श्रेयस अय्यर की अगुवाई में भारतीय क्रिकेट टीम ने एक बेहद निराशाजनक प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड के खिलाफ 5 मैचों की टी20 सीरीज 0-4 से अपने नाम कर ली है। यह हार इसलिए भी चुभने वाली है क्योंकि आयरलैंड के खिलाफ 0-2 की सीरीज हार के बाद यह भारत की दूसरी लगातार टी20 सीरीज हार है। पांचवें और निर्णायक मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत के सामने 258 रनों का पहाड़ जैसा लक्ष्य रखा, जिसके जवाब में पूरी भारतीय टीम 8 विकेट के नुकसान पर केवल 201 रन ही बना सकी। इस करारी हार के साथ ही कप्तान श्रेयस अय्यर का अपनी कप्तानी में जीत का खाता खोलना अभी भी बाकी है, जिन्हें सूर्यकुमार यादव के स्थान पर जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
मैदान पर भारतीय बल्लेबाजी का आत्मसमर्पण
इंग्लैंड द्वारा दिए गए 258 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन की ओपनिंग जोड़ी टीम को मजबूती देने में नाकाम रही। अभिषेक शर्मा केवल 3 रन बनाकर पवेलियन लौट गए, जबकि संजू सैमसन भी 27 रनों की छोटी पारी खेल सके। मध्यक्रम में ईशान किशन ने 56 रन और तिलक वर्मा ने 52 रन बनाकर संघर्ष दिखाया, लेकिन यह नाकाफी था। टीम के नियमित अंतराल पर विकेट गिरते रहे और कप्तान श्रेयस अय्यर भी 28 रन बनाकर आउट हो गए। शिवम दुबे 14 रन और डेब्यू कर रहे सूर्यांश शेडगे केवल 7 रन बना सके, जिससे भारत को 56 रनों की बड़ी हार का सामना करना पड़ा।
जोस बटलर और हैरी ब्रुक की ऐतिहासिक साझेदारी
इंग्लैंड की इस ऐतिहासिक जीत के नायक जोस बटलर और कप्तान हैरी ब्रुक रहे। इन दोनों बल्लेबाजों ने दूसरे विकेट के लिए 103 गेंदों में 233 रनों की रिकॉर्ड साझेदारी की, जो टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट इतिहास की सबसे बड़ी साझेदारी है। जोस बटलर ने 64 गेंदों पर 131 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जबकि हैरी ब्रुक ने 45 गेंदों पर नाबाद 95 रन बनाए। इस साझेदारी की बदौलत इंग्लैंड ने 3 विकेट पर 257 रनों का विशाल स्कोर बनाया, जो भारत के खिलाफ टी20 प्रारूप में उनका अब तक का सबसे बड़ा स्कोर है।
आईसीसी रैंकिंग पर असर और बटलर का दबदबा
इस जीत के बाद इंग्लैंड आईसीसी टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में भारत के 1601 दिनों के दबदबे को चुनौती देने की स्थिति में आ गया है। हैरी ब्रुक ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और मात्र 19 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। वहीं, 35 वर्षीय जोस बटलर ने 34 गेंदों में अर्धशतक और फिर अगली 17 गेंदों में अपना शतक पूरा कर लिया। बटलर की 131 रनों की इस पारी में 12 चौके और आठ छक्के शामिल थे, जो उनके करियर का दूसरा और सर्वोच्च व्यक्तिगत टी20 अंतरराष्ट्रीय स्कोर है।
भारतीय गेंदबाजी पूरी तरह विफल
श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था, जो बाद में पूरी तरह गलत साबित हुआ। प्रसिद्ध कृष्णा को फिल सॉल्ट का विकेट जरूर मिला, लेकिन इसके बाद कोई भी गेंदबाज इंग्लिश बल्लेबाजों को रोकने में सफल नहीं रहा। अक्षर पटेल और प्रिंस यादव की जमकर धुनाई हुई। अक्षर के एक ओवर में 25 रन बने, जबकि प्रिंस यादव ने अपने चार ओवरों में 60 रन लुटाए। डेब्यू कर रहे सूर्यांश शेडगे भी महंगे साबित हुए और उन्होंने तीन ओवरों में 39 रन दे दिए, जिसमें एक ओवर में 24 रन खर्च हुए थे। हर्षित राणा के चोटिल होकर बाहर होने के बाद शेडगे को टीम में मौका मिला था, लेकिन उनका पदार्पण बेहद महंगा रहा। मैच के दौरान कप्तान श्रेयस अय्यर बाउंड्री के पास लाचार और मायूस दिखाई दिए, क्योंकि उनके गेंदबाज मैदान पर पूरी तरह बेअसर थे।











