दलेर मेहंदी और उत्तराखंड के मंत्री सुबोध उनियाल के बीच उपजा विवाद लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। सोशल मीडिया पर इस पूरे घटनाक्रम को लेकर बहस छिड़ी हुई है और लोग इस पर अपनी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। इस मामले में नया मोड़ तब आया जब गायक मीका सिंह ने खुलकर अपने भाई दलेर मेहंदी का समर्थन किया और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक तीखी पोस्ट साझा की। उन्होंने मांग की है कि मंत्री को यह साबित करना होगा कि दलेर मेहंदी ने शराब पीकर प्रस्तुति दी थी या फिर उन्हें माफी मांगनी होगी।
कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी के साथ हुए कथित दुर्व्यवहार और उनके मंच पर प्रदर्शन को लेकर उत्तराखंड के मंत्री सुबोध उनियाल के रुख से फिल्म जगत के कई कलाकारों में भी गहरी नाराजगी देखने को मिली है। मीका सिंह इस विवाद की शुरुआत से ही मुखर रहे हैं और लगातार अपनी बात रख रहे हैं। इससे पहले उन्होंने एक्स पर पोस्ट के जरिए यह भी सवाल उठाया था कि क्या वाकई उस गायक को मंच पर गाने के लिए 35 लाख रुपये दिए गए थे। अब उन्होंने मंत्री के सामने एक नई शर्त रखते हुए कहा है कि यदि वे माफी मांगते हैं, तो वह खुद उत्तराखंड आकर बिना किसी शुल्क के अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे।
मीका सिंह की खुली चुनौती और शर्त
मीका सिंह ने अपनी नवीनतम सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से मंत्री सुबोध उनियाल को सीधी चुनौती दी है। उन्होंने घोषणा की है कि वे उत्तराखंड की जनता के सामने बिना एक भी रुपया लिए शो करने को पूरी तरह तैयार हैं, बशर्ते मंत्री महोदय इसके लिए दलेर मेहंदी से माफी मांगें। उनका यह बयान इस बात का संकेत है कि वे अपने भाई के सम्मान की लड़ाई को बहुत दूर तक ले जाने के लिए तैयार हैं और मामले में न्याय चाहते हैं।
दलेर मेहंदी की परफॉर्मेंस और लगाए गए आरोप
इस पूरे विवाद के केंद्र में कुंजापुरी मेले की वह रात है जब दलेर मेहंदी ने मंच पर करीब एक घंटा तीस मिनट तक लगातार अपनी प्रस्तुतियां दी थीं। वहां मौजूद श्रोता उनके लोकप्रिय गीतों की धुनों पर झूम रहे थे और वीडियो फुटेज में भी साफ दिख रहा था कि दर्शक इस आयोजन का भरपूर आनंद ले रहे थे। इसके बावजूद गायक पर शराब के नशे में मंच पर आने का गंभीर आरोप मढ़ दिया गया। मीका सिंह ने इसी बात पर कड़ा एतराज जताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने और जवाबदेही तय करने की मांग की है। उन्होंने अपनी पोस्ट के अंत में यह सवाल भी उठाया है कि क्या नियम और जवाबदेही के पैमाने सभी नागरिकों के लिए एक समान नहीं होने चाहिए।
वीडियो देखने की अपील और आगे की कार्रवाई
विवाद को आगे बढ़ाते हुए मीका सिंह ने पहले भी मंत्री से यह अपील की थी कि वे खुद उस कार्यक्रम का वीडियो देखें और अपना फैसला सुनाएं। उन्होंने कहा था कि वे उस आयोजन की वीडियो रिकॉर्डिंग मंत्री को भेजने के लिए तैयार हैं ताकि वे अपनी आंखों से देख सकें कि उस रात मंच पर असल में क्या हुआ था। मीका ने लिखा था कि यदि वीडियो में उनके मंत्री जी शराब के नशे में दिखाई देते हैं, तो प्रशासन उनके खिलाफ क्या कानूनी कार्रवाई करेगा, यह भी स्पष्ट होना चाहिए।













