सोशल मीडिया पर एक स्क्रीनशॉट तेजी से घूम रहा था, जिसमें दावा किया गया कि बॉलीवुड अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के अनशन के समर्थन में इंस्टाग्राम पर एक स्टोरी शेयर की और थोड़ी देर बाद उसे हटा भी दिया। पड़ताल में यह दावा पूरी तरह गलत निकला है, दीपिका के किसी भी आधिकारिक अकाउंट पर ऐसी कोई स्टोरी कभी नजर नहीं आई।
वायरल स्क्रीनशॉट में असल में क्या दिखाया गया था
वायरल तस्वीर में दिखाया गया था कि दीपिका ने वांगचुक से जुड़ी एक पोस्ट को अपनी स्टोरी में री-शेयर करते हुए एक भावुक कैप्शन लिखा है, 'वह उपवास कर रहे हैं और हम स्क्रॉल कर रहे हैं।' इसी के साथ स्क्रीनशॉट में दीपिका के नाम से देश के लोकतंत्र और राजनीतिक नेतृत्व पर सवाल उठाने वाली पंक्तियां भी जोड़ी गई थीं। जब इस तस्वीर की बारीकी से जांच की गई तो उसमें छेड़छाड़ के साफ निशान मिले, फॉन्ट और स्टोरी के फॉर्मेट में मौजूद गड़बड़ियां बता रही थीं कि यह असली स्क्रीनशॉट नहीं बल्कि एडिटिंग सॉफ्टवेयर की मदद से बनाई गई नकली तस्वीर है। दीपिका के आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट को खंगालने पर भी ऐसा कोई पोस्ट या स्टोरी नहीं मिली, जिससे यह पुष्टि हो गई कि पूरा मामला ही गढ़ा हुआ था।
पहले भी दीपिका के नाम पर फैलाई जा चुकी हैं झूठी बातें
यह पहला मौका नहीं है जब दीपिका पादुकोण के नाम का सहारा लेकर सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी फैलाई गई हो। पिछले कुछ महीनों में यह दूसरी बार है जब उनसे जुड़ा कोई फर्जी पोस्ट वायरल हुआ है। इससे पहले मार्च महीने में भी एक फर्जी स्क्रीनशॉट सामने आया था, जिसमें दावा किया गया था कि दीपिका ने रणवीर सिंह की फिल्म 'धुरंधर: द रिवेंज' का रिव्यू पोस्ट किया है। जांच में वह दावा भी पूरी तरह मनगढ़ंत निकला था। दरअसल दीपिका पादुकोण का नाम राजनीतिक बहसों से जुड़ना कोई नई बात नहीं है। साल 2020 में जब वह जेएनयू परिसर पहुंची थीं, तब भी यह मामला खूब सुर्खियों में रहा था और उसके ठीक बाद रिलीज हुई उनकी फिल्म 'छपाक' को लेकर भी कई तरह की राजनीतिक प्रतिक्रियाएं देखने को मिली थीं। ऐसे मामले बताते हैं कि सेलिब्रिटीज़ के नाम पर फर्जी स्क्रीनशॉट बनाकर राजनीतिक विमर्श में हलचल मचाने की कोशिशें अब आम होती जा रही हैं।
वांगचुक के समर्थन में खुलकर सामने आए फिल्मी सितारे
फिलहाल सोनम वांगचुक दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे हैं। प्रदर्शन में शामिल लोग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि बॉलीवुड के ज्यादातर बड़े नाम इस मुद्दे पर खामोश बने हुए हैं, लेकिन कुछ कलाकारों ने खुलकर वांगचुक के समर्थन में आवाज उठाई है। फिल्म निर्माता अनुराग कश्यप ने सोशल मीडिया पर वांगचुक को बहादुर बताया और बाकी इंडस्ट्री की चुप्पी पर निराशा भी जताई। उनके अलावा नसीरुद्दीन शाह, रत्ना पाठक शाह, जीनत अमान, अभय देओल, रुबीना दिलैक, स्वरा भास्कर और अतुल कुलकर्णी जैसे कलाकार भी वांगचुक के समर्थन में सामने आए हैं और उनकी मांगों को जायज ठहराया है।
वांगचुक की सेहत पर दिल्ली हाई कोर्ट ने जताई चिंता
गुरुवार यानी आज दिल्ली हाई कोर्ट ने भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक की सुरक्षा और सेहत से जुड़ी एक जनहित याचिका पर सुनवाई की। वांगचुक पिछले 19 दिनों से जंतर-मंतर पर अनशन पर बैठे हैं और लगातार उनका वजन घट रहा है, कहा जा रहा है कि वह काफी कमजोर हो चुके हैं। याचिका में मांग की गई थी कि भूख हड़ताल पर बैठे वांगचुक की सुरक्षा और स्वास्थ्य का पूरा ख्याल रखा जाए। सुनवाई के दौरान अदालत ने उनकी सेहत को लेकर चिंता जताते हुए टिप्पणी की कि 'जिंदगी बहुत कीमती है।' कोर्ट ने यह भी आदेश दिया कि जब भी वांगचुक को किसी तरह की मेडिकल मदद की जरूरत पड़े, उन्हें तुरंत वह मुहैया कराई जाए। इस तरह एक तरफ दीपिका पादुकोण के नाम पर फैला फर्जी स्क्रीनशॉट खारिज हो चुका है, तो दूसरी तरफ वांगचुक के अनशन को लेकर अदालत और फिल्मी दुनिया दोनों की सक्रियता बढ़ती जा रही है।











