बिहार में मानसून अब पूरी तरह से रफ्तार पकड़ चुका है और राज्य के अधिकांश इलाकों में रुक-रुककर वर्षा का क्रम जारी है। इसी कड़ी में, मौसम विज्ञान केंद्र ने शुक्रवार के लिए राज्य के 17 जिलों को लेकर एक विशेष चेतावनी जारी की है। विभाग के मुताबिक, इन क्षेत्रों में बारिश के साथ-साथ तेज आंधी-तूफान की भी आशंका है। प्रभावित जिलों में हवा की गति 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। इसके अलावा, मेघगर्जन, बिजली गिरने (वज्रपात) और मूसलाधार बारिश होने की संभावना भी जताई गई है।
12 जिलों में ऑरेंज तो 5 में यलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने भीषण वर्षा की स्थितियों को देखते हुए राज्य के 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है, जो मुख्य रूप से उत्तर और मध्य बिहार के हिस्से हैं। ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सीवान, सारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, वैशाली, मधुबनी, दरभंगा और समस्तीपुर शामिल हैं। साथ ही, 5 जिलों को यलो अलर्ट पर रखा गया है, जिसमें खगड़िया, मुंगेर, भागलपुर, जमुई और बांका शामिल हैं। इन क्षेत्रों में भी मध्यम से लेकर तेज बारिश के आसार हैं।
मानसून का हाल और बारिश के आंकड़े
आंकड़ों पर गौर करें तो राज्य में मानसून के आगमन के बाद से अब तक सामान्य से 53 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। हालांकि पिछले 24 घंटों के दौरान बारिश का दायरा काफी बढ़ा है, लेकिन समग्र आंकड़ों में मानसून की चाल अभी भी धीमी बनी हुई है। पिछले एक दिन में सबसे अधिक वर्षा कटिहार जिले के अमदाबाद में 108.2 मिलीमीटर मापी गई है।
राजधानी पटना में मौसम का पूर्वानुमान
राजधानी पटना और इसके आसपास के क्षेत्रों में आज धूप और बादलों की लुकाछिपी बनी रहेगी। शहर का अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। हालांकि, दिन ढलने के बाद मौसम में बदलाव आने की प्रबल संभावना है। शाम या रात के समय पटना में हल्की बारिश होने के आसार हैं, लेकिन फिलहाल राजधानी के लिए भारी बारिश या आंधी का कोई विशेष अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
तापमान की स्थिति और विभिन्न जिलों का हाल
बिहार के कई जिलों में वर्षा का स्तर अब भी सामान्य से काफी नीचे बना हुआ है, जिनमें गया, रोहतास, कैमूर, औरंगाबाद, बक्सर, भोजपुर, पटना, नालंदा, नवादा, जमुई, मधुबनी, सीतामढ़ी, सारण, वैशाली, अररिया, पूर्णिया और सुपौल प्रमुख हैं। वहीं, दरभंगा, बेगूसराय, समस्तीपुर, भागलपुर, बांका, कटिहार और पश्चिम चंपारण के कुछ हिस्सों में सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई है। तापमान की बात करें तो कैमूर में अधिकतम तापमान 36.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पटना का अधिकतम तापमान 36.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। सबसे कम न्यूनतम तापमान बिक्रमगंज (रोहतास) और वाल्मीकिनगर में 25.5 डिग्री सेल्सियस रहा।
नागरिकों और किसानों के लिए जरूरी सावधानी
मौसम विभाग ने खराब मौसम की स्थिति को ध्यान में रखते हुए आम जनता को सतर्क रहने की सलाह दी है। मेघगर्जन और वज्रपात की स्थिति में लोगों को खुले मैदानों, ऊंचे पेड़ों के नीचे या जल निकायों के पास जाने से बचने के लिए कहा गया है। कमजोर संरचनाओं और बिजली के तारों व खंभों से सुरक्षित दूरी बनाए रखना भी जरूरी है। किसानों को विशेष रूप से सचेत रहने की सलाह दी गई है कि वे खेतों में काम करते समय समय-समय पर मौसम की जानकारी लेते रहें और आसमान में बिजली कड़कने की स्थिति में फौरन किसी सुरक्षित पक्के स्थान पर शरण लें।











