यूरोप में वैश्विक स्तर पर घूमने की आजादी और अपने परिवार के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए अमीर भारतीय अब माल्टा के नागरिकता कार्यक्रम की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं। माल्टीज़ एक्सेप्शनल इन्वेस्टर नेचुरलाइजेशन (MEIN) प्रोग्राम के जरिए यूरोपीय संघ (EU) का पासपोर्ट हासिल करना सबसे सीधा जरिया माना जाता है। इस कार्यक्रम के तहत नागरिकता पाने के लिए आवेदकों को कुछ निश्चित वित्तीय शर्तों और निवेश नियमों का पालन करना होता है।
नागरिकता के लिए निवेश के विकल्प
माल्टा की नागरिकता के लिए दो मुख्य रास्ते मौजूद हैं, जो इस बात पर निर्भर करते हैं कि आवेदक वहां कितने समय तक निवास करता है। यदि कोई निवेशक सात लाख पचास हजार यूरो का सीधा योगदान देता है, तो वह बारह महीने के निवास के बाद नागरिकता के लिए आवेदन करने का पात्र हो जाता है। वहीं, छह लाख यूरो के कम निवेश वाले विकल्प में तीन साल तक माल्टा में निवास करना अनिवार्य होता है। ये धनराशि सीधे माल्टा के राष्ट्रीय सामाजिक कोष में जाती है, जिसका उपयोग जन कल्याणकारी परियोजनाओं के लिए किया जाता है।
अनिवार्य निवेश और संपत्ति की शर्तें
सीधे योगदान के अलावा, हर आवेदक को दस हजार यूरो का अनिवार्य दान भी देना होता है। यह दान स्वास्थ्य या खेल जैसे क्षेत्रों में काम करने वाले स्थानीय गैर-सरकारी संगठनों की सहायता के लिए है। इसके साथ ही, निवेशकों को पांच साल के लिए माल्टा में कोई आवासीय संपत्ति किराए पर लेनी होती है या खरीदनी होती है। सात लाख यूरो की संपत्ति खरीद का नियम यह सुनिश्चित करता है कि आवेदक का इस भूमध्यसागरीय देश से एक वास्तविक और स्थायी जुड़ाव बना रहे।
भारतीयों के लिए नियम और प्रक्रिया
भारत से बड़ी राशि ट्रांसफर करते समय आवेदकों को फॉरेन एक्सचेंज मैनेजमेंट एक्ट (FEMA) के नियमों का ध्यान रखना पड़ता है। चूंकि भारत में दोहरी नागरिकता की अनुमति नहीं है, इसलिए कई निवेशक ओसीआई (OCI) कार्ड का विकल्प चुनते हैं। ओसीआई दर्जा रखने से व्यक्ति को भारत में स्थायी निवास का अधिकार मिलता है, जबकि वह साथ ही माल्टा का शक्तिशाली पासपोर्ट भी अपने पास रख सकता है। यह पासपोर्ट धारक को यूरोपीय संघ के सभी सदस्य देशों में रहने और काम करने की अनुमति देता है।
दुनिया भर के माइग्रेशन कार्यक्रमों में माल्टा की जांच प्रक्रिया सबसे कठिन मानी जाती है। वहां धन के स्रोत और आपराधिक इतिहास की पुष्टि के लिए चार-स्तरीय स्क्रीनिंग सिस्टम अपनाया जाता है। यह कड़ी निगरानी यह सुनिश्चित करती है कि केवल प्रतिष्ठित व्यक्ति ही शेंगेन क्षेत्र तक पहुंच सकें। अंततः, माल्टा की नागरिकता भारतीय व्यवसायियों के लिए वैश्विक यात्रा को आसान बनाती है। इससे ब्रिटेन सहित एक सौ अस्सी से अधिक देशों में वीजा-मुक्त प्रवेश मिलता है, जो वैश्विक अर्थव्यवस्था में स्थिरता और बेहतर शैक्षणिक अवसर तलाश रहे लोगों के लिए एक रणनीतिक कदम है।













