नॉटिंघम में खेले गए तीसरे T20I मुकाबले में भारतीय क्रिकेट टीम के लिए स्थिति तब बेहद निराशाजनक हो गई, जब टीम की आधी बल्लेबाजी इकाई केवल 5 ओवर के भीतर ही धराशायी हो गई। जीत के लिए 202 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय शीर्ष क्रम पूरी तरह से विफल रहा और T20I क्रिकेट के इतिहास में पहली बार ऐसा शर्मनाक रिकॉर्ड बना, जिसे कोई भी टीम नहीं चाहेगी।
मैच की स्थिति और इंग्लैंड की बल्लेबाजी
टॉस जीतने के बाद भारतीय कप्तान ने पहले गेंदबाजी करने का फैसला लिया था। इंग्लैंड की टीम ने बल्लेबाजी करते हुए शानदार लय दिखाई। फिल सॉल्ट ने तूफानी अंदाज में खेलते हुए 44 गेंदों पर 70 रनों की अर्धशतकीय पारी खेली, जिसमें 7 चौके और 3 छक्के शामिल रहे। उनके अलावा जोस बटलर ने 21 गेंदों में 36 रन बनाए और अंत में सैम करन ने 24 गेंदों पर नाबाद 41 रन बनाकर इंग्लैंड को 20 ओवर में 7 विकेट पर 201 रन के स्कोर तक पहुंचाया।
भारतीय बल्लेबाजी का पतन
लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम के लिए शुरुआत बेहद खराब रही। महज 5 ओवर का खेल पूरा होने तक टीम का स्कोर 52 रन था, लेकिन इसी स्कोर पर उनके 5 प्रमुख बल्लेबाज आउट हो चुके थे। यह पहली बार हुआ है जब अंतरराष्ट्रीय T20I क्रिकेट में भारत ने पावरप्ले के दौरान अपने पांच विकेट गंवा दिए। इससे पहले 13 बार ऐसा हो चुका है जब भारत ने शुरुआती 6 ओवरों के भीतर चार विकेट खोए थे, जिसमें इस साल अमेरिका के खिलाफ T20 वर्ल्ड कप और आयरलैंड के खिलाफ दूसरे T20I मैच का प्रदर्शन शामिल है, लेकिन 5 ओवर में 5 विकेट का यह आंकड़ा अब तक का सबसे बुरा प्रदर्शन बन गया है।
गेंदबाजी में विफल रहे भारतीय खिलाड़ी
भारतीय गेंदबाजों में हर्षित राणा ने अपने 4 ओवर के कोटे में 40 रन देकर 2 विकेट लिए, जबकि प्रिंस यादव ने 30 रन खर्च करते हुए 2 विकेट अपने नाम किए। इन दोनों ने मध्य के ओवरों में कुछ हद तक रन गति को रोकने का प्रयास किया। इसके विपरीत, अक्षर पटेल और वरुण चक्रवर्ती का प्रदर्शन काफी महंगा रहा। अक्षर ने 4 ओवर में 49 रन देकर एक विकेट लिया, जबकि वरुण चक्रवर्ती अपने 3 ओवर में 35 रन देने के बावजूद कोई विकेट नहीं निकाल सके।











