फिल्म जगत के दिग्गज कलाकार ऋषि कपूर अपने बेबाक अंदाज और साफगोई के लिए जाने जाते थे। उनके बेटे और अभिनेता रणबीर कपूर ने हाल ही में एक पुराने किस्से का जिक्र किया, जो यह साबित करता है कि ऋषि कपूर अपनी स्क्रीन इमेज को लेकर कितने सजग और गंभीर थे। यह घटना तब की है जब एक फिल्म लेखक अपनी कहानी ऋषि कपूर को सुनाने के लिए बेहद उत्सुक था। उस दौरान ऋषि कपूर फिल्म सिटी में अपनी शूटिंग पूरी करके घर लौट रहे थे। लेखक ने उनसे बात करने का समय मांगा, तो ऋषि कपूर ने उन्हें अपने साथ कार में बिठा लिया और कहा कि वे सफर के दौरान ही कहानी सुन लेंगे।
कहानी सुनकर भड़क उठे ऋषि कपूर
लेखक ने अपनी फिल्म की पटकथा सुनानी शुरू की। उसने बहुत उत्साह के साथ बताया कि फिल्म के शुरुआती दृश्य में एक बहुत ही कमजोर, दुबला-पतला और भूखा इंसान सड़क पर दौड़ रहा है। लेखक ने आगे कहा कि वहां शत्रुघ्न सिन्हा का रथ गुजर रहा है और ऋषि कपूर का किरदार उसी भूखे और लाचार व्यक्ति के रूप में पर्दे पर एंट्री करेगा। यह बात सुनते ही ऋषि कपूर का पारा चढ़ गया। उन्होंने तुरंत गाड़ी रुकवाई और बेहद मजाकिया लेकिन सख्त अंदाज में लेखक से पूछा कि आखिर उन्हें किस दृष्टिकोण से वह कमजोर या दुबले-पतले नजर आते हैं। इसके बाद उन्होंने लेखक को कार से उतरने का निर्देश दिया। कपिल शर्मा के शो में जब रणबीर ने यह कहानी सुनाई, तो वहां मौजूद दर्शक और मेहमान अपनी हंसी नहीं रोक पाए।
सदाबहार अभिनय और यादगार सफर
ऋषि कपूर ने साल 1973 में ‘बॉबी’ फिल्म से बॉलीवुड में बतौर मुख्य अभिनेता अपनी पारी की शुरुआत की थी। डिंपल कपाड़िया के साथ उनकी यह पहली ही फिल्म सुपरहिट साबित हुई। चार दशकों से अधिक के अपने लंबे करियर में उन्होंने ‘रफू चक्कर’, ‘खेल खेल में’, ‘कभी कभी’, ‘अमर अकबर एंथनी’, ‘धन दौलत’, ‘जिंदा दिल’ और ‘दो दूनी चार’ जैसी कई शानदार फिल्मों के जरिए भारतीय सिनेमा पर अपनी अमिट छाप छोड़ी।
व्यक्तिगत जीवन और अंतिम समय
ऋषि कपूर ने साल 1980 में अभिनेत्री नीतू कपूर के साथ विवाह के बंधन में बंधकर एक नई शुरुआत की थी। उनके दो बच्चे हैं, बेटी रिद्धिमा कपूर साहनी और बेटे रणबीर कपूर। दुर्भाग्यवश, लंबे समय तक ल्यूकेमिया यानी ब्लड कैंसर से संघर्ष करने के बाद 30 अप्रैल 2020 को उनका निधन हो गया। उनकी अंतिम फिल्म ‘शर्माजी नमकीन’ उनके निधन के बाद रिलीज हुई थी, जिसके बाकी बचे हुए हिस्से की शूटिंग अभिनेता परेश रावल ने पूरी की थी।











