर गहरा दुख जताया है और पीड़ित परिवारों के साथ अपनी संवेदना जताई है।

राहुल गांधी ने पोस्ट में क्या कहा

अपनी पोस्ट में राहुल गांधी ने लिखा कि भीषण बारिश की वजह से कई राज्यों, खासकर महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश में हुई भारी तबाही और कई लोगों की मौत की खबर बेहद दुखद है। उन्होंने इस त्रासदी में अपने प्रियजनों को खोने वाले सभी परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और घायल हुए लोगों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। पोस्ट में उन्होंने किसी राज्य सरकार या केंद्र सरकार का सीधे तौर पर नाम लिए बिना केवल आपदा में जान गंवाने वालों के परिवारों के प्रति संवेदना जताने पर ध्यान केंद्रित रखा।

देशभर में बारिश का प्रकोप

यह पोस्ट ऐसे समय आई है जब देश के करीब 23 राज्यों में भारी बारिश को लेकर मौसम विभाग ने चेतावनी जारी कर रखी है। खबरों के मुताबिक मध्य प्रदेश में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और भारी बारिश की वजह से कई ट्रेनें भी रद्द करनी पड़ी हैं। महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और ओडिशा जैसे राज्य भी इसी बारिश की चपेट में हैं। पिछले कुछ महीनों में देश के अलग अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज लगातार बदलता रहा है। कहीं 15 राज्यों में महज 10 घंटे के भीतर आंधी तूफान और बारिश की चेतावनी दी गई तो कहीं 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाएं चलीं। इससे पहले राजस्थान में आंधी बारिश से कई मौतें हुई थीं, उत्तर प्रदेश में ओले गिरे थे और देहरादून में दिन में ही अंधेरा छा गया था। इसके अलावा उत्तर प्रदेश, बिहार और कर्नाटक में महज दो दिन के भीतर आंधी बारिश की वजह से कई लोगों की जान जा चुकी है, जबकि हिमाचल प्रदेश में ग्लेशियर टूटकर सड़क पर गिरने की घटना भी सामने आई थी।

मौसम विभाग की चेतावनियां लगातार बदलते मिजाज की तरफ इशारा करती रही हैं। कभी हिमाचल प्रदेश से लेकर महाराष्ट्र तक लू चलने की चेतावनी दी गई तो कुछ ही दिनों बाद दिल्ली एनसीआर, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हरियाणा जैसे राज्यों में तेज बारिश ने गर्मी से राहत दी। किसी दौर में 13 राज्यों में 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं का अलर्ट जारी हुआ तो किसी दौर में केरल और गोवा में गर्मी व उमस का असर देखा गया, जबकि बाकी राज्यों में बारिश और बर्फबारी हुई। मानसून 2026 की दस्तक और अलग अलग राज्यों में इसके आगमन की तारीखों को लेकर भी लगातार अपडेट सामने आते रहे, जिससे साफ है कि इस साल मौसम का उतार चढ़ाव कई राज्यों में असामान्य रूप से तेज रहा है। मैदानी इलाकों से लेकर पहाड़ी इलाकों तक, हर जगह प्रशासन को बार बार अलर्ट जारी करने पड़े ताकि लोग समय रहते सुरक्षित स्थानों पर पहुंच सकें और रेल व सड़क यातायात प्रभावित होने की स्थिति में सतर्क रह सकें।

हिमाचल प्रदेश के बारे में

हिमाचल प्रदेश उत्तर-पश्चिमी भारत में स्थित एक पहाड़ी राज्य है, जिसे देव भूमि भी कहा जाता है। यह 21,629 मील से भी ज्यादा क्षेत्र में फैला हुआ है और उत्तर में जम्मू-कश्मीर व लद्दाख केंद्र शासित प्रदेशों, पश्चिम व दक्षिण-पश्चिम में पंजाब, दक्षिण में हरियाणा व उत्तर प्रदेश, दक्षिण-पूर्व में उत्तराखंड और पूर्व में तिब्बत से घिरा हुआ है। हिमाचल प्रदेश का शाब्दिक अर्थ बर्फीले पहाड़ों का प्रांत होता है। हिमाचल प्रदेश राज्य अधिनियम 1971 के तहत 25 जनवरी 1971 को इसे भारत का अठारहवां राज्य बनाया गया था। अपनी पहाड़ी बनावट और नाजुक भूगोल की वजह से यह राज्य भारी बारिश, भूस्खलन और बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं के प्रति खासा संवेदनशील माना जाता है, यही वजह है कि हर मानसून के दौरान यहां जान-माल के नुकसान की आशंका बनी रहती है और ग्लेशियर टूटने जैसी घटनाएं भी सामने आती रही हैं।

जनता की प्रतिक्रिया

राहुल गांधी की इस पोस्ट पर सोशल मीडिया पर मिली जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों ने उनकी संवेदना को सराहा और आपदा प्रभावित किसानों तथा परिवारों के लिए जल्द राहत, मुआवजे और खेती के नुकसान की भरपाई की मांग उठाई। वहीं कुछ यूजर्स ने इस मौके पर मौजूदा सरकार की नीतियों को लेकर सवाल खड़े किए और आलोचना भी की। कुछ लोगों ने इसे महज एक सामान्य राजनीतिक बयान बताया, जबकि कुछ ने प्रकृति की मार के आगे इंसानों की बेबसी को लेकर टिप्पणी की।

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सवाल-जवाब

राहुल गांधी ने अपनी पोस्ट में क्या कहा?
उन्होंने महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी बारिश से हुई तबाही और मौतों पर दुख जताया और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
यह पोस्ट किस मंच पर की गई थी?
यह पोस्ट सोशल मीडिया मंच एक्स पर की गई थी।
भारी बारिश से कौन से राज्य सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं?
महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश के अलावा मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और ओडिशा जैसे राज्य भी भारी बारिश की चपेट में हैं, और देश के करीब 23 राज्यों में मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है।
क्या भारी बारिश की वजह से ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुई हैं?
हां, भारी बारिश की वजह से कई ट्रेनें रद्द करनी पड़ी हैं।
हिमाचल प्रदेश कब भारत का राज्य बना था?
हिमाचल प्रदेश राज्य अधिनियम 1971 के तहत 25 जनवरी 1971 को इसे भारत का अठारहवां राज्य बनाया गया था।
राहुल गांधी की पोस्ट पर लोगों की क्या प्रतिक्रिया रही?
प्रतिक्रियाएं मिली जुली रहीं, कुछ लोगों ने उनकी संवेदना की सराहना की और राहत की मांग की, जबकि कुछ ने सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए आलोचना की।
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