तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले के शाबाद मंडल में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। पॉक्सो (POCSO) मामले में आरोपी एक 28 वर्षीय युवक ने अपने खिलाफ दर्ज मामले के गुस्से में आकर कुल 6 लोगों को मौत के घाट उतार दिया। इस भीषण कांड में आरोपी ने अपनी पत्नी, अपने दो मासूम बच्चों और उस नाबालिग लड़की की जान ले ली जिसने उसके खिलाफ मामला दर्ज कराया था। इसके अलावा उसने पीड़िता की मां और नानी को भी नहीं छोड़ा।
अपने परिवार और पीड़ितों पर बरपाया कहर
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह वीभत्स घटना बीते शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात को अंजाम दी गई। आरोपी राजकुमार ने शुरुआत में अपने घर पर चाकू के हमले से अपनी 30 वर्षीय पत्नी पार्वती, अपने 3 साल के बेटे परीक्षित और 2 साल के बेटे दैविकक्षित की हत्या कर दी। घर में कत्ल करने के बाद आरोपी ने उस 17 वर्षीय नाबालिग के घर का रुख किया जो उसके खिलाफ पॉक्सो कानून के तहत कानूनी कार्रवाई कर रही थी। वहां पहुंचकर उसने पीड़िता की 45 वर्षीय मां और 65 वर्षीय नानी की बेरहमी से हत्या कर दी।
नाबालिग पीड़िता के साथ अंतिम दरिंदगी
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि पांच लोगों को मौत के हवाले करने के बाद आरोपी का मन नहीं भरा। वह 17 वर्षीय नाबालिग पीड़िता को गांव के बाहरी क्षेत्र में स्थित एक तालाब के पास ले गया। वहां उसने पीड़िता के साथ शारीरिक शोषण किया और अंत में उसे भी मार डाला। यह क्रूरता बताती है कि आरोपी पूरी तरह से प्रतिशोध की आग में अंधा हो चुका था।
जमानत पर बाहर आते ही रची साजिश
मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी राजकुमार पर पहले से ही इस नाबालिग लड़की के यौन उत्पीड़न का मामला चल रहा था। संभावना जताई जा रही है कि वह पॉक्सो केस के चलते जेल में बंद था और हाल ही में जमानत पर बाहर आया था। बाहर आते ही उसने इस जघन्य अपराध की रूपरेखा तैयार की और वारदात को अंजाम दे दिया। पुलिस इस पूरे घटनाक्रम को पॉक्सो मामले से जोड़कर ही गहनता से जांच कर रही है।
परिवार को दी थी कत्ल की सूचना
इस हत्याकांड के बाद आरोपी ने अपने परिजनों को खुद फोन करके बताया कि उसने 6 लोगों को मार डाला है। उसने अपने परिवार को यह भी संकेत दिया कि वह अब आत्महत्या करने जा रहा है। हालांकि, घटना के बाद से आरोपी का कोई अता-पता नहीं है और वह पुलिस की पकड़ से दूर है। पुलिस उसकी तलाश के लिए टीमें गठित कर चुकी है।
कानूनी कार्रवाई और पोस्टमार्टम
सूचना पाकर पुलिस और प्रशासन का अमला मौके पर पहुंचा। पुलिस ने सभी 6 शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए विभिन्न सरकारी अस्पतालों में भिजवा दिया है। डॉग स्क्वाड और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम सबूतों को इकट्ठा करने में जुटी है। इस मामले में हत्या और यौन अपराधों से जुड़ी धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। सरकार द्वारा संचालित पॉक्सो कानून के तहत बच्चों को यौन शोषण से सुरक्षित रखने के लिए कड़े प्रावधान हैं, जिसे 2012 में लागू किया गया था।







