बिहार के वैशाली जिले में एक भयावह घटनाक्रम सामने आया है, जहां बिदुपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत रजासो गांव में एक आर्मी जवान और उनके पिता की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस दोहरे हत्याकांड ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। मृतक जवान की पहचान जितेंद्र कुमार के तौर पर हुई है, जो भारतीय सेना में सेवा दे रहे थे और वर्तमान में दिल्ली में तैनात थे। कुछ समय पहले परिवार में एक रिश्तेदार की करंट लगने से हुई मृत्यु के बाद वे छुट्टी लेकर अपने घर आए थे। इसी अवधि के दौरान गांव में लंबे समय से चले आ रहे रास्ते और जमीन संबंधी विवाद ने एक बार फिर हिंसक रूप ले लिया।
विवाद की पृष्ठभूमि और घटनाक्रम
पीड़ित परिवार का कहना है कि शनिवार की शाम आरोपी जगदीश राय और जितेंद्र कुमार के बीच रास्ते को लेकर बहस हुई थी। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया था। हालांकि, यह शांति केवल कुछ घंटों की रही। रविवार की सुबह आरोपी ने फिर से हमला कर दिया। बताया गया है कि आरोपी ने जितेंद्र कुमार और उनके पिता मुनारीक राय पर दनादन गोलियां बरसा दीं। मुनारीक राय की मौत घटनास्थल पर ही हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल जितेंद्र कुमार को तुरंत इलाज के लिए सदर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल में उपचार के दौरान उन्होंने भी दम तोड़ दिया।
पुलिस की कार्रवाई
इस सनसनीखेज वारदात की सूचना मिलते ही बिदुपुर पुलिस और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए साक्ष्य एकत्र किए और दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। घटना के बाद आरोपी और उसका पूरा परिवार घर छोड़कर फरार हो गया है। सदर एसडीपीओ सुबोध कुमार ने स्पष्ट किया है कि शुरुआती जांच में हत्या का कारण रास्ते का विवाद ही लग रहा है। पुलिस इस मामले के हर पहलू पर बारीकी से छानबीन कर रही है और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए लगातार ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपी कानून की गिरफ्त में होंगे।











