एक आलीशान गढ़ी की चहारदीवारी, राजघरानों के रिश्ते और बरसों पुराना पारिवारिक तनाव — गुरुवार रात ये सब परस्मानिया में खून से सने एक कांड में बदल गए। बंद दरवाजे के पीछे चली गोलियों की गूंज ने पूरे इलाके को सहमा दिया और एक महिला बुरी तरह घायल होकर जिंदगी और मौत के बीच पहुंच गई।
दो राजघरानों से जुड़ी है घायल महिला
गोलीकांड में घायल हुई महिला कोई आम शख्सियत नहीं है। वह नागौद राजघराने की बहू हैं और उनका मायका जोधपुर राजघराने से ताल्लुक रखता है। जिस गढ़ी में यह वारदात हुई, वह रूपेंद्र प्रताप सिंह उर्फ राजाबाबा की है। रूपेंद्र, पूर्व गृह मंत्री, खजुराहो सांसद और वर्तमान में नागौद से बीजेपी विधायक नागेंद्र सिंह के भतीजे हैं। यही वजह है कि हाई सोसाइटी से जुड़ा यह मामला अब राज परिवार के भीतर की कलह को सबके सामने ले आया है।
शादी, अलगाव और एक प्रेमिका
घायल योगिता सिंह की मां ने पूरे घटनाक्रम की परतें खोलीं। उनके मुताबिक योगिता का विवाह 2001 में रूपेंद्र सिंह उर्फ बाबा राजा से हुआ था। लेकिन रिश्ते की डोर ज्यादा दिन नहीं टिकी। करीब 10 वर्ष पहले बाबा राजा ने सुनीता सिंह को अपने साथ रख लिया और अपनी ब्याहता पत्नी योगिता से दूरी बना ली। यहीं से उस तनाव की नींव पड़ी, जो गुरुवार रात गोलियों की शक्ल में फूट पड़ा।
दरवाजा बंद, खिड़की से ताबड़तोड़ फायरिंग
योगिता सिंह की मां के अनुसार गुरुवार शाम जब योगिता परस्मानिया गढ़ी पहुंचीं तो सुनीता सिंह ने पहले उन्हें अंदर जाने से रोकने की कोशिश की। मगर योगिता जैसे ही भीतर पहुंचीं, सुनीता ने दरवाजा बंद कर दिया और खिड़की से उन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। बताया गया है कि पॉइंट 2.2 से कुल नौ फायर किए गए, जिनमें से तीन गोलियां योगिता सिंह के शरीर में जा धंसीं।
रीवा से विंध्य हॉस्पिटल तक का सफर
गंभीर हालत में योगिता सिंह को सबसे पहले रीवा के संजय गांधी अस्पताल लाया गया। लेकिन हालत लगातार बिगड़ती गई, जिसके चलते उन्हें विंध्य हॉस्पिटल में शिफ्ट किया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
पति पर भी मिलीभगत का आरोप
यह मामला सिर्फ एक प्रेमिका की हरकत तक सीमित नहीं है। योगिता सिंह की मां ने सीधे तौर पर बाबा राजा यानी योगिता के पति पर भी मिलीभगत का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पति खुद अपनी प्रेमिका के साथ मिलकर योगिता की हत्या की साजिश में शामिल रहा।
पुलिस की कार्रवाई
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी सुनीता सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है और वारदात में इस्तेमाल राइफल भी जब्त कर ली है। इस गोलीकांड के बाद परस्मानिया से लेकर पूरे विंध्य क्षेत्र तक दहशत और चर्चा का माहौल है।













