अंकशास्त्र यानी न्यूमरोलॉजी कहती है कि कुछ लोग रिश्ते में पूरी ईमानदारी दिखाते हैं फिर भी उन्हें धोखा मिलने की आशंका सबसे ज्यादा रहती है। दिलचस्प बात यह है कि इसकी वजह उनका मूलांक और उससे जुड़ा ग्रह बताया जाता है। जन्मतिथि से बनने वाले चार खास मूलांक वाले लोग इस लिस्ट में सबसे आगे हैं, और चंद्रमा, राहु, केतु और शनि जैसे ग्रह इनके स्वभाव और किस्मत दोनों को प्रभावित करते हैं।
मूलांक 2: चंद्रमा का असर, आंख मूंदकर भरोसा
जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 2, 11, 20 या 29 तारीख को हुआ है, उनका मूलांक 2 माना जाता है। इनका स्वामी ग्रह चंद्रमा है, इसी वजह से ये भावुक और दूसरों का ख्याल रखने वाले होते हैं। ये किसी पर भी बिना सोचे समझे भरोसा कर लेते हैं। यही मासूमियत अक्सर दूसरे लोग फायदा उठाने के लिए इस्तेमाल करते हैं और इन्हें धोखा मिल जाता है।
मूलांक 4: राहु के असर से जिद और गलत भरोसा
4, 13, 22 या 31 तारीख को जन्मे लोगों का मूलांक 4 होता है और इनका स्वामी ग्रह राहु है। ये लोग रिश्ता निभाने में पीछे नहीं हटते और मुश्किल वक्त में साथी का साथ नहीं छोड़ते। लेकिन इनका जिद्दी स्वभाव और गलत इंसान पर भरोसा करने की आदत इन्हें मुसीबत में डाल देती है। जब धोखा मिलता है तो ये अंदर से पूरी तरह टूट जाते हैं।
मूलांक 7: केतु के प्रभाव से हर किसी को ईमानदार समझने की आदत
7, 16 या 25 तारीख को जन्म लेने वालों का मूलांक 7 होता है, इनका स्वामी ग्रह केतु है। ये खुद ईमानदार होते हैं इसलिए सामने वाले को भी अपनी ही तरह सच्चा मान बैठते हैं। जिस दिन सामने वाला भरोसा तोड़ता है, ये पूरी तरह बिखर जाते हैं।
मूलांक 8: शनि की वजह से रिश्ता बनाने में वक्त, पर निभाने में पूरी वफादारी
8, 17 या 26 तारीख को जन्मे लोगों का मूलांक 8 होता है और इनका स्वामी ग्रह शनि है। ये किसी के साथ रिश्ता बनाने में समय लगाते हैं, लेकिन एक बार भरोसा कर लें तो आखिर दम तक साथ निभाते हैं। फिर भी गलतफहमियों की वजह से इनका रिश्ता अक्सर लंबे समय तक नहीं टिक पाता।
हर मूलांक का स्वभाव अलग, लेकिन सावधानी जरूरी
अंकशास्त्र के मुताबिक हर मूलांक का स्वभाव एक-दूसरे से बिल्कुल अलग होता है। लेकिन सिर्फ भावुक होकर रिश्ता निभाने से बात नहीं बनती। अगर रिश्ते में कुछ भी गड़बड़ महसूस हो तो उसे नजरअंदाज करने की बजाय तुरंत समझने की कोशिश करनी चाहिए, ताकि आगे चलकर दिल टूटने की नौबत न आए।













