अंकशास्त्र यानी न्यूमेरेलॉजी के अनुसार, किसी भी व्यक्ति की जन्मतिथि उसके स्वभाव, करियर, स्वास्थ्य और जीवन में मिलने वाली उपलब्धियों का दर्पण होती है। इस विद्या में मूलांक का विशेष महत्व है, जो आपकी जन्मतिथि के अंकों को जोड़कर निकाला जाता है। उदाहरण के तौर पर, यदि किसी का जन्म 11 तारीख को हुआ है, तो 1 और 1 जोड़कर उसका मूलांक 2 होगा। इसी प्रकार, 15 तारीख को जन्मे व्यक्ति का मूलांक 6 होगा। यह शास्त्र बताता है कि कुछ विशेष तारीखों पर जन्मे लोग जन्मजात उद्यमी होते हैं। ऐसे लोग आमतौर पर नौकरी के बंधन में रहना पसंद नहीं करते, बल्कि अपने स्वयं के व्यवसाय में बड़े जोखिम लेकर बड़ी सफलताएं अर्जित करते हैं।
मूलांक 1: नेतृत्व और साहस का मेल
जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 1, 10, 19 या 28 तारीख को होता है, उनका मूलांक 1 माना जाता है। इस अंक का स्वामी सूर्य है, जिसे साहस और नेतृत्व का प्रतीक माना जाता है। मूलांक 1 के जातक स्वभाव से ही स्वतंत्र होते हैं और किसी के अधीन रहकर कार्य करना उन्हें रास नहीं आता। इनमें निर्णय लेने की एक अद्भुत क्षमता होती है। व्यापारिक जगत में जब भी बड़े और साहसी निर्णय लेने की बात आती है, ये लोग सबसे आगे रहते हैं। इनके अंदर आत्मविश्वास कूट-कूट कर भरा होता है, जो इन्हें कारोबार में बड़ी ऊंचाइयों तक ले जाता है।
मूलांक 5: बुद्धि और बाजार की समझ
महीने की 5, 14 या 23 तारीख को जन्मे लोगों का मूलांक 5 होता है। अंकशास्त्र के अनुसार, मूलांक 5 का स्वामी बुध ग्रह है, जिसे बुद्धि और व्यापार का कारक माना जाता है। इस मूलांक के जातकों का दिमाग अत्यंत तीव्र होता है और वे बाजार के बदलते रुझानों को बहुत जल्दी भांप लेते हैं। बुध की ऊर्जा के कारण इनकी संवाद शैली यानी कम्युनिकेशन स्किल बहुत प्रभावशाली होती है। ये लोग किसी भी कठिन सौदे को अपनी वाकपटुता से अपने पक्ष में करने में माहिर होते हैं। नए प्रयोग करने में ये बिल्कुल नहीं झिझकते और कारोबार में बड़े दांव खेलने का साहस दिखाते हैं।
मूलांक 9: निडरता और ऊर्जा
जो लोग 9, 18 या 27 तारीख को पैदा होते हैं, उनका मूलांक 9 कहलाता है। इस मूलांक का स्वामी मंगल ग्रह है, जो असीम ऊर्जा और साहस का परिचायक है। मूलांक 9 वाले जातक निडर होते हैं और किसी भी प्रकार की चुनौती से घबराते नहीं हैं। ये विपरीत परिस्थितियों का डटकर मुकाबला करते हैं। व्यापार के क्षेत्र में बड़े रिस्क लेने और उन पर अडिग रहने के लिए ये लोग काफी प्रसिद्ध हैं। हालांकि, अंकशास्त्र केवल जीवन का एक संकेत मात्र प्रदान करता है। कुंडली में ग्रहों की चाल और उनकी स्थिति का भी प्रभाव पड़ता है, इसलिए किसी भी बड़े व्यावसायिक निर्णय से पहले पूरी जानकारी रखना आवश्यक है।











