मंगलवार की देर शाम मुंबई एयरपोर्ट पर एक खतरनाक स्थिति तब पैदा हो गई जब रनवे पर दो विमान एक-दूसरे के सामने आ गए। रात करीब 10 बजे के आसपास हुई इस घटना में एयर इंडिया का एक विमान दिल्ली के लिए उड़ान भरने के लिए रनवे पर अपनी रफ्तार बढ़ा रहा था, तभी उसे बीच में ही अपनी प्रक्रिया रोकनी पड़ी। एटीसी यानी एयर ट्रैफिक कंट्रोल के तत्काल निर्देश के बाद विमान को रोका गया, जिससे एक संभावित बड़ा हादसा होते-होते टल गया।
विस्तृत विवरण और घटनाक्रम
घटना के समय एयर इंडिया एक्सप्रेस का एक विमान लैंडिंग के बाद रनवे से पूरी तरह बाहर नहीं निकल पाया था। उसी क्षण, एयर इंडिया की फ्लाइट AI816 दिल्ली के लिए रवाना होने की तैयारी में रनवे पर आगे बढ़ रही थी। एयर इंडिया ने स्पष्ट किया कि उड़ान भरते समय विमान अपनी गति को तेज करता है, जिसे टेक-ऑफ रन कहा जाता है। एटीसी के हस्तक्षेप के तुरंत बाद, चालक दल ने अपनी गति को धीमा किया और सुरक्षित रूप से टेक-ऑफ को रद्द कर दिया। इस प्रक्रिया के बाद विमान को वापस बे की ओर लौटा दिया गया।
शामिल विमानों की जानकारी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिल्ली जाने वाली एयर इंडिया की फ्लाइट AI816 एक बड़े आकार वाला बोइंग 777-300 ER विमान था। वहीं, रनवे पर मौजूद दूसरा विमान एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट AIX1547 थी, जो सिलीगुड़ी से आई थी। यह एक नैरो-बॉडी विमान बोइंग 737 MAX 8 मॉडल था। एयर इंडिया के प्रवक्ता ने पुष्टि की है कि उनके चालक दल ने 7 जुलाई को मुंबई से दिल्ली जाने वाली फ्लाइट AI816 के लिए टेक-ऑफ रन को एटीसी के निर्देशानुसार बंद कर दिया था।
आगे की प्रक्रिया और जांच
एयरलाइन ने इस बारे में अधिक परिचालन विवरण साझा नहीं किए हैं, लेकिन स्पष्ट किया है कि मानक प्रक्रियाओं के तहत विमान की आवश्यक जांच की जाएगी। हालांकि, अभी तक यह जानकारी सामने नहीं आई है कि दोनों उड़ानों में कुल कितने यात्री सवार थे। एयर इंडिया ने जोर देकर कहा है कि यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुँचाने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। सुरक्षा नियमों के अनुसार, इस तरह की घटनाओं के बाद विमान को तकनीकी निरीक्षण से गुजरना पड़ता है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि वह पुनः उड़ान भरने के लिए पूरी तरह सुरक्षित है।











