झारखंड के गिरिडीह जिले के शिबडीह गांव में रहने वाले बीस साल के नीरज हाजरा की शादी में सिर्फ तीन दिन बचे थे और घर में तैयारियां जोरों पर चल रही थीं. लेकिन 5 जुलाई को अचानक नीरज का कोई अता पता नहीं चला, जिससे पूरे परिवार में हड़कंप मच गया. जमुआ थाना पुलिस ने पहले गुमशुदगी दर्ज की, फिर मामला अपहरण में बदल गया. जांच जैसे जैसे आगे बढ़ी, बिहार के जमुई जिले के बेला जंगल में मिले एक शव की शिनाख्त नीरज के तौर पर हुई. पुलिस का कहना है कि नीरज की मंगेतर उर्मिला कुमारी का अपने ही जीजा सुभाष पासवान से प्रेम संबंध चल रहा था और तय शादी इस रिश्ते के आड़े आ रही थी. यही रंजिश आखिरकार हत्या की साजिश में बदल गई और वारदात के बाद शव को जंगल में फेंक दिया गया, ताकि मामला पकड़ में न आए.
गायब होने से शव मिलने तक की कहानी
जमुआ थाना क्षेत्र के शिबडीह गांव के रहने वाले नीरज हाजरा 5 जुलाई को रहस्यमय ढंग से घर से गायब हो गए थे. काफी तलाश के बाद भी जब कोई सुराग नहीं मिला तो परेशान परिजन थाने पहुंचे और गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई. जांच में जब कुछ संदिग्ध बातें सामने आईं तो पुलिस ने इसे अपहरण के मामले में बदल दिया. मामला जितना संवेदनशील था, उतनी ही तेजी पुलिस ने भी दिखाई. पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसडीपीओ खोरीमहुआ की अगुवाई में एक विशेष जांच दल बनाया गया, जिसने तकनीकी सबूतों और मोबाइल लोकेशन के आधार पर छानबीन शुरू की. इसी दौरान बिहार के जमुई जिले के बेला जंगल से एक अज्ञात युवक का शव बरामद हुआ. पहचान होने पर पता चला कि यह शव और किसी का नहीं बल्कि लापता नीरज हाजरा का ही था. शव मिलते ही मामला गुमशुदगी से हत्या के केस में तब्दील हो गया और पुलिस ने पूछताछ तेज कर दी.
तय शादी बनी प्रेम संबंध में रोड़ा
पूछताछ और तकनीकी सबूतों के आधार पर पुलिस इस नतीजे पर पहुंची कि इस हत्या के पीछे एक पारिवारिक प्रेम प्रसंग है. पुलिस के मुताबिक, नीरज की मंगेतर उर्मिला कुमारी का रिश्ते में अपने जीजा लगने वाले सुभाष पासवान के साथ कथित तौर पर प्रेम संबंध था. उर्मिला की शादी नीरज से पहले ही तय हो चुकी थी, लेकिन यही शादी उर्मिला और सुभाष के रिश्ते के बीच सबसे बड़ी बाधा बन गई थी. पुलिस का आरोप है कि इसी वजह से उर्मिला, सुभाष और उनके कुछ अन्य साथियों ने मिलकर नीरज को रास्ते से हटाने की साजिश रची. शादी से ठीक तीन दिन पहले नीरज को गायब कर उसकी हत्या कर दी गई और सबूत मिटाने के लिए शव को गिरिडीह से दूर बिहार के जमुई जिले के बेला जंगल में फेंक दिया गया, ताकि मामला आसानी से पकड़ में न आए और असली वजह छिपी रह जाए.
मंगेतर और जीजा गिरफ्तार, हथियार बरामद
मामले का खुलासा होते ही पुलिस ने उर्मिला कुमारी और सुभाष पासवान दोनों को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल हुई एक होंडा स्कूटी और दो चाकू भी बरामद किए हैं, जो इस मामले में अहम सबूत माने जा रहे हैं. पुलिस का कहना है कि जांच अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है और इस साजिश में शामिल बाकी लोगों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है. हालांकि पुलिस ने जो आरोप लगाए हैं, उनकी अंतिम पुष्टि अदालत में पेश किए जाने वाले सबूतों और मुकदमे की सुनवाई के बाद ही हो सकेगी.











