अंक ज्योतिष यानी न्यूमेरोलॉजी में इंसान की जन्म तारीख का उसके व्यक्तित्व, व्यवहार और स्वभाव पर गहरा असर माना गया है। जहां कुछ लोग स्वभाव से बेहद सरल और खुले विचारों के होते हैं और अपनी हर बात दूसरों से तुरंत साझा कर देते हैं, वहीं कुछ लोग इसके ठीक उलट होते हैं। कुछ खास तारीखों में जन्मे लोग अपनी निजी जिंदगी को लेकर बेहद सतर्क रहते हैं। ये लोग आसानी से किसी पर भरोसा नहीं कर पाते हैं, जिसके कारण ये अपनी योजनाएं और मन की बातें अपने तक ही सीमित रखना पसंद करते हैं।
मूलांक 4 और राहु ग्रह का प्रभाव
अंक ज्योतिष के नियमों के अनुसार, जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है, उनका मूलांक 4 होता है। इस मूलांक का प्रतिनिधित्व करने वाला स्वामी ग्रह राहु है। राहु के प्रभाव के कारण इन जातकों में दूसरों के मन की बात भांपने की अद्भुत क्षमता होती है। ये लोग सामने वाले की मंशा को बहुत जल्दी और आसानी से समझ लेते हैं। हालांकि, दूसरों को समझने में माहिर होने के बावजूद ये अपनी निजी जिंदगी को हमेशा पर्दे में रखना पसंद करते हैं। ये अपनी पर्सनल लाइफ को पूरी तरह से प्राइवेट रखते हैं और अपनी योजनाओं का खुलासा तब तक नहीं करते जब तक कि वे पूरी न हो जाएं।
मूलांक 7 के जातक और केतु का रहस्यमयी स्वभाव
अगर किसी व्यक्ति का जन्म महीने की 7, 16 या 25 तारीख को हुआ है, तो उनका मूलांक 7 बनता है। इस मूलांक का स्वामी केतु ग्रह को माना गया है। केतु से प्रभावित लोग आमतौर पर शांत, गंभीर और गहरे विचारक होते हैं। ये लोग अपनी भावनाओं को आसानी से किसी के सामने जाहिर नहीं करते हैं। मूलांक 7 वाले लोगों की सबसे बड़ी खूबी यह होती है कि ये अपने भविष्य के फैसलों या रणनीतियों को किसी के साथ साझा नहीं करते। ये शांत रहकर अपना काम करना पसंद करते हैं और जब काम पूरी तरह से सफल हो जाता है, तभी दुनिया के सामने उसका जिक्र करते हैं।
मूलांक 8 और शनिदेव की गंभीरता
महीने की 8, 17 या 26 तारीख को जन्म लेने वाले लोगों का मूलांक 8 होता है, जिसका स्वामी ग्रह शनिदेव को माना जाता है। शनि के प्रभाव के कारण इन लोगों का जीवन काफी अनुशासित और गंभीर होता है। ये अपने संघर्षों और परेशानियों का रोना हर किसी के सामने नहीं रोते हैं। न्यूमेरोलॉजी के अनुसार, मूलांक 8 वाले जातक स्वभाव से बेहद रहस्यमयी होते हैं। ये अपनी बड़ी से बड़ी परेशानी या भविष्य की बड़ी योजनाएं सिर्फ उन्हीं लोगों के साथ साझा करते हैं, जिन पर इन्हें सौ फीसदी भरोसा होता है।
भरोसा जीतने की कला और गोपनीयता का सम्मान
मूलांक 4, 7 और 8 के जातकों में एक बात पूरी तरह समान होती है, और वह है किसी भी रिश्ते में इनका धीमा और सुरक्षित दृष्टिकोण। ये लोग किसी नए व्यक्ति से मिलते ही अपनी बातें साझा नहीं करने लगते। पहले ये सामने वाले व्यक्ति के व्यवहार को गहराई से परखते हैं और जब उन्हें लगता है कि सामने वाला व्यक्ति सचमुच भरोसेमंद है, तभी ये अपनी बातें बताते हैं। इन मूलांकों की एक और बड़ी विशेषता यह है कि ये दूसरों के भरोसे का बहुत सम्मान करते हैं। अगर कोई व्यक्ति इन्हें अपना कोई राज बताता है, तो ये उसे हमेशा गुप्त रखते हैं और कभी भी किसी दूसरे के सामने उसका खुलासा नहीं करते।
व्यक्तिगत विकास और अन्य कारक
अंक ज्योतिष हमें किसी भी व्यक्ति के बुनियादी स्वभाव का एक संकेत मात्र दे सकता है। इसे किसी व्यक्ति के पूरे जीवन का अंतिम सच नहीं माना जा सकता। वास्तव में, किसी भी मनुष्य का व्यवहार, उसकी आदतें और उसकी सोच उसके जीवन के अनुभवों, सामाजिक माहौल और परवरिश पर भी बहुत हद तक निर्भर करती है। इसलिए, मूलांक के साथ-साथ इन बाहरी कारकों का भी व्यक्ति के जीवन पर गहरा प्रभाव पड़ता है।











