हरियाणा के यमुनानगर में पुलिस की एक कार्रवाई उस समय हिंसक टकराव में बदल गई, जब एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार करने पहुंची टीम को सैकड़ों लोगों की भीड़ ने घेर लिया। भीड़ में महिलाएं भी शामिल थीं, और लोगों ने न सिर्फ पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट की, बल्कि पुलिस की गाड़ी पर भी पथराव कर दिया। पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है।
कहां और क्यों पहुंची थी पुलिस
यह मामला यमुनानगर जिले के छोटाबांस स्थित डेहा बस्ती का है। करनाल जिले के असंध की सीआईए टीम एसआई प्रवीण कुमार के नेतृत्व में इस इलाके में पहुंची थी। टीम का मकसद एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में वांछित आरोपी राजेंद्र बंगाली को गिरफ्तार करना था।
गिरफ्तारी के दौरान भड़की भीड़
बताया जा रहा है कि पुलिस टीम जैसे ही आरोपी को पकड़ने की कार्रवाई में जुटी, डेहा बस्ती के कुछ लोग विरोध में उतर आए और टीम पर पत्थर बरसाने लगे। अचानक हुए इस पथराव के कारण पुलिस को मौके से पीछे हटना पड़ा। इसी झड़प में कुछ पुलिसकर्मियों के घायल होने की भी जानकारी मिली है।
आरोपी को गाड़ी में बैठाते ही हमला
पुलिस ने आरोपी राजेंद्र कुमार बंगाली को पकड़कर वाहन में बैठा लिया था, लेकिन तभी महिलाओं और पुरुषों की भीड़ ने लाठी-डंडों और ईंट-पत्थरों से हमला बोल दिया। हमले में पुलिस वाहनों के शीशे तक तोड़ दिए गए और टीम को आरोपी समेत पीछे हटना पड़ा।
अब आगे क्या
सूत्रों के अनुसार, पुलिस अधिकारियों ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पथराव और हमले में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी चल रही है। दूसरी ओर, एनडीपीएस एक्ट के मामले में वांछित आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कार्रवाई भी जारी है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मियों पर हमला करना और सरकारी कार्य में बाधा डालना कानूनन गंभीर अपराध है, और जांच पूरी होने के बाद संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी।













