केरल में मौसम ने पिछले कुछ दिनों से रौद्र रूप धारण कर लिया है और लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने पूरे राज्य में जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। मौसम विभाग ने 7 से 8 जुलाई के बीच केरल और माहे में भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया है, और कुछ इलाकों में बेहद भारी बारिश की भी आशंका है। इसी बीच वायनाड में हुए एक जानलेवा हादसे ने हालात और गंभीर बना दिए हैं।
मौसम विभाग ने वायनाड और कोझिकोड के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। वायनाड के लिए यह अलर्ट आज दोपहर 12:30 बजे तब जारी किया गया, जब सुबह करीब 11 बजे कल्लाडी सुरंग परियोजना स्थल पर भूस्खलन हो गया। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत की पुष्टि हुई है, सात लोग लापता हैं और सात घायल मजदूरों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
निर्माणाधीन सुरंग परियोजना पर गिरा मलबा
यह भूस्खलन निर्माणाधीन अनक्कमपोयिल-कल्लाडी-मेप्पाडी सुरंग सड़क परियोजना पर हुआ, जो वायनाड और कोझिकोड को आपस में जोड़ती है। हादसा मेप्पाडी के पास कल्लाडी में मीनाक्षी ब्रिज के करीब हुआ, जहां तेज बारिश के बीच अचानक मलबा गिर पड़ा और काम कर रहे मजदूर उसकी चपेट में आ गए।
जिलेवार अलर्ट की स्थिति
मनंतवाडी को भी रेड अलर्ट के दायरे में रखा गया है, जहां दिनभर में 64 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, वहीं वायथिरी में 123 मिलीमीटर तक पानी बरसा। कोझिकोड, कन्नूर और कासरगोड के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां अगले 24 घंटों में 115 से 204 मिलीमीटर तक बेहद भारी बारिश होने का अनुमान है।
राज्य के कई उत्तरी और मध्य जिलों में आज येलो अलर्ट लागू किया गया है। तटीय इलाकों में हवाएं 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार तक पहुंच सकती हैं और समुद्र में स्थिति खराब बनी हुई है। ऐसे में मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
छुट्टी को लेकर बढ़ी उम्मीदें
बिगड़ते मौसम के बीच स्कूल, कॉलेज और दफ्तर जाने वाले लोग बुधवार, 8 जुलाई को छुट्टी की घोषणा का इंतजार कर रहे हैं, क्योंकि भारी बारिश ने पहले ही रोजमर्रा की जिंदगी को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। वायनाड में रेड अलर्ट और आज हुए जानलेवा भूस्खलन को देखते हुए कल वायनाड और संभवतः कोझिकोड में छुट्टी की घोषणा की संभावना काफी अधिक है, हालांकि अधिकारियों की ओर से अब तक कोई औपचारिक ऐलान नहीं किया गया है।
मॉनसून का सक्रिय दौर
केरल में मॉनसून जून के आखिरी हिस्से में तय समय पर पहुंच गया था और इस समय राज्य सक्रिय बारिश के दौर से गुजर रहा है। मालाबार क्षेत्र के जिलों यानी कोझिकोड, कन्नूर, कासरगोड, वायनाड और मलप्पुरम में कम से कम 9 जुलाई तक बारी-बारी से ऑरेंज और येलो अलर्ट बने रहेंगे।
जुलाई केरल के गर्म मॉनसून महीनों में सबसे ठंडा माना जाता है, जब औसत तापमान करीब 27 से 29 डिग्री सेल्सियस और रात में 22 से 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहता है। अरब सागर के ऊपर बनने वाली तेज मॉनसूनी हवाओं की वजह से इन दिनों नमी भी बहुत अधिक रहती है, जिससे उमस और बढ़ जाती है।











