उत्तर प्रदेश के नोएडा में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां खुले नाले में गिरने से एक युवा इंजीनियर की जान चली गई। हादसे का शिकार हुए 27 वर्षीय युवक का नाम आर्यन था, जो मूल रूप से फर्रुखाबाद का रहने वाला था। आर्यन नोएडा के चौड़ा गांव में रहकर नौकरी और अपनी पढ़ाई को एक साथ आगे बढ़ा रहा था। यह दुखद घटना गुरुवार की सुबह करीब 8 से 9 बजे के बीच हुई, जब आर्यन अपनी ड्यूटी पर जाने के लिए घर से पैदल निकला था। सेक्टर-58 इंडस्ट्रियल एरिया में उस समय भारी बारिश के चलते सड़कों पर पानी का जलजमाव था, और चलते-चलते आर्यन अनजाने में खुले हुए नाले की चपेट में आ गया।
कई घंटों की मशक्कत के बाद मिला आर्यन का शव
घटना होने के कई घंटों बाद स्थानीय लोगों की नजर नाले में आर्यन पर पड़ी, जिसके बाद उसे बाहर निकाला गया और तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और कानूनी कार्रवाई के लिए पोस्टमार्टम हेतु भिजवा दिया। जिस स्थान पर आर्यन नाले में गिरा, वहां पास में ही एक बिजली का खंभा लगा हुआ था। इस वजह से ऐसी प्रबल आशंका जताई जा रही है कि नाले में गिरते समय या गिरने के बाद आर्यन को बिजली का करंट लगा होगा, जो उसकी मौत का मुख्य कारण बना। हालांकि, मौत की असल वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी।
कैसे हुई यह दुर्घटना?
मृतक के परिजनों ने, विशेषकर उनके चाचा ने सेक्टर-58 पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बिजली विभाग और नोएडा विकास प्राधिकरण की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, भीषण बारिश के कारण सड़क पूरी तरह पानी में डूबी हुई थी। आर्यन नाले पर रखी स्लैब के ऊपर से गुजर रहा था, तभी एक स्लैब अपनी जगह से हटा हुआ या असंतुलित था, जिसके कारण वह अपना संतुलन खो बैठा और नाले में जा गिरा। नाले की गहराई करीब ढाई से तीन फीट ही है, लेकिन पास में मौजूद बिजली के खंभे और करंट के खतरे ने स्थिति को जानलेवा बना दिया। स्थानीय निवासियों का अनुमान है कि पानी में करंट उतरने के कारण आर्यन पहले बेहोश हुआ होगा और फिर डूबने से उसकी मृत्यु हो गई।
इंजीनियरिंग के सपनों के साथ पूरी कर रहा था जिम्मेदारी
आर्यन सेक्टर-58 के ए-27 स्थित एक इन्वर्टर निर्माण कंपनी में क्वालिटी सुपरवाइजर के रूप में कार्यरत था। वह पिछले ढाई साल से इस कंपनी में अपनी सेवाएं दे रहा था। उसने पॉलिटेक्निक के बाद अपनी पढ़ाई को आगे बढ़ाते हुए बीटेक किया था, और हाल ही में उसका बीटेक का परिणाम भी घोषित हुआ था। सेक्टर-58 के प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार ने पुष्टि की है कि गुरुवार सुबह जब आर्यन अपनी ड्यूटी पर जा रहा था, तब भारी बारिश के कारण सड़क पर पानी का स्तर बहुत अधिक बढ़ गया था, जिससे यह अनहोनी घटी। वह अपनी मां का इकलौता सहारा था, जिसकी असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।











