ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों का राशि परिवर्तन विशेष स्थान रखता है। इसी क्रम में 17 अगस्त की सुबह 8 बजकर 3 मिनट पर ग्रहों के राजा सूर्य अपनी स्वराशि सिंह में गोचर करने जा रहे हैं। सूर्य के इस गोचर से देवगुरु बृहस्पति और सूर्य के बीच द्विद्वादश योग का निर्माण होगा। जब सूर्य सिंह राशि में प्रवेश करेंगे, तब गुरु बृहस्पति सूर्य से द्वादश यानी बारहवें भाव में स्थित होंगे और सूर्य की स्थिति गुरु से द्वितीय यानी दूसरे भाव में होगी। इस विशेष स्थिति को ज्योतिष में द्विद्वादश योग कहा जाता है। इस योग के प्रभाव से मेष, कर्क और सिंह राशि के लोगों के जीवन में सकारात्मक और कुछ सावधान रहने योग्य बदलाव आने के संकेत हैं।
द्विद्वादश योग का मेष राशि पर प्रभाव
मेष राशि के जातकों के लिए यह ज्योतिषीय बदलाव पारिवारिक और व्यक्तिगत जीवन में कई सुखद पल ला सकता है। गोचर के दौरान सूर्य आपकी कुंडली के पंचम भाव में विराजमान रहेंगे, जो शिक्षा, संतान और प्रेम का स्थान माना जाता है। दूसरी ओर, गुरु ग्रह आपके चतुर्थ भाव में मौजूद रहेंगे, जिसका संबंध सुख, वाहन, भूमि और पारिवारिक माहौल से है। इन दोनों ग्रहों की इस स्थिति के चलते आपके घर में खुशियों का आगमन हो सकता है।
जो लोग नया मकान, जमीन या वाहन खरीदने की योजना बना रहे थे, उन्हें इस अवधि में सफलता मिल सकती है। इसके अलावा, विद्यार्थियों के लिए भी यह समय बहुत अनुकूल रहने की संभावना है। अगस्त और सितंबर के महीनों में शिक्षा तथा किसी प्रतियोगी परीक्षा के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल हो सकती है। हालांकि, आपको अपनी संगति का विशेष ध्यान रखना होगा। गलत संगति में पड़ने से आपका कीमती समय और धन दोनों बर्बाद हो सकते हैं, इसलिए सतर्क रहें।
द्विद्वादश योग का कर्क राशि पर प्रभाव
कर्क राशि वाले लोगों के लिए सूर्य का यह गोचर वित्तीय दृष्टिकोण से बेहद शुभ साबित हो सकता है। इस दौरान सूर्य आपकी राशि से द्वितीय भाव में प्रवेश करेंगे, जिसे धन, वाणी और संपत्ति का भाव कहा जाता है। इसके साथ ही गुरु बृहस्पति आपकी राशि के प्रथम भाव यानी लग्न में उपस्थित रहेंगे। प्रथम भाव में गुरु की उपस्थिति आपको मानसिक रूप से बेहद मजबूत और संतुलित बनाएगी।
द्वितीय भाव में सूर्य के होने से आपकी आर्थिक स्थिति में तेजी से सुधार देखने को मिलेगा। यदि आपका कोई पुराना धन कहीं फंसा हुआ था या रुका हुआ था, तो अगस्त के इस महीने में उसके वापस मिलने के प्रबल योग बन रहे हैं। व्यापार और कारोबार से जुड़े लोगों को लाभ के नए अवसर मिलेंगे और व्यापार का विस्तार संभव होगा। हालांकि, सूर्य के दूसरे भाव में होने से आपकी वाणी में थोड़ा तीखापन या कड़वाहट आ सकती है। ऐसे में किसी से बातचीत करते समय अपने शब्दों का चयन सोच समझकर करें ताकि रिश्तों में खटास न आए।
द्विद्वादश योग का सिंह राशि पर प्रभाव
सिंह राशि के स्वामी स्वयं सूर्य देव हैं और 17 अगस्त को वे आपकी ही राशि के प्रथम भाव में प्रवेश करने वाले हैं। वहीं गुरु ग्रह आपकी राशि से द्वादश भाव यानी बारहवें घर में विराजमान रहेंगे। अपनी ही राशि में सूर्य का आगमन आपके भीतर एक नया उत्साह और जबरदस्त आत्मविश्वास पैदा करेगा।
कार्यक्षेत्र में आपके काम की सराहना होगी और वरिष्ठ अधिकारियों से आपको मान सम्मान की प्राप्ति हो सकती है। जो लोग काफी समय से अपना नया बिजनेस शुरू करने का विचार बना रहे हैं, उन्हें सफलता मिल सकती है। आर्थिक रूप से भी यह समय आपको मजबूती प्रदान करेगा। हालांकि, पारिवारिक और वैवाहिक जीवन में थोड़े उतार चढ़ाव आ सकते हैं। जीवनसाथी के साथ किसी बात को लेकर मतभेद या वैचारिक असहमति हो सकती है। दांपत्य जीवन में मधुरता बनाए रखने के लिए अपने पार्टनर के विचारों को सुनें और उनकी बात को भी महत्व दें।



















