पश्चिम बंगाल की सियासत में टीएमसी सांसद यूसुफ पठान की बगावत अब नए मोड़ पर पहुंच गई है। 2024 के लोकसभा चुनाव में टीएमसी के टिकट पर मैदान में उतरे यूसुफ ने कांग्रेस के कद्दावर नेता अधीरंजन चौधरी को हराकर सुर्खियां बटोरी थीं, लेकिन बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के बाद वही यूसुफ अब बाघी खेमे का हिस्सा बन चुके हैं और ममता बनर्जी के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल चुके हैं।
बगावत के पीछे की कहानी पर नया दावा
यूसुफ का यह फैसला सामने आते ही महुआ मोइत्रा ने उन पर हमले शुरू कर दिए थे। अब इसी विवाद में एक और नाम जुड़ गया है। श्रीनगर से जेकेएनसी सांसद अजा सैयद राहला महदी ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि यूसुफ यूं ही पाला नहीं बदल रहे, बल्कि उन पर भारी दबाव बनाया गया था। महदी का कहना है कि लोकसभा में मिली एक धमकी के बाद यूसुफ बुरी तरह डरे हुए थे और इसी डर के चलते उन्होंने बगावती रुख अपनाया। श्रीनगर सांसद ने संसद के भीतर हुई पूरी घटना का सिलसिलेवार जिक्र भी किया, जिस पर महुआ मोइत्रा ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए इन दावों पर मुहर लगा दी।
संसद में क्या हुआ था, महदी की जुबानी
यूसुफ पठान को लेकर विस्फोटक खुलासा करते हुए जेकेएनसी सांसद अजा सैयद राहला महदी ने बताया, 'पार्लियामेंट के पिछले विंटर सेशन में पूरा अपोजिशन SIR और हाउस के दूसरे मुद्दों के खिलाफ प्रोटेस्ट कर रहा था। हमेशा की तरह ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के MP वेल में थे और बिना डरे प्रोटेस्ट कर रहे थे। मैं वहीं था और मैंने एक जाने-माने मुस्लिम MP जो TMC से नहीं थे को यूसुफ पठान पर चिल्लाते हुए और उन्हें प्रोटेस्ट से हटने के लिए कहते हुए सुना। यूसुफ सच में हट गए और अपनी सीट पर वापस आ गए। मैंने यूसुफ के चेहरे पर बदलाव देखा, वह लगभग कांप रहे थे।'
घर पर बुलडोजर चलाने की धमकी का आरोप
महदी के मुताबिक यूसुफ को साफ-साफ कहा गया था कि अगर वह विरोध से पीछे नहीं हटे तो गुजरात में उनका घर बुलडोजर से गिरा दिया जाएगा। श्रीनगर सांसद ने यह भी दावा किया कि यह पूरी बात यूसुफ ने महुआ मोइत्रा को बताई थी। अपनी पोस्ट में उन्होंने लिखा, 'उस MP के जाने के बाद मैं यूसुफ के पास गया और उनसे पूछा कि क्या हुआ? वह डरे हुए क्यों लग रहे थे? यूसुफ ने मुझे बताया कि उस आदमी ने उससे कहा कि उसे BJP के खिलाफ प्रोटेस्ट नहीं करना चाहिए और कहा, तुम्हें क्या हो गया है? तुम BJP के खिलाफ प्रोटेस्ट क्यों कर रहे हो? खुद को दुश्मन क्यों बना रहे हो। वे गुजरात में तुम्हारे घर पर बुलडोजर चला देंगे।'
महदी आगे लिखते हैं, 'इसी बीच महुआ मोइत्रा आईं और मुझसे पूछा कि क्या हुआ था। मैंने उनसे कहा कि यूसुफ डरा हुआ है क्योंकि उस आदमी ने यूसुफ से कहा था कि BJP गुजरात में उसके घर पर बुलडोजर चला देगी। महुआ को गुस्सा आ गया और उसने यूसुफ से कहा कि उस आदमी की बात मत सुनो, हम तुम्हारे साथ हैं, हम एक हैं और कोई भी तुम्हें या तुम्हारे परिवार को छूने की हिम्मत नहीं करेगा।' अपनी बात खत्म करते हुए महदी ने तंज भी कसा कि महुआ मोइत्रा और ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के लिए दुख होता है, क्योंकि उन्होंने जिसका साथ दिया, उसी ने और उसके जैसों ने पीठ में छुरा घोंपा।
महुआ मोइत्रा का पलटवार
इस पूरे घटनाक्रम पर महुआ मोइत्रा ने भी जवाब दिया और घटना को सच करार दिया। उन्होंने X पर लिखा, 'हां सर, असदुद्दीन ओवैसी ही थे जो यूसुफ पठान को चेतावनी दे रहे थे, याद है। कितने अफसोस की बात है कि मैंने एक ऐसे गद्दार के लिए लड़ाई लड़ी जिसमें न हिम्मत थी और न ही रीढ़। वह कमेंट्री करने में बेहतर था! कितना डरा हुआ फट्टू है…' इस तरह महुआ ने उस धमकी देने वाले शख्स के तौर पर सीधे असदुद्दीन ओवैसी का नाम ले लिया।
जमीन विवाद से जुड़ रहे तार
यूसुफ पठान मूल रूप से गुजरात के वडोदरा से आते हैं और उनका पूरा परिवार वहीं रहता है। हाल ही में उनके खिलाफ कथित तौर पर जमीन कब्जा करने का मामला सुर्खियों में आया था। माना जा रहा है कि इसी जमीन पर संभावित बुलडोजर एक्शन की धमकी देकर यूसुफ को मुखर होने से रोका जा रहा था और आखिरकार उन्होंने टीएमसी का साथ छोड़ दिया। हालांकि इन तमाम दावों पर अब तक यूसुफ पठान की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
बंगाल का गहराता सियासी संकट
बंगाल में बढ़ते राजनीतिक संकट के बीच तृणमूल कांग्रेस की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। बाघी सांसद Nationalist Citizens Party of India में विलय का ऐलान कर चुके हैं, जो पार्टी लंबे समय से सुर्खियों से दूर रही थी। बाघी खेमे ने ओम बिड़ला से मुलाकात कर सदन में अपने लिए अलग बैठने का इंतजाम करने की अर्जी दी है। दूसरी ओर TMC नेता अभिषेक बनर्जी की मांग है कि लोकसभा अध्यक्ष इस गुट की मांग को खारिज करें और इसे कोई मान्यता न दें। वहीं बाघी गुट के सुदीप बंदोपाध्याय का कहना है कि वे अदालत का रुख करेंगे और TMC के पार्टी चिह्न पर अपना दावा पेश करेंगे।













