गुवाहाटी के मैदान पर भारत और वेस्टइंडीज के बीच जारी वनडे श्रृंखला के दूसरे मैच में कैरेबियाई बल्लेबाजों ने रिकॉर्डतोड़ प्रदर्शन पेश किया। मैच की एक ही पारी में तीन कैरेबियाई खिलाड़ियों ने शानदार शतक जड़कर क्रिकेट के पन्नों में नया अध्याय जोड़ दिया। इस आक्रामक बल्लेबाजी के दम पर वेस्टइंडीज ने एकदिवसीय क्रिकेट में भारत के खिलाफ अपना अब तक का सबसे विशालकाय स्कोर खड़ा करने में सफलता हासिल की। गुवाहाटी में बना यह स्कोर दोनों देशों के क्रिकेट इतिहास में पहले कभी नहीं देखा गया था, जिसके चलते करीब 43 वर्षों से कायम एक पुराना कीर्तिमान भी पूरी तरह ध्वस्त हो गया।
43 साल बाद टूटा जमशेदपुर का पुराना रिकॉर्ड
एकदिवसीय प्रारूप में भारत के खिलाफ वेस्टइंडीज का सर्वोच्च स्कोर का रिकॉर्ड पिछले चार दशकों से अधिक समय से अटूट था। इससे पहले सात दिसंबर 1983 को जमशेदपुर में खेले गए मैच के दौरान वेस्टइंडीज ने आठ विकेट के नुकसान पर 333 रन बनाए थे। इन 43 वर्षों के लंबे अंतराल में कैरेबियाई टीम कभी भी भारतीय गेंदबाजी के सामने इस आंकड़े को पार नहीं कर सकी थी। गुवाहाटी में खेले जा रहे इस 50 ओवर के मुकाबले में वेस्टइंडीज की टीम ने महज 42वें ओवर के भीतर ही 333 रनों के आंकड़े को पार कर जमशेदपुर वाले ऐतिहासिक रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।
कैंपबेल, होप और जंगू की धमाकेदार पारियां
इस मुकाबले का मुख्य आकर्षण तीन बल्लेबाजों द्वारा लगाई गई लगातार सेंचुरी रहीं। यह क्रिकेट इतिहास में पहला मौका है जब वेस्टइंडीज की तरफ से एक ही पारी में तीन अलग-अलग खिलाड़ियों ने शतकीय आंकड़े छुए हों। सबसे पहले जॉन कैंपबेल ने ताबड़तोड़ अंदाज में खेलते हुए केवल 68 गेंदों पर 101 रनों की तूफानी पारी खेली। इसके तुरंत बाद कप्तान शे होप ने मोर्चा संभाला और बेहतरीन बल्लेबाजी करते हुए 94 गेंदों में 104 रन बनाए। इसके बाद आमिर जंगू ने भी आक्रामक रुख अख्तियार किया और 77 गेंदों में 114 रनों की धुआंधार पारी खेल डाली। इन तीनों बल्लेबाजों के बल्ले से निकले रनों को मिला दिया जाए तो 300 से अधिक रन केवल इन्हीं के योगदान से बन गए थे।
एकदिवसीय इतिहास में छठी बार बना यह दुर्लभ कीर्तिमान
अंतरराष्ट्रीय एकदिवसीय क्रिकेट के पूरे इतिहास में ऐसा सिर्फ छठी बार देखने को मिला है जब किसी एक टीम के तीन बल्लेबाजों ने एक ही मैच में शतक जड़े हों। कैरेबियाई टीम के लिए यह ऐतिहासिक मील का पत्थर पहली बार हासिल हुआ है। वहीं दूसरी तरफ, भारतीय टीम के खिलाफ भी एकदिवसीय इतिहास में पहली बार किसी विपक्षी टीम के तीन बल्लेबाजों ने एक मैच में शतक लगाए हैं। इससे पहले साल 2023 में ऑस्ट्रेलियाई टीम के तीन बल्लेबाजों ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ एक मैच में तीन शतक जड़ने की उपलब्धि अपने नाम की थी। उस मुकाबले के बाद अब जाकर गुवाहाटी में यह दुर्लभ कारनामा दोबारा दोहराया गया है।

















